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Lucknow News: मांग के मुकाबले आपूर्ति नहीं, महंगी मिल रही यूरिया

Wed, 25 Jun 2025 01:51 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 25 Jun 2025 01:51 AM IST
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Supply is not matching the demand, urea is getting expensive
लखनऊ। बाजार में यूरिया की किल्लत है। मांग के मुकाबले आपूर्ति नहीं होने से निजी दुकानों पर यह 150 रुपये तक महंगी मिल रही है। यही नहीं, निजी दुकानों से यूरिया के साथ अन्य उत्पाद जैसे माइकोराइजा और सल्फर भी मजबूरी में लेनी पड़ रही है। समितियों में भी कहीं यूरिया तो कहीं डीएपी नहीं है।
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बेहतर मानसून के कारण किसानों के लिए यह मौसम मुफीद साबित हो रहा है। गन्ना और धान की रोपाई एक साथ करने से यूरिया व डीएपी की मांग बढ़ गई है। यूरिया का सरकारी रेट 266.50 रुपये बोरी है, जबकि निजी दुकानों पर यह 450 रुपये बोरी में बिक रही है। इसमें 300 रुपये की यूरिया के साथ 150 का माइकोराइजा व सल्फर लेना अनिवार्य है। डीएपी का सरकारी रेट 1350 रुपये है, जबकि निजी दुकानों पर यह 1500 रुपये तक पड़ रही है। दुकानदारों ने बताया कि उन्हें खुद थोक में खाद महंगी मिल रही है और माइकोराइजा व सल्फर भी खरीदनी पड़ रही है। बीकेटी के खानीपुर के किसान सीपी सिंह ने 125 बीघा और नीरू सिंह ने बताया कि उन्होंने 15 बीघे में धान की रोपाई कर ली है।
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बंथरा समिति में डीएपी नहीं
सरोजनीनगर। बंथरा साधन सहकारी समिति में यूरिया है, लेकिन डीएपी नहीं है। मजबूरन किसानों को निजी दुकानों से खरीदारी करनी पड़ रही है। कुरौनी साधन सहकारी समिति में डीएपी और यूरिया दोनों की उपलब्धता मिली।
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एक एकड़ धान के लिए इतनी खाद की जरूरत
बीकेटी स्थित कृषि महाविद्यालय के कृषि विशेषज्ञ डॉ. सत्येंद्र कुमार सिंह बताते हैं कि एक एकड़ सामान्य धान की फसल के लिए तीन क्विंटल यूरिया, 150 किलो डीएपी, 5-6 किलो सल्फर और चार किलो तक माइकोराइजा की जरूरत पड़ती है। इस बार किसान संकर प्रजाति के धान की बुआई ज्यादा कर रहे हैं। उत्पादकता कम होने से नैनो यूरिया का कोई भी इस्तेमाल नहीं कर रहा है।
खाद विक्रेता संघ ने बताया- आपूर्ति कम
उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल के खाद प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अमित गुप्ता ने बताया कि यूरिया की कमी है। इससे कहीं-कहीं कालाबाजारी की शिकायत मिली है। एसोसिएशन शिकायत दर्ज कराता है। तय रेट से ज्यादा कोई भी विक्रेता बिक्री नहीं कर सकता है।

73 में यूरिया, 50 समितियों में डीएपी की उपलब्धता
जिला कृषि अधिकारी तेग बहादुर सिंह का कहना है कि जिले में 73 समितियां हैं, यूरिया की कमी नहीं है। जून का जो तय लक्ष्य है, उससे ज्यादा खाद हमारे पास है। 50 समितियों में डीएपी की उपलब्धता है। अगर कहीं समस्या है तो कंट्रोल रूम के नंबर 9198938099 पर फोन कर सकते हैं।
खाद- लक्ष्य-उपलब्धता

यूरिया- 3920 एमटी- 16622 एमटी

डीएपी- 1614 एमटी- 3537 एमटी
एनपीके- 505 एमटी- 1157 एमटी
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