{"_id":"68795eade8c74af2220037e6","slug":"patients-and-doctors-exhausted-due-to-jam-at-pgi-gate-lucknow-news-c-13-knp1002-1297122-2025-07-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: पीजीआई गेट पर जाम से मरीज, डॉक्टर पस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: पीजीआई गेट पर जाम से मरीज, डॉक्टर पस्त
विज्ञापन
पीजीआई के बाद बृहस्पतिवार दोपहर लगा जाम।
लखनऊ। रायबरेली रोड स्थित पीजीआई अस्पताल का मुख्य गेट ट्रैफिक जाम का केंद्र बन गया है। रोजाना यहां सुबह से लेकर शाम तक गाड़ियों की लंबी कतारें लगी रहती हैं। इससे मरीजों के साथ-साथ डॉक्टरों को भी परेशानी होती है।
मरीजों, तीमारदारों, डॉक्टरों और कर्मचारियों को गेट पार करने में काफी समय लग रहा है। कई बार एंबुलेंस भी फंसकर सायरन बजाती रहती है। बृहस्पतिवार शाम चार बजे के करीब ऐसी ही स्थिति देखने को मिली।
अवैध पार्किंग और ठेले जिम्मेदार
पीजीआई से वृंदावन कॉलोनी तक ठेलों और फुटपाथ दुकानदारों का कब्जा है। मेडिकल स्टोर मार्केट के सामने बेतरतीब खड़ी गाड़ियां भी दिनभर जाम लगवाती हैं। मेडिकल मार्केट में पार्किंग न होने के कारण लोग सड़क पर ही वाहन खड़े कर देते हैं। ऐसे में सुबह से शाम तक ट्रैफिक बाधित होता है। मुख्य गेट से एंबुलेंस और गंभीर मरीजों की आवाजाही होती है, लेकिन जाम के कारण इलाज मिलने तक पहुंचने में देरी हो रही है। डॉक्टरों और स्टाफ का भी समय पर ड्यूटी पर पहुंचना मुश्किल हो रहा है। कई बार इसकी शिकायत पर भी समस्या का निराकरण नहीं हो रहा है।
विज्ञापन
प्रशासन और पीजीआई संस्थान भी नहीं दे रहा ध्यान
जाम की समस्या को लेकर ट्रैफिक पुलिस और नगर निगम एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डाल रहे हैं। पीजीआई संस्थान ने रायबरेली रोड पर दो गेट तो बनाए हैं, लेकिन इन और आउट व्यवस्था अब तक लागू नहीं हो पाई है।
विज्ञापन
मरीजों, तीमारदारों, डॉक्टरों और कर्मचारियों को गेट पार करने में काफी समय लग रहा है। कई बार एंबुलेंस भी फंसकर सायरन बजाती रहती है। बृहस्पतिवार शाम चार बजे के करीब ऐसी ही स्थिति देखने को मिली।
विज्ञापन
अवैध पार्किंग और ठेले जिम्मेदार
पीजीआई से वृंदावन कॉलोनी तक ठेलों और फुटपाथ दुकानदारों का कब्जा है। मेडिकल स्टोर मार्केट के सामने बेतरतीब खड़ी गाड़ियां भी दिनभर जाम लगवाती हैं। मेडिकल मार्केट में पार्किंग न होने के कारण लोग सड़क पर ही वाहन खड़े कर देते हैं। ऐसे में सुबह से शाम तक ट्रैफिक बाधित होता है। मुख्य गेट से एंबुलेंस और गंभीर मरीजों की आवाजाही होती है, लेकिन जाम के कारण इलाज मिलने तक पहुंचने में देरी हो रही है। डॉक्टरों और स्टाफ का भी समय पर ड्यूटी पर पहुंचना मुश्किल हो रहा है। कई बार इसकी शिकायत पर भी समस्या का निराकरण नहीं हो रहा है।
विज्ञापन
प्रशासन और पीजीआई संस्थान भी नहीं दे रहा ध्यान
जाम की समस्या को लेकर ट्रैफिक पुलिस और नगर निगम एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डाल रहे हैं। पीजीआई संस्थान ने रायबरेली रोड पर दो गेट तो बनाए हैं, लेकिन इन और आउट व्यवस्था अब तक लागू नहीं हो पाई है।