उप्र को मिलेगी एक साथ 50 हजार नौकरियां
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प्रदेश ने ‘मेक इन इंडिया’ में ‘मेक इन यूपी’ की राह ढूंढ ली है। सैमसंग अपनी नोएडा यूनिट का विस्तार कर सूबे में मोबाइल बनाने के काम को रफ्तार देगी तो लावा इंटरनेशनल और स्पाइस ग्रुप भी यहां मोबाइल हैंडसेट व इससे जुड़े उत्पाद बनाएंगे।
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मंगलवार को यहां होटल ताज विवांता में आयोजित ई-यूपी कार्यक्रम में रिमोट के जरिये नोएडा में सैमसंग की विस्तार यूनिट का शिलान्यास किया। इसमें करीब 517 करोड़ रुपये का निवेश होगा।
इस मौके पर करीब 5000 करोड़ के मैन्यूफैक्चरिंग सेक्टर के निवेश प्रस्तावों पर एमओयू हुए। सैससंग के सीईओ ह्यून चिल हांग ने कहा कि यूपी में मोबाइल बनेगा और पूरी दुनिया में बिकेगा।
ई-यूपी में आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र की कई नामी कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। कार्यक्रम इस मायने में खास रहा कि पिछले साल इससे अनुपस्थित रहने वाले मुख्यमंत्री न सिर्फ यहां पहले सत्र में पूरे समय मौजूद रहे, बल्कि विभिन्न कंपनियों के सीईओ के साथ करीब एक घंटे तक राउंड टेबल मीटिंग भी की। मुख्यमंत्री ने कहा कि वे ज्यादा से ज्यादा विदेशी निवेश सूबे में लाने के प्रयास करेंगे। निवेशकों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए एक्सप्रेस-वे, मेट्रो रेल व 24 घंटे बिजली जैसी सुविधाओं के लिए काम तेजी से शुरू किए गए हैं।
50 हजार लोगों को मिलेंगे रोजगार
मुख्यमंत्री ने इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों को हार्डवेयर निर्माण में आगे आने की अपील करते हुए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि मैन्यूफैक्चरिंग सेक्टर बढ़ा तो नौकरियां बढ़ेंगी और लोगों को जीवन स्तर सुधरेगा। कौशल विकास मिशन के जरिये सरकार इन्हें हुनरमंद मैनपावर उपलब्ध कराएगी।
मुख्य सचिव आलोक रंजन ने बताया कि ये संगठन इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्यूफैक्चरिंग क्लस्टर की स्थापना में सहयोग करेंगे। इससे करीब 50 हजार लोगों को प्रत्यक्ष व परोक्ष रोजगार मिलेगा। ये क्लस्टर नोएडा व यमुना एक्सप्रेस वे क्षेत्र में स्थापित होंगे। इन्होंने करीब 3000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों के एमओयू किए हैं। केंद्र सरकार ने दो कलस्टर की स्थापना के प्रस्ताव को मंजूरी भी दे दी है।
इनोवेटिव आइडिया दो और पाओ 5 करोड़ रुपए
मोबाइल निर्माता कम्पनी स्पाइस ग्रुप, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट- लखनऊ और आईआईटी कानपुर के साथ मिलकर इनोवेशन को बढ़ावा देगा। इससे पहले कम्पनी द्वारा आईटी बीएचयू से इसे लेकर बात की जा चुकी है।
ग्रुप के चेयरमैन और सीईओ दिलीप मोदी ने बताया कि इस समय सॉफ्टवेयर और एप्लीकेशन का बाजार तेजी से बढ़ रहा है। इसके लिए कम्पनी इन तीन प्रमुख शिक्षण संस्थान के अलावा अन्य संस्थानों के छात्रों व शिक्षकों के साथ मिलकर एप्लीकेशन का इनोवेशन करेगी।
ग्रुप की ओर से इसके लिए अलग से फंड की व्यवस्था की गई है। यदि कोई एप्लीकेशन के लिए कम्पनी को सीधे आइडिया देना चाहता है तो स्पाइस कनेक्ट की वेबसाइट पर भी ऑनलाइन आवेदन कर सकता है। जो भी आइडिया कम्पनी द्वारा चयनित किया जाएगा उस एप्लीकेशन को बनाने के लिए 50 लाख से पांच करोड़ रुपये तक की सहायता दी जाएगी। इससे छात्रों और अन्य लोगों को नया करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
ये एमओयू हुए खास
स्पाइस ग्रुप के चेयरमैन दिलीप मोदी के साथ करीब 500 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों का एमओयू हुआ। यह कंपनी प्रदेश में मोबाइल व मोबाइल कंपोनेंट का उत्पादन करेगी।लावा इंटरनेशनल के को-फाउंडर हरिओम राय ने करीब 600 करोड़ रुपये के निवेश का एमओयू किया। यह कंपनी मोबाइल बनाएगी। इसमें करीब 12 हजार लोगों को रोजगार मिलेंगे।
इयॉन इलेक्ट्रॉनिक्स के संदीप शर्मा के साथ करीब 200 करोड़ के निवेश का एमओयू हुआ। यह कंपनी एलईडी से जुड़े उत्पाद बनाएगी। पेसेटल सिस्टम मोबाइल हैंडसेट, फैबलेट्स व राउटर्स का उत्पादन करेंगे। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर मोहिंदर सिंह मलिक ने 200 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों का एमओयू किया।
सैमसंग अपनी नोएडा यूनिट का विस्तार करेगी। इसमें करीब 517 करोड़ रुपये का निवेश होगा। सीएम ने नोएडा में बने पहले आईटी उपवन का किया शुभारंभमुख्यमंत्री ने गाजियाबाद के श्रीट्रॉन कैंपस में बने आईटी उपवन (आईटी एंटरप्रेन्योरशिप बिजनेस इन्क्यूबेटर सेंटर) का शुभारंभ किया। इससे नवयुवकों, उद्योगों तथा शैक्षणिक संस्थाओं को लाभ मिलेगा।