{"_id":"cf20e8caa1d79b2a28943e80b95fb3f8","slug":"regular-railway-passengers-in-trouble","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोहरे ने बिगाड़ा दैनिक यात्रियों का समीकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोहरे ने बिगाड़ा दैनिक यात्रियों का समीकरण
निशांत कुमार यादव/ अमर उजाला,लखनऊ
Updated Fri, 10 Jan 2014 09:24 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुल्तानपुर निवासी रामकरन एनेक्सी में कार्यरत हैं। वह ट्रेन 14227 वरुणा एक्सप्रेस से लखनऊ आते हैं।
विज्ञापन
गुरुवार सुबह जब वह स्टेशन पहुंचे तो पता चला कि ट्रेन 3 घंटे लेट है। ट्रेन आयी और रामकरन सुबह 10:10 बजे की जगह दोपहर एक बजे लखनऊ पहुंच सके।
राम करन को बुधवार को भी उस समय दिक्कतों का सामना करना पड़ा था जब 24228 वरुणा एक्सप्रेस शाम 5:35 की जगह शाम 7:45 बजे लखनऊ पहुंची। यह ट्रेन रात 12 बजे सुल्तानपुर पहुंच सकीं।
इसी तरह प्रतापगढ़ से लखनऊ आने वाली डीएमयू 74201 से सुबह 10:45 बजे लखनऊ पहुंचती है। इस ट्रेन से बड़ी संख्या में दैनिक यात्री लखनऊ पहुंचते हैं।
रायबरेली से लखनऊ के बीच के सभी छोटे स्टेशनों के मुसाफिर इस ट्रेन से यात्रा करते हैं। कोहरा शुरू हुआ तो यह ट्रेन बृहस्पतिवार को 3 घंटे की देरी से दोपहर 1:45 बजे लखनऊ पहुंची। इससे दैनिक यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन
कोहरे के कारण जहां लंबी दूरी के यात्री परेशान हैं, वहीं 300 किलोमीटर से भी कम दूरी की रोजाना यात्रा करने वाले दैनिक यात्रियों की मुश्किलें भी बढ़ रही हैं।
विज्ञापन
सभी मुख्य लाइनों पर जिन ट्रेनों में सबसे अधिक दैनिक यात्री यात्रा करते हैं, उनका संचालन पूरी तरह ध्वस्त हो गया है।
कोहरे की वजह से लंबी दूरी की ट्रेनों के साथ रेल मंडल के परिक्षेत्र में चलने वाली इंटरसिटी, मेमू और पैसेंजर ट्रेनों का संचालन पटरी से उतर गया है।
सुल्तानपुर, वाराणसी, निहालगढ़, रायबरेली, प्रतापगढ़, हरदोई, बाराबंकी, कानपुर, गोंडा, फैजाबाद और सीतापुर की ओर से आने वाले दैनिक यात्रियों को ट्रेनों की लेटलतीफी दोहरा नुकसान पहुंचा रही है।
एक ओर जहां उनको ट्रेनें लेट होने से परेशान होना पड़ रहा है, वहीं कार्यालयों में उनको लेट लतीफी को लेकर जवाबतलब का सामना करना पड़ रहा है।
रोज करीब एक से दो दर्जन वह ट्रेनें घंटों लेट हो रही हैं, जिनसे दैनिक यात्री सफर कर रहे हैं। सुबह सुल्तानपुर से लखनऊ आने के लिए वरुणा एक्सप्रेस के अलावा कार्यालय समय पर आने वाली दूसरी कोई ट्रेन नहीं है।