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Lucknow News: एनसीएलएटी में एलडीए ने फिर दोहराया अंसल कालोनी पर पहला हक उसका हक
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एनसीएलएटी में एलडीए ने फिर दोहराया अंसल कालोनी पर पहला हक उसका हक
खरीदारों ने भी ने किया एलडीए का समर्थन
अब आज फिर होगी सुनवाई
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) में सोमवार को अंसल मामले की सुनवाई फिर हुई। करीब डेढ़ घंटे तक बहस हुई। जिसमें एलडीए की ओर से फिर यह दावा दोहराया गया कि अंसल सुशांत गोल्फ सिटी टाउनशिप पर पहला अधिकार उसका है और उसके समर्थन में प्रमाण भी पेश किए गए। जिसका समर्थन खरीदारों और अन्य विकास प्राधिकरणों ने भी किया। अब मंगलवार को फिर सुनवाई होगी।
राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) की ओर से फरवरी में अंसल को दिवालिया घोषित किए जाने के विरोध में राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) में केस चल रहा है। जहां पर मंगलवार को फिर सुनवाई हुई। सुनवाई को दौरान एक बार फिर एलडीए की ओर से कोर्ट में यहा दावा पेश किया गया कि अंसल कंपनी की हाईटेक टाउनशिप पर पहला अधिकार उसका है। इसको लेकर एलडीए की ओर से कंपनी से अनुबंध और हाईटेक टाउनशिप नीति को साक्ष्य के तौर पर पेश किया गया। टाउनशिप में मकान, प्लाट और प्लैट खरीदारों की ओर से एलडीए के दावे का समर्थन किया गया। निवेशक और आवंटी गगन टंडन ने बुलंदशहर और मोहाली सहित कई अन्य पक्षों ने भी एलडीए का ही समर्थन किया। सुनवाई के दौरान अंसल की कंपनी की ओर से कोई अधिवक्ता मौजूद नहीं था। सुनवाई लंच के बाद दोपहर दो बजे शुरू हुई थी और करीब डेढ़ घंटा तक चली। कोर्ट ने अंसल कंपनी और उसको कर्ज देने वाली संस्था आईएलएफएस को पक्ष रखने के लिए मंगलवार को बुलाया है। यदि उनके पक्ष में कोई नई बात आएगी तो खरीदार फिर अपना पक्ष रखेंगे।
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खरीदारों ने भी ने किया एलडीए का समर्थन
अब आज फिर होगी सुनवाई
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) में सोमवार को अंसल मामले की सुनवाई फिर हुई। करीब डेढ़ घंटे तक बहस हुई। जिसमें एलडीए की ओर से फिर यह दावा दोहराया गया कि अंसल सुशांत गोल्फ सिटी टाउनशिप पर पहला अधिकार उसका है और उसके समर्थन में प्रमाण भी पेश किए गए। जिसका समर्थन खरीदारों और अन्य विकास प्राधिकरणों ने भी किया। अब मंगलवार को फिर सुनवाई होगी।
राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) की ओर से फरवरी में अंसल को दिवालिया घोषित किए जाने के विरोध में राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) में केस चल रहा है। जहां पर मंगलवार को फिर सुनवाई हुई। सुनवाई को दौरान एक बार फिर एलडीए की ओर से कोर्ट में यहा दावा पेश किया गया कि अंसल कंपनी की हाईटेक टाउनशिप पर पहला अधिकार उसका है। इसको लेकर एलडीए की ओर से कंपनी से अनुबंध और हाईटेक टाउनशिप नीति को साक्ष्य के तौर पर पेश किया गया। टाउनशिप में मकान, प्लाट और प्लैट खरीदारों की ओर से एलडीए के दावे का समर्थन किया गया। निवेशक और आवंटी गगन टंडन ने बुलंदशहर और मोहाली सहित कई अन्य पक्षों ने भी एलडीए का ही समर्थन किया। सुनवाई के दौरान अंसल की कंपनी की ओर से कोई अधिवक्ता मौजूद नहीं था। सुनवाई लंच के बाद दोपहर दो बजे शुरू हुई थी और करीब डेढ़ घंटा तक चली। कोर्ट ने अंसल कंपनी और उसको कर्ज देने वाली संस्था आईएलएफएस को पक्ष रखने के लिए मंगलवार को बुलाया है। यदि उनके पक्ष में कोई नई बात आएगी तो खरीदार फिर अपना पक्ष रखेंगे।
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