अमौसी एयरपोर्ट: चेक-इन काउंटर पर भीड़ से यात्री परेशान, उड़ान से चार घंटे पहले पहुंचने की अपील की गई
लखनऊ एयरपोर्ट पर लगी लंबी-लंबी कतारें यात्रियों को बेहद परेशान कर रही हैं। यहां कमाई के लिए दुकानें तो बढ़ा दी गई हैं पर इतनी ज्यादा भीड़ होने के बावजूद चेक-इन काउंटर नहीं बढ़ाए गए हैं। एयरपोर्ट प्रशासन ने लोगों से घरेलू उड़ान के लिए ढाई घंटे पहले व विदेशी उड़ान के लिए चार घंटे पहले पहुंचने की अपील की है। इससे बुजुर्ग यात्री बेहाल हैं।
विस्तार
चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट अमौसी पर चेकइन की कतारें यात्रियों के घुटने दुखा दे रही हैं। इंदिरानगर के तकरोही निवासी हरिभान को बुधवार को एयर एशिया की फ्लाइट से सुबह नौ बजे दिल्ली जाना था। इसके लिए वह सुबह सवा छह बजे घर से निकले और साढ़े सात बजे एयरपोर्ट पहुंच गए। यहां बोर्डिंग व चेकइन की लंबी कतार देख उनके पसीने छूट गए। मरता क्या न करता, वह लाइन में लग गए। इंच-इंच बढ़ती कतार और कलाई पर बंधी घड़ी में तेजी से गुजरता समय फ्लाइट मिस होने के डर से उनके दिल की धड़कन बढ़ा रहा था। उनकी बारी आने तक यह डर बना रहा। इस दौरान खड़े-खड़े उनके घुटने दुख गए। यह कहानी सिर्फ हरिभान की नहीं है। ऐसे ही सैकड़ों यात्री रोज एयरपोर्ट पर चेकइन की कतारों में परेशान हो रहे हैं, लेकिन एयरपोर्ट प्रशासन काउंटरों की संख्या नहीं बढ़ा रहा है।
चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का कद भले ही बढ़कर पुणे, हैदराबाद, कोच्चि एयरपोर्ट की श्रेणी में आ गया हो, लेकिन सुविधाओं के लिहाज से यह अभी भी पीछे है। सुरक्षा व यात्री सुविधाओं के लिहाज से अदाणी प्रशासन ने व्यवस्थाएं तो की हैं, लेकिन अभी भी सुविधाओं में विस्तार की जरूरत है।
ये भी पढ़ें - निकाय चुनाव से 2024 की जमीन तैयार करेगी भाजपा, नगर पंचायतों पर भगवा फहराने की रणनीति
ये भी पढ़ें - निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी करने पर 20 तक रोक, हाईकोर्ट ने राज्य सरकार के आग्रह पर दिया आदेश
अमौसी एयरपोर्ट पर घरेलू व डोमेस्टिक दो टर्मिनल हैं, जबकि नया टर्मिनल टी-3 जल्द बनकर तैयार हो जाएगा। यहां घरेलू टर्मिनल से सर्वाधिक यात्री रवाना होते हैं, लेकिन बोर्डिंग व चेकइन काउंटरों की कमी से उन्हें डिपार्चर हॉल में अच्छा खासा समय बिताना पड़ता है। काउंटर कम होने से लंबी कतारों में सबसे ज्यादा दिक्कत बुजुर्गों को होती है।
दुकानें बढ़ रहीं, काउंटर नहीं
लखनऊ से मुंबई जाने के लिए एयरपोर्ट पहुंचे अजय सिंह ने बताया कि उन्हें यहां लंबी कतारों के बारे में पहले से पता था। इसलिए दो घंटे पहले ही पहुंच गए थे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि एयरपोर्ट प्रशासन कमाई के लिए दुकानों की संख्या तो बढ़ा रहा, पर सुविधा काउंटर जस के तस हैं। हालांकि, अभी भी डिपार्चर हॉल में काफी जगह है, एयरपोर्ट प्रशासन चाहे तो काउंटर बढ़ा सकता है।
एयरपोर्ट पर व्यवस्थाएं
- 6 चेक इन काउंटर है डिपार्चर हॉल में, 5 जनरल व एक महिला के लिए।
- 9 लगेज स्कैनर लगे हैं, यात्रियों के सामान की जांच के लिए।
-7 एयरलाइनों के काउंटर हैं, जहां यात्रियों के बोर्डिंग पास बनते हैं।
-100 रुपये का है एयरपोर्ट पर विजिटर पास, पहले 60 में बनता था।
- 10 मिनट तक फ्री है एयरपोर्ट पार्किंग में पिक एंड ड्रॉप।
- 500 रुपये टू व्हीलर, 1000 रुपये फोर व्हीलर नो पार्किंग का जुर्माना।
सुविधाओं में हुई वृद्धि
अमौसी एयरपोर्ट के प्रवक्ता ने बताया कि यात्रियों की संख्या में वृद्धि होने के साथ-साथ सुविधाएं बढ़ाई गई हैं। 17 हजार यात्री प्रतिदिन आते हैं। 128 विमानों का संचालन होता है। ऐसे में यात्रियों के लिए डोरफ्रेम मेटल डिटेक्टरों की संख्या सात से बढ़ाकर नौ कर दी है। बैगेज स्कैनरों की संख्या छह कर दी गई है, जो कि पहले तीन थी। एयरपोर्ट पर 13 आउटलेट खुले हैं। एयरोब्रिजों को पहले 26 विमानों में इस्तेमाल करते थे, अब 40 में किया जा रहा है। यात्रियों से अपील है कि घरेलू विमानों के लिए ढाई घंटे पहले तथा अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट के लिए चार घंटे पहले पहुंचें।