फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   MSC Students got new lab

एमएससी की लैब की बदली सूरत, बीएससी को अब भी इंतजार

Sat, 13 Jul 2019 01:18 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 13 Jul 2019 01:18 AM IST
विज्ञापन
MSC Students got new lab
एमएससी की लैब हुई आधुनिक, बीएससी के छात्रों को इंतजार
विज्ञापन

लखनऊ विश्वविद्यालय में एमएससी फॉर्मास्युटिकल केमिस्ट्री और एमएससी ऑर्गेनिक केमिस्ट्री के विद्यार्थियों को शनिवार को नई आधुनिक प्रयोगशाला मिल जाएगी। दोनों प्रयोगशालाएं राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) से मिली राशि से तैयार हुई हैं। कुलपति शनिवार को इनका उद्घाटन करेंगे। वहीं दूसरी ओर बीएससी के विद्यार्थियों को अब भी एक अच्छी प्रयोगशाला का इंतजार है। बीएससी की दोनों प्रयोगशालाओं की स्थिति बेहद खराब है। वॉश बेसिन और फर्नीचर टूटे हुए हैं। गैस की पाइप भी लाइन जर्जर हो चुकी है।
लविवि ने रसायन विज्ञान विभाग की प्रयोगशाला के साथ ही अन्य समस्याएं दूर करने के लिए राष्ट्रीय उच्च शिक्षा अभियान के पास प्रस्ताव भेजा था। रूसा ने इसे मंजूरी देते हुए विवि के लिए सात करोड़ रुपये की एकमुश्त राशि मंजूर की थी। इस रािश से लविवि ने केमिस्ट्री लैब, कला प्रांगण का जीणोद्धार, ई-लाइब्रेरी की स्थापना, पेयजल की व्यवस्था, शौचालय की हालत में सुधार करना, शिल्प कला महाविद्यालय के हलधर हाल की मरम्मत, तीन कैंटीनों का सौंदर्यीकरण और कक्षाओं का अपग्रेडेशन किया है। इनमें से कुछ काम अभी चल रहा है।
विज्ञापन

नई प्रयोगशाला में लगे है एसिड प्रूफ पत्थर
विभागाध्यक्ष प्रो. पद्मकांत ने बताया कि नई प्रयोगशाला में एसिड प्रूफ पत्थर लगे हुए हैं। इसलिए एसिड गिरने पर ये खराब नहीं होंगे। इन दोनों प्रयोगशालाओं में एक साथ 60-60 विद्यार्थी प्रैक्टिकल कर सकते हैं। गैस की नई पाइपलाइन लगाई गई है। हर विद्याथी के लिए बिजली और पानी के लिए अलग-अलग प्वाइंट दिया गया है। इससे प्रैक्टिकल करने में लगने वाले समय की भी बचत होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

वर्ष 1927 का फर्नीचर
बीएससी की केमिस्ट्री लैब के एक कर्मचारी ने बताया इसकी स्थापना वर्ष 1927 में हुई थी। काफी समय पहले तक यहां के फर्नीचर की मरम्मत के लिए बजट मिलता था। अब वह भी बंद हो चुका है। तेजाब और रसायन की वजह से फर्नीचर में जगह-जगह गड्ढे पड़ गए हैं। गैस की पाइल लाइन भी पेंट के अभाव में जंक खा रही है। कई वॉश बेसिन टूटे हुए और कई तो गायब ही हो चुके हैं। यहां तक कि पानी के लिए लगे कई नल की हालत बेहद खराब है। तार बांधकर किसी तरह उनका इस्तेमाल हो रहा है।

अन्य प्रयोगशालाओं को भी आधुनिक बनाना है
एमएससी के लिए दो केमिस्ट्री लैब का काम पूरा हो चुका है। कुलपति ने इसके लिए विशेष सहयोग किया है। अब हमारा अगला लक्ष्य विभाग की बची हुई प्रयोगशाला और पुस्तकालय को आधुनिक बनाना है।
- प्रो. पद्मकांत, विभागाध्यक्ष केमिस्ट्री, लविवि
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed