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Lucknow News: बढ़ेगा प्रबंध नगर आवासीय योजना में जमीन का मुआवजा, लांच होगी योजना
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लखनऊ। मोहान रोड (अनंत नगर) आवासीय योजना शुरू करने के बाद एलडीए अब सीतापुर रोड की प्रबंध नगर योजना शुरू करने की तैयारी में जुटा है। इसके लिए यहां भी किसानों की जमीन का मुआवजा बढ़ाने की तैयारी है। करीब 17 साल पहले जब योजना शुरू की गई थी, तब जमीन का मुआवजा पांच लाख रुपये बीघा तय किया गया था, जिसे अब बढ़ाने पर मंथन हो रहा है, ताकि विवाद में फंसी आवासीय योजना शुरू की जा सके। करीब 4500 करोड़ रुपये की यह योजना 2077 एकड़ में विकसित होनी है।
विवाद दूर करने के लिए एलडीए करीब छह महीने से किसानों के साथ बैठकें कर रहा है, ताकि बातचीत के जरिये मुआवजा और कानूनी विवाद हल किया जा सके। जानकारों ने बताया कि मुआवजे के अलावा प्रबंध नगर योजना फंसने की एक वजह पर्यावरण अनापत्ति भी रही। स्थानीय लोगों ने पर्यावरण सुरक्षा समिति में यह आपत्ति दर्ज कराई कि इस योजना में हजारों पेड़ काटे जाएंगे। प्राकृतिक जलस्रोत, तालाब आदि समाप्त हो जाएंगे, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान होगा। इसके कारण एलडीए को जरूरी पर्यावरण अनापत्ति नहीं मिली।
हालांकि, इस आपत्ति की काट के लिए एलडीए ने हाल ही में ड्रोन सर्वे कराया है। इसके बाद अधिकारी मंथन कर रहे हैं, जो पेड़ और जलस्रोत हैं, उन्हें कैसे बचाया जाए। इससे अनापत्ति मिलने की पूरी संभावना बन गई है।
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मोहान रोड योजना में 68 लाख रुपये बीघा दिया गया मुआवजा
एलडीए की मोहान रोड योजना करीब 20 साल से जमीन मुआवजे के विवाद में ही फंसी थी। जानकारों ने बताया कि मोहान रोड योजना में कलिया खेड़ा और प्यारेपुर दो गांवों की जमीन है। विवाद दूर करने के लिए जमीन का मुआवजा 41 लाख रुपये बीघा से बढ़ाकर 68 लाख रुपये किया गया। इसके साथ ही पेड़, फसल और निर्माण का भी पैसा एलडीए ने दिया। इसी तरह प्रबंधन नगर योजना में भी मुआवजे का विवाद समाप्त करने की तैयारी चल रही है।
किसानों को भी मिलेगी राहत
योजना शुरू होने पर उन सैकड़ों किसानों को भी राहत मिलेगी, जिनकी जमीन अधिग्रहित हुई है। एलडीए ने अभी तक न तो उनकी जमीन छोड़ी है और न ही मुआवजा बढ़ाया है। किसानों ने भी मुआवजा नहीं लिया है। जमीन की रजिस्ट्री पर रोक के चलते किसान जमीन बेच भी नहीं पा रहे हैं। ऐसे में मुआवजा बढ़ने के बाद योजना तो शुरू होगी ही, किसानों को उचित मुआवजा भी मिल जाएगा।
अवैध प्लाॅटिंग पर बुलडोजर भी चलेगा
एलडीए के एक अफसर ने बताया कि योजना शुरू होने से पहले एलडीए अवैध प्लाॅटिंग पर बुलडोजर भी चलाएगा। रजिस्ट्री पर रोक के बाद भी कुछ प्राॅपर्टी डीलर प्लाॅटिंग कर रहे हैं। जैसे ही न्यायालय से विवाद हल होगा, एलडीए अभियान शुरू कर देगा।
मोहान रोड की तरह प्रबंध नगर योजना भी लांच की जाएगी। ग्रीन कॉरिडोर बनने के बाद यह योजना और अच्छी हो गई है। जो विवाद हैं, उन्हें दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रथमेश कुमार, एलडीए वीसी
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विवाद दूर करने के लिए एलडीए करीब छह महीने से किसानों के साथ बैठकें कर रहा है, ताकि बातचीत के जरिये मुआवजा और कानूनी विवाद हल किया जा सके। जानकारों ने बताया कि मुआवजे के अलावा प्रबंध नगर योजना फंसने की एक वजह पर्यावरण अनापत्ति भी रही। स्थानीय लोगों ने पर्यावरण सुरक्षा समिति में यह आपत्ति दर्ज कराई कि इस योजना में हजारों पेड़ काटे जाएंगे। प्राकृतिक जलस्रोत, तालाब आदि समाप्त हो जाएंगे, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान होगा। इसके कारण एलडीए को जरूरी पर्यावरण अनापत्ति नहीं मिली।
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हालांकि, इस आपत्ति की काट के लिए एलडीए ने हाल ही में ड्रोन सर्वे कराया है। इसके बाद अधिकारी मंथन कर रहे हैं, जो पेड़ और जलस्रोत हैं, उन्हें कैसे बचाया जाए। इससे अनापत्ति मिलने की पूरी संभावना बन गई है।
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मोहान रोड योजना में 68 लाख रुपये बीघा दिया गया मुआवजा
एलडीए की मोहान रोड योजना करीब 20 साल से जमीन मुआवजे के विवाद में ही फंसी थी। जानकारों ने बताया कि मोहान रोड योजना में कलिया खेड़ा और प्यारेपुर दो गांवों की जमीन है। विवाद दूर करने के लिए जमीन का मुआवजा 41 लाख रुपये बीघा से बढ़ाकर 68 लाख रुपये किया गया। इसके साथ ही पेड़, फसल और निर्माण का भी पैसा एलडीए ने दिया। इसी तरह प्रबंधन नगर योजना में भी मुआवजे का विवाद समाप्त करने की तैयारी चल रही है।
किसानों को भी मिलेगी राहत
योजना शुरू होने पर उन सैकड़ों किसानों को भी राहत मिलेगी, जिनकी जमीन अधिग्रहित हुई है। एलडीए ने अभी तक न तो उनकी जमीन छोड़ी है और न ही मुआवजा बढ़ाया है। किसानों ने भी मुआवजा नहीं लिया है। जमीन की रजिस्ट्री पर रोक के चलते किसान जमीन बेच भी नहीं पा रहे हैं। ऐसे में मुआवजा बढ़ने के बाद योजना तो शुरू होगी ही, किसानों को उचित मुआवजा भी मिल जाएगा।
अवैध प्लाॅटिंग पर बुलडोजर भी चलेगा
एलडीए के एक अफसर ने बताया कि योजना शुरू होने से पहले एलडीए अवैध प्लाॅटिंग पर बुलडोजर भी चलाएगा। रजिस्ट्री पर रोक के बाद भी कुछ प्राॅपर्टी डीलर प्लाॅटिंग कर रहे हैं। जैसे ही न्यायालय से विवाद हल होगा, एलडीए अभियान शुरू कर देगा।
मोहान रोड की तरह प्रबंध नगर योजना भी लांच की जाएगी। ग्रीन कॉरिडोर बनने के बाद यह योजना और अच्छी हो गई है। जो विवाद हैं, उन्हें दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रथमेश कुमार, एलडीए वीसी