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सरकारी संस्थानों ने ही कर दिया बिजली विभाग में 'अंधेरा', करोड़ों का बिल बकाया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Tue, 27 Mar 2018 09:45 AM IST
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बिजली
- फोटो : FILE PHOTO
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एक लाख से अधिक के बिजली बिल के बकायेदारों के खिलाफ पॉवर कारपोरेशन द्वारा चलाए गए एक महीने के विशेष अभियान में अब तक प्रदेश भर में 1.78 लाख बकायेदारों के कनेक्शन काटे गए हैं।
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वहीं, सरकारी महकमों के खिलाफ भी चले अभियान में 9548 बिजली कनेक्शन काटे गए हैं, जिनमें से 1857 सरकारी उपभोक्ताओं से 76 करोड़ बकाया रकम वसूला गया है। इसके अलावा 18,886 बकायेदारों से 181.12 करोड़ रुपये बिल की वसूली भी की गई है।
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सभी क्षेत्रीय विद्युत वितरण निगमों द्वारा चलाए गए अभियान में मध्यांचल विद्युत वितरण निगम में 19360, दक्षिणांचल में 52987, पूर्वांचल में 22639, पश्चिमांचल विद्युतरण निगम में 20343 और केस्को द्वारा 3494 बकायेदारों के बिजली कनेक्शन काटे गए हैं।
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पहली मार्च से शुरू इस विशेष अभियान की उप्र पॉवर कारपोरेशन प्रंबंधन द्वारा की समीक्षा में पाया गया कि इस व्यापक अभियान के बाद भी इस वित्तीय वर्ष के लिए निर्धारित राजस्व लक्ष्य प्राप्त नहीं हो पाया है। हालांकि पिछले साल हुई 1518 करोड़ की वसूली की तुलना में इस साल अब तक 2200 करोड़ रुपये की वसूली हुई है।
इसके अलावा नगर विकास विभाग द्वारा 102 करोड़ रुपये की बकाया राशि का भुगतान करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। जबकि अप्रैल के पहले सप्ताह में ही 1450 करोड़ के भुगतान की भी व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसी तरह सिंचाई विभाग द्वारा 290 करोड़ और स्वास्थ्य विभाग द्वारा करीब 80 करोड़ केभुगतान का प्रस्ताव वित्त विभाग को भेजा गया है।
पॉवर कारपोरेशन प्रबंधन ने इस अभियान को आगे भी जारी रखने के निर्देश दिए हैं। 5 किलोवाट से अधिक भार वाले उन घरेलू उपभोक्ताओं के खिलाफ सबसे पहले कार्रवाई करने को कहा गया है जिनके बिल दो महीने से बाकी हैं।