फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   religion politics of rajnath singh

टोपी पहनी, पैर छुए फिर चर्च जा पहुंचे राजनाथ

Sun, 27 Apr 2014 09:10 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sun, 27 Apr 2014 09:10 AM IST
विज्ञापन
religion politics of rajnath singh

लखनऊ में मतदाताओं को पार्टी से जोड़ने के लिए राजनाथ सिंह हर तरकीब का इस्तेमाल कर रहे है आज ही चर्च जाकर पादरियों से पार्टी के लिए समर्थन मांगा।

विज्ञापन


कहा जा रहा है कि चुनावी समीकरण बनाने के लिए राजनाथ सिंह हर दर पर दस्तक दे रहे हैं।

हाल ही शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जव्वाद से मिलकर मौलाना टोपी पहनने वाले राजनाथ ने शनिवार को पहाड़ी और ब्राह्मण मतदाताओं को रिझाने के लिए एनडी तिवारी के घर पहुंचे।
विज्ञापन


उन्होंने जैसे ही उनके पैर छुए तिवारी ने तपाक से कहा,‘अरे तू राजा, तेरा नाम ही राजनाथ है।’ भाजपा अध्यक्ष ने राजनाथ सेंट जोसफ कैथेड्रल चर्च भी गए, जहां उन्होंने पादरियों से मुलाकात की।

विज्ञापन
विज्ञापन

पहुंचे एनडी तिवारी के घर

religion politics of rajnath singh

वरिष्ठ कांग्रेसी नेता एनडी तिवारी के माल एवेन्यू स्थित आवास के बाहर भाजपा समर्थकों की भीड़ नारेबाजी कर रही थी।

इस बीच 12 गाड़ियों के काफिले के साथ भाजपा प्रत्याशी राजनाथ सिंह वहां पहुंचे। तिवारी के ड्राइंग रूम में पत्रकार पहले से ही मौजूद थे।

वह अकेले में करीब 20 मिनट उनके साथ रहे। इसके बाद वह कैथेड्रल चर्च पहुंचे और पादरियों से मिले।

इसके पहले राजनाथ ने दलितों को भी पार्टी से जोड़ने के लिए सभा की थी।

राजनाथ के लिए रखी शर्त

religion politics of rajnath singh

शाम को ऋषि कौंडिल्य का प्रिय रहा गोमती का कुड़िया घाट ऐतिहासिक जनसभा और इस दौरान हुई घटनाओं साक्षी बना।

कुड़िया घाट पर जमा हुए विप्र जनों की ओर से माइक संभाले आचार्य श्यामलेश ने सभा शुरू होने पर बात रखी और राजनाथ से तीन वादे मांगे। दो टूक कहा कि अगर वे इन्हें पूरा करने का वादा करते हैं तो आगे बात की जाएगी, वरना सभा यहीं समाप्त कर दी जाएगी।

राजनाथ ने तुरंत हामी भरी। शंखनाद और विजयी भव: के  नारे गूंजे और फिर सभा समापन की घोषणा। यह देखते ही राजनाथ सकपकाए और तुरंत बोले की ‘अरे मैंने तो आपकी ही बातों का जवाब दिया है, मैं यहां अपनी बात भी कहने आया था।

मुझे भी 5 मिनट सुन लीजिए।’ स्वकेंद्रित होते आयोजन पर एक ठहाका छूटा और आयोजकों और पूरी लखनऊ पुरोहित परिषद को गलती का अहसास हुआ। उन्होने तुरंत कॉर्डलैस माइक उन्हें उपलब्ध करवाया, तब जाकर वे बोल सके।

पंजाबियों से भी मिले

religion politics of rajnath singh

इससे पहले लखनऊ में राजनाथ की पहली चुनावी सभा का आयोजन पंजाबी और सिख समाज व क्षेत्रीय जनता के लिए नाका हिंडोला के गणेश गंज में भाजपा ने किया।

यहां राजनाथ ने 1984 के दंगों से लेकर, एनआरआई के भाजपा के प्रति सकारात्मक रुख, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि, आर्थिक विकास दर जैसे मुद्दों को उठाया और अपने पक्ष में वोट देने की अपील की।

साथ ही उन्होने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को बांधे रखने की बात कहकर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की आलोचना की।

फोन करोगे तो कॉल बैक करुंगा

religion politics of rajnath singh
राजनाथ सिंह ने कहा कि वे लखनऊ में जनता के बीच नहीं जा पाने की वजह से अपराधबोध महसूस कर रहे हैं।

उन्होने वादा किया कि जीतने पर वे सभी के बीच आकर विस्तार से बात करेंगे। उनके कार्यालय में कोई अपनी समस्या लेकर फोन करेगा तो उसका नाम, फोन नंबर नोट किया जाएगा और वे उसका जवाब देंगे।

मिलने नहीं दिया तो नाराजगी

राजनाथ के माल्यार्पण के दौरान कई महिलाएं कुछ कहना चाह रही थीं, लेकिन उन्हें बहुत पहले ही रोक दिया गया।

इनमें शामिल सूर्यमणि सिंह ने बताया कि गौतमबुद्ध वार्ड में सभा का आमंत्रण ही नहीं दिया गया, वे खुद क्षेत्रीय भाजपा नेता हैं, लेकिन कोई सूचना नहीं दी गई। शिकायत करने जा रहे थे तो रोक दिया गया।

पंजा कांग्रेस का चिन्ह

religion politics of rajnath singh

रवींद्रालय में प्राइवेट स्कूल प्रबंधक एसोसिएशन का सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि राजनाथ सिंह थे।

एसोसिएशन पदाधिकारी आनंद द्विवेदी ने राजनाथ सिंह का स्वागत किया यहां नारेबाजी तो खूब हुई, लेकिन नारे के दौरान हाथ उठाते हुए मुष्ठिका बनाने को कहा गया, ताकि पंजा न दिखे।

कहा गया कि पंजा कांग्रेस का चिह्न है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed