राजनाथ बोले, आईएसआईएस पर चिंता की जरूरत नहीं
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आतंकी संगठन आईएसआईएस पर चिंता करने की कोई जरूरत नहीं है। केंद्र सरकार इस संगठन के नेटवर्क पर लगातार नजर रख रही है। ये बातें केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को यहां मीडिया से कही। उन्होंने कहा, आईएसआईएस का नेटवर्क देश के सभी राज्यों में बिल्कुल भी नहीं फैल रहा है। जहां तक आतंकवाद का सवाल है तो यह एक चुनौती है। इस पर भारत को विजय अवश्य प्राप्त होगी।
वहीं, रविवार को लखनऊ के गोमतीनगर स्थित मनीषा मंदिर में बालिकाओं को उच्च शिक्षा के लिए स्कॉलरशिप वितरण कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि जहां लिंग अनुपात संतुलित नहीं है वह देश व समाज कभी भी समृद्धशाली नहीं हो सकता है। आज जितने भी देश विकसित हैं चाहे नार्वे, स्वीडन या फिर डेनमार्क सभी जगह लिंग अनुपात संतुलित है। पुरुष एक का तो संरक्षक हो सकता है, लेकिन महिलाएं पूरे परिवार की संरक्षक होती हैं। परिवार को संस्कारी भी महिलाएं ही बनाती हैं।
उन्होंने कहा कि पहली बार भारत के इतिहास में केंद्र में ऐसी सरकार आई है जो सामाजिक सरोकारों का भी निर्वाह कर रही है। राष्ट्रीय स्वच्छता अभियान को लेकर जिस तरह का केंद्र सरकार ने अभियान चलाया, इससे पहले कभी नहीं चला। ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान भी केंद्र सरकार की ही देन है। आज बेटियों को लोग पराया धन नहीं मानते हैं। उन्हें भी अच्छी उच्च शिक्षा दी जा रही है।
भारत की महिलाएं करिश्माई काम कर रही हैं। बड़ी-बड़ी कंपनियों की सीईओ भी भारत की महिलाएं बन रही हैं। सेना, अर्द्ध सैनिक बल व पुलिस सभी जगह महिलाएं अहम व प्रभावी भूमिका निभा रही हैं। हाल ही में आईएएस के परिणाम में टॉप थ्री रैंक पर लड़कियों ने ही बाजी मारी थी।
मनीषा मंदिर को 12 लाख रुपये देने की घोषणा
राजनाथ सिंह ने मनीषा मंदिर को सांसद निधि से 12 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि मनीषा मंदिर के बारे में सुना तो बहुत था, लेकिन आज प्रत्यक्ष रूप से देख भी लिया। गृह मंत्री ने कहा कि शनिवार को जब उन्हें फीवर हुआ तो उन्हें ऐसा लगा कि रविवार के कार्यक्रम को निरस्त कर उन्हें वापस दिल्ली लौटना पड़ेगा, लेकिन उन्होंने तय कर लिया था कि भले ही उन्हें फीवर हो लेकिन वे इस कार्यक्रम में हिस्सा जरूर लेंगे।
उन्होंने कहा कि यदि वे यहां न आते तो उन्हें अफसोस होता। इससे पहले मनीषा मंदिर की संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. सरोजिनी अग्रवाल ने कहा कि मनीषा मंदिर पिछले 30 वर्षों से बेटी बचाओ की दिशा में काम कर रही है। अब तक यहां 700 बेटियां का भविष्य संवारा जा चुका है। आज भी मनीषा मंदिर आश्रम में 24 बेटियां रह रही हैं। उन्होंने बताया कि इस वर्ष वे उच्च शिक्षा के लिए 16 बच्चियों को 2.50 लाख रुपये की स्कॉलरशिप दे रही हैं।
इन्हें मिली स्कॉलरशिप
सोनम भारतीय--70,000
मंजुला वर्मा--40,000
ऐश्वर्या सिंह--30,000
तान्या सोनी--20,000
अंजलि--20,000
स्वाति सिंह--10,000
रजनी पाल--8000
कोमल सिंह--7000
ज्योति श्रीवास्तव--6000
सविता मौर्या--6000
मेघना सिंह--3500
अंजलि वर्मा--3000
नाजिया खातून--3000
रश्मि सिंह--3000
सदफ खान : 2500
बीबी खातून--2500