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ऑक्सीजन की कमी से मौतें: हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी पर प्रियंका गांधी ने योगी सरकार पर उठाए सवाल
Wed, 05 May 2021 04:36 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Wed, 05 May 2021 04:36 PM IST
सार
अदालत ने यह टिप्पणी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही उन खबरों पर दी जिनके मुताबिक ऑक्सीजन की कमी के कारण लखनऊ और मेरठ जिले में कोविड-19 मरीजों की जान गई।
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प्रियंका गांधी वाड्रा (फाइल फोटो)
- फोटो : ANI
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विस्तार
कांग्रेस की यूपी प्रभारी प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि हाईकोर्ट ने यूपी सरकार को सही आईना दिखाया है। उत्तर प्रदेश सरकार ऑक्सीजन की कमी की बात को लगातार झुठलाती रही है और कमी की बात बोलने वालों को धमकी देती रही जबकि सच्चाई ये है कि ऑक्सीजन की कमी से लगातार मौतें हुई हैं और इसकी जवाबदेही तय होनी चाहिए।
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प्रियंका गांधी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस बयान की भी कापी लगाई है। जिसमें कोर्ट ने कहा था कि ऑक्सीजन की कमी से मौत नरसंहार से कम नहीं है।
अदालत ने यह टिप्पणी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही उन खबरों पर दी जिनके मुताबिक ऑक्सीजन की कमी के कारण लखनऊ और मेरठ जिले में कोविड-19 मरीजों की जान गई। अदालत ने लखनऊ और मेरठ के जिलाधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे इनकी 48 घंटों के भीतर तथ्यात्मक जांच करें।
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न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा और न्यायमूर्ति अजित कुमार की पीठ ने राज्य में संक्रमण के प्रसार और पृथक-वास केन्द्र की स्थिति संबंधी जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया था। अदालत ने दोनों जिलाधिकारियों से कहा है कि वे मामले की अगली सुनवाई पर अपनी जांच रिपोर्ट पेश करें और अदालत में ऑनलाइन उपस्थित रहें।
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अदालत ने कहा था कि हमें यह देखकर दुख हो रहा है कि अस्पतालों को ऑक्सीजन की आपूर्ति नहीं होने से कोविड मरीजों की जान जा रही है। यह एक आपराधिक कृत्य है और यह उन लोगों द्वारा नरसंहार से कम नहीं है जिन्हें तरल चिकित्सीय ऑक्सीजन की सतत खरीद एवं आपूर्ति सुनिश्चित करने का काम सौंपा गया है।