लखनऊ। पुरनिया चौराहा स्थित एक रेस्टोरेंट में रविवार को साहित्यिक संगोष्ठी एवं कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश के राज्य सूचना आयुक्त डॉ. दिलीप अग्निहोत्री ने की। कवयित्री दिव्या शुक्ला ने मां सरस्वती की वंदना की। वरिष्ठ साहित्यकार कमल किशोर ने ''आज के हालात पत्थर हो गए'' कविता सुनाकर वाहवाही बटोरी। लोकेश त्रिपाठी ने चीज़ कोई नहीं दूसरी चाहिए, बात जिसकी हुई थी वही चाहिए कविता पढ़ी। हास्य कवि अंकुर पाठक ने अपनी रचनाओं से लोगों को हंसने पर मजबूर किया। योगेंद्र योगी, डॉ. सुधा मिश्रा, डॉ. सर्वेश त्रिपाठी, डॉ. मानसी द्विवेदी, आदर्श सिंह निखिल, सुशांत प्रमोद, पीयूष अग्निहोत्री आदि ने भी अपनी रचनाओं से श्रोताओं को भाव-विभोर किया। कार्यक्रम का संचालन रवींद्र अजनबी ने किया। कवि सम्मेलन का आयोजन कुलदीप कलश और संयोजन अंकुर पाठक ने किया। इस दौरान वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. मोहमद अली शाहिल, प्रो. चंद्र शेखर वर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे।

साहित्यिक संगोष्ठी एवं कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ।

साहित्यिक संगोष्ठी एवं कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ।