भाजपा सरकार ने सरकारी नौकरी व प्रमोशन में आरक्षण को निष्क्रिय बना दिया है: मायावती
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बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने केंद्र की भाजपा सरकार पर सरकारी नौकरियों व प्रमोशन में आरक्षण को निष्क्रिय बनाने का आरोप लगाया है।
उन्होंने ट्वीट कर कहा कि कांग्रेस के बाद अब भाजपा व इनकी केन्द्र सरकार के अनवरत उपेक्षित रवैये के कारण यहाँ सदियों से पछाड़े गए एससी, एसटी व ओबीसी वर्ग के शोषितों-पीड़ितों को आरक्षण के माध्यम से देश की मुख्यधारा में लाने का सकारात्मक संवैधानिक प्रयास फेल हो रहा है, जो अति गंभीर व दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि केन्द्र के ऐसे गलत रवैये के कारण ही सुप्रीम कोर्ट ने सरकारी नौकरी व प्रमोशन में आरक्षण की व्यवस्था को पूरी तरह निष्क्रिय व प्रभावहीन बना दिया है। इससे पूरा समाज उद्वेलित व आक्रोशित है। देश में गरीबों, युवाओं, महिलाओं व अन्य उपेक्षितों के हक पर लगातार घातक हमले हो रहे हैं।
जब तक मुख्यधारा में शामिल न हों उपेक्षित तब तक जारी रहे आरक्षण
उन्होंने कहा कि इन हालातों में केंद्र सरकार से मांग है कि वह आरक्षण की सकारात्मक व्यवस्था को संविधान की नौवीं अनुसूची में लाकर इसको तब तक सुरक्षा कवच प्रदान करे जब तक उपेक्षा व तिरस्कार से पीड़ित करोड़ों लोग देश की मुख्यधारा में शामिल नहीं हो जाते है। जो आरक्षण की सही संवैधानिक मंशा है।
3. ऐसे में केन्द्र सरकार से पुनः माँग है कि वह आरक्षण की सकारात्मक व्यवस्था को संविधान की 9वीं अनुसूची में लाकर इसको सुरक्षा कवच तब तक प्रदान करे जब तक उपेक्षा व तिरस्कार से पीड़ित करोड़ों लोग देश की मुख्यधारा में शामिल नहीं हो जाते हैं, जो आरक्षण की सही संवैधानिक मंशा है।
— Mayawati (@Mayawati) February 16, 2020
1. कांग्रेस के बाद अब बीजेपी व इनकी केन्द्र सरकार के अनवरत उपेक्षित रवैये के कारण यहाँ सदियों से पछाड़े गए एससी, एसटी व ओबीसी वर्ग के शोषितों-पीड़ितों को आरक्षण के माध्यम से देश की मुख्यधारा में लाने का सकारात्मक संवैधानिक प्रयास फेल हो रहा है, जो अति गंभीर व दुर्भाग्यपूर्ण है।
— Mayawati (@Mayawati) February 16, 2020