ससुर ने बहू को बंधक बना किया रेप
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रेप के मामले में बयान दर्ज कराने का बहाना बनाकर पुलिसकर्मियों ने बुधवार को पीड़िता को हजरतगंज कोतवाली बुलाया और समझौते का दबाव बनाने लगे। इन्कार करने पर उन्होंने पीड़िता, उसके पिता व भाई की पिटाई की।
साथ ही भाई व पिता का शांतिभंग करने के आरोप में चालान भी कर दिया। पीड़िता ने सीओ हजरतगंज अशोक कुमार वर्मा को प्रार्थनापत्र देकर हजरतगंज इंस्पेक्टर विजयमल यादव, महिला थाना की इंस्पेक्टर कनकलता दुबे और सिपाही डीएन तिवारी व अन्य आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
पीड़िता सरोजनीनगर निवासी निजी कंपनी के रिटायर्ड अफसर की बेटी है। उसकी शादी 20 नवंबर 2012 को गोमतीनगर निवासी मत्स्य विभाग के रिटायर्ड एजीएम हरवंश सिंह के बेटे आशीष से हुई थी। पीड़िता का आरोप है कि 25 अप्रैल 2013 को ससुर ने बंधक बनाकर उसका रेप किया।
रेप करने के बाद डराता-धमकाता था ससुर
शिकायत करने पर वह डराता-धमकाता रहा। उसे मायके नहीं जाने दिया गया और न ही किसी से बात करने दी गई। उसी वर्ष 22 जून को मौका पाकर वह गोमतीनगर थाना पहुंची और ससुर के खिलाफ रेप की रिपोर्ट दर्ज कराई।
पीड़िता का कहना है कि ससुर प्रभावशाली हैं, इसलिए गोमतीनगर थाना की पुलिस जांच नहीं कर रही थी। पुलिस का सहयोग न मिलने पर पीड़िता ने अपने मामले की जांच महिला थाना ट्रांसफर करवा ली। पीड़िता ने बताया कि शुरुआत में तो महिला थाना की पुलिस ने सहयोग किया, लेकिन बाद में वहां से भी मदद मिलनी बंद हो गई।
उसने बताया कि सोमवार को किसी वीरेंद्र कुमार द्विवेदी नाम के दरोगा ने फोन किया और अगले दिन बयान देने के लिए हजरतगंज कोतवाली बुलाया।
पीड़िता अपने पिता व भाई के साथ कोतवाली पहुंची, जहां हजरतगंज और महिला थाना की इंस्पेक्टर तथा सादे कपड़े पहने सिपाही डीएन तिवारी ने उस पर समझौता करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया।
सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड है पुलिस की करतूत
पीड़िता ने इन्कार किया तो उसे धमकी दी जाने लगी। बात न मानने पर पुलिसकर्मी पीड़िता और उसके पिता व भाई के साथ मारपीट करने लगे। चीख-पुकार से कोतवाली में अफरातफरी मच गई।
शिकायत लेकर आए कई फरियादी पुलिस का यह चेहरा देखकर लौट गए। पीड़िता का कहना है कि हंगामा मचने पर पुलिसकर्मियों ने खुद को बचाने के लिए उसके पिता व भाई का शांतिभंग में चालान कर दिया।
पीड़िता का कहना है कि पुलिस की ज्यादती कोतवाली में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। उसने कहा कि अगर पुलिस ने कोई गलत काम नहीं किया है तो कोतवाली में लगे सीसीटीवी फुटेज सामने लानी चाहिए। उसने अफसरों से भी फुटेज निकलवाने की मांग की है।