फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   lucknow development authority will beak the Illegal construction bukkal nawab

बीजेपी का साथ भी नहीं बचा पाया बुक्कल का अवैध निर्माण, एलडीए ने तैयार किया कार्रवाई का प्लान

Mon, 09 Oct 2017 12:56 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Mon, 09 Oct 2017 12:56 PM IST
विज्ञापन
lucknow development authority will beak the Illegal construction bukkal nawab
बुक्कल नवाब - फोटो : amar ujala

घंटाघर पार्क के पास हुसैनाबाद क्षेत्र में हुए एमएलसी मजहर हुसैन उर्फ बुक्कल नवाब और उनके परिवारीजनों के अवैध निर्माण को तोड़ने से पहले उसमें अशमनीय भाग को एलडीए चिन्हित करेगा।

विज्ञापन


एमएलसी और उनके परिवारीजनों की तरफ से शमन के लिए आवेदन और मानचित्र दाखिल किए जाने के बाद एलडीए वीसी प्रभु एन सिंह के निर्देश पर यह जांच शुरू हो गई है।

वीसी प्रभु एन सिंह ने बताया कि मंडलायुक्त ने अगस्त में 30 दिन का समय उनकी अपील का निस्तारण करते हुए दिया था।

इसमें अवैध निर्माण करने वाले पक्ष को शमन के लिए एलडीए में प्रक्रिया शुरू करने और अशमनीय भाग खुद ही तोड़ने के लिए कहा गया था।

शमन की प्रक्रिया शुरू करने के लिए उनका आवेदन मिल गया है। इस आवेदन के बाद शमनीय हिस्से को चिन्हित करने के लिए इंजीनियरिंग विभाग को कहा गया है।

इस निर्माण में जो भी शमनीय भाग होगा। उसे छोड़ दिया जाएगा। अशमनीय भाग को पूरी तरह तोड़ दिया जाएगा। एलडीए अपनी कार्यवाही कर रहा है।

एलडीए के तत्कालीन विहित प्राधिकारी धनंजय शुक्ला ने इन बहुमंजिला निर्माण को तोड़ने का आदेश दिया था।

इस आदेश में कहा गया कि एकल आवासीय मानचित्र स्वीकृत कराने के बाद वहां बहुआवासीय निर्माण कर लिए गए।
इनके नाम पर अवैध निर्माण
- मजहर अली खां
- पार्षद बेटे फैसल नवाब
- पत्नी महजबीन आराa

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed