नगर आयुक्तों को सरकार की धमकी
राज्य सरकार शहरों की साफ-सफाई को लेकर बेहद गंभीर है। अगर कहीं गंदगी मिली तो नगर आयुक्तों की खैर नहीं। मुख्य सचिव आलोक रंजन ने सभी नगर आयुक्तों को शहरों की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया है।
कहा, नगर आयुक्त अपने अधिकारियों की एक टीम गठित कर स्वयं रोजाना सवेरे दो से ढाई घंटे तक शहर का भ्रमण कर सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करें।
साथ ही नगर आयुक्त वार्ड स्तर पर आम नागरिकों, व्यापारियों व अन्य सामाजिक संगठनों के साथ बैठक कर सफाई व्यवस्था में आम नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित कराएं। उन्होंने कहा कि लखनऊ शहर को सर्वाधिक सुंदर व स्वच्छ बनाने के लिए नगर आयुक्त तत्काल कार्रवाई करें।
शहरवासियों को मिले ऑनलाइन सुविधा
मुख्य सचिव शुक्रवार को नगर विकास के कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हाउस टैक्स व अन्य करों को ऑनलाइन जमा कराने सुविधा मुहैया कराई जाए।
ताकि लोगों नगर निगम दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें। शहर की सड़कों को खोदने वाले विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क खोदने वाले विभागों को अगले दो साल तक संबंधित सड़क की मरम्मत निर्धारित मानक व गुणवत्ता के साथ करानी होगी।
उन्होंने कहा कि शहरों में डाली जा रही सीवर लाइनों में कनेक्शन नागरिकों को प्राथमिकता से दिलाएं जाएं। साथ ही जेएनएनयूआरएम कार्यों का थर्ड पार्टी से निरीक्षण कराने पर जोर दिया। बैठक में सचिव नगर विकास एसपी सिंह सहित प्रदेश के विभिन्न नगर निगमों के नगर आयुक्त व अधिकारी उपस्थित थे।