General Elections : नेताओं में बढ़ी जुबानी रार, पाकिस्तान से लेकर वोट जिहाद तक पहुंची बात
वादों-इरादों को गिनाते-गिनाते नेताओं के बोल कुछ ऐसे बिगड़े कि जुबां से शोले उगलने लगे हैं। विषवमन करने लगे हैं। इन हमलों में शब्द अपने अर्थ खो रहे हैं। मर्यादा खो रहे हैं। गरिमा खो रहे हैं। अब रण में पाकिस्तान की टंकार है। जूता मारने की हुंकार है। वोट जिहाद शब्द पहले कभी सुना था क्या? नया-नया आया है। ध्रुवीकरण का नया हथियार है ये। कैसे नेताओं के बोल बिगड़ रहे हैं और चुनाव आयोग ऐसे नेताओं के खिलाफ क्या कर रहा है, बता रहे हैं अशोक मिश्रा...
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रास्ते को भी दोष दे, आंखें भी कर लाल।
चप्पल में जो कील है, पहले उसे निकाल।
-निदा फाजली
चुनावी रण में अब हमले तीखे हो चले हैं। वादों-इरादों को गिनाते-गिनाते नेताओं के बोल कुछ ऐसे बिगड़े कि जुबां से शोले उगलने लगे हैं। विषवमन करने लगे हैं। इन हमलों में शब्द अपने अर्थ खो रहे हैं। मर्यादा खो रहे हैं। गरिमा खो रहे हैं। अब रण में पाकिस्तान की टंकार है। जूता मारने की हुंकार है। वोट जिहाद शब्द पहले कभी सुना था क्या? नया-नया आया है। ध्रुवीकरण का नया हथियार है ये। कैसे नेताओं के बोल बिगड़ रहे हैं और चुनाव आयोग ऐसे नेताओं के खिलाफ क्या कर रहा है, बता रहे हैं अशोक मिश्रा...
तीसरे चरण में चुनावी रथ के प्रवेश के साथ ही हेट स्पीच के मामले बढ़ने लगे। यूपी के सीतापुर में जनसभा के दौरान बसपा के नेशनल कोऑर्डिनेटर आकाश आनंद ने जूता मारने जैसे अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया। इस मामले में उनके साथ ही बसपा के जिलाध्यक्ष विकास राजवंशी, लखीमपुर के प्रत्याशी अंशय कालरा, धौरहरा के प्रत्याशी श्याम किशोर अवस्थी, सीतापुर के प्रत्याशी महेंद्र सिंह यादव पर भी मुकदमा दर्ज हुआ है। फर्रुखाबाद में पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद की भतीजी मारिया आलम की वोट जिहाद की अपील चुनाव आयोग को नागवार गुजरी और सलमान व उनकी भतीजी पर मुकदमा दर्ज हो गया।
माफिया को शहीद बताने की लगी होड़
ध्रुवीकरण करके अपनी जीत पक्की करने के लिए सूबे के माफिया और अपराधियों को शहीद बताने की होड़ भी शुरू हो गई है। संभल में सपा प्रमुख अखिलेश यादव की जनसभा में मुरादाबाद के सपा के जिला उपाध्यक्ष हाजी मोहम्मद उस्मान ने माफिया अतीक अहमद, मुख्तार अंसारी, शहाबुद्दीन को याद करते हुए वोट करने की अपील की। वहीं, संभल से सपा प्रत्याशी जियाउर्रहमान बर्क ने तो माफिया को शहीद बता डाला। उनके खिलाफ मुकदमा भी हो चुका है।
औकात बताने में फंसे
मुरादाबाद में चुनावी मंच से पुलिस और सरकारी अधिकारियों को धमकाने और औकात में रहने की नसीहत देने वाली सपा प्रत्याशी रुचि वीरा पर भी मुकदमा दर्ज हुआ है। इसमें जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह भी नामजद हैं। कैराना में बसपा प्रत्याशी श्रीपाल राणा के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने और बिना अनुमति जनसभा करने का केस दर्ज हुआ है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव द्वारा मुख्तार अंसारी को जेल में जहर देने के बयान की शिकायत भाजपा ने चुनाव आयोग से की है। सहारनपुर में कांग्रेस प्रत्याशी इमरान मसूद द्वारा दिए गए बयान की शिकायत भी भाजपा ने आयोग से की है। मसूद ने कहा था, ‘यह चुनाव अपने आप को बचाने का है। अगर बीजेपी वापस आ गई तो सबसे पहले इलाज मेरा और तुम्हारा होगा।’
ओवैसी की शिकायत
भड़काऊ भाषण देने पर नेताओं के खिलाफ चुनाव आयोग से लगातार शिकायतें की जा रही हैं। एआईएमआईएम के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी के खिलाफ भाजपा ने वाराणसी में भड़काऊ भाषण देने की शिकायत दर्ज कराई है। वहीं, सपा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कई बयानों पर आपत्ति जताते हुए आयोग में शिकायत की है।
यूपी में ज्यादा भड़काऊ भाषण
चुनाव सुधारों पर काम करने वाली संस्था एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म द्वारा पिछले वर्ष सांसदों एवं विधायकों द्वारा भड़काऊ भाषण दिए जाने पर रिपोर्ट जारी की थी। रिपोर्ट के मुताबिक यूपी के सात सांसदों और नौ विधायकों ने भड़काऊ भाषण से संबंधित मामले दर्ज होने की घोषणा की थी, जो देश में सबसे ज्यादा है। इसके बाद बिहार का नंबर है।
अब तक 17 मुकदमे हुए दर्ज
डीजीपी मुख्यालय के मुताबिक हालिया लोकसभा चुनाव में हेट स्पीच, धार्मिक उन्माद, वैमनस्यता, शत्रुता संबंधी बयानों को लेकर अब तक 17 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं। बीती 16 मार्च से अब तक कानपुर कमिश्नरेट और सीतापुर में दो-दो, जबकि गाजियाबाद, फतेहपुर, मुजफ्फरनगर, शामली, कानपुर देहात, मुरादाबाद, गोंडा, मेरठ, संभल, बलिया, फतेहगढ़ में एक-एक मुकदमा दर्ज हो चुका है।
आजम को हो चुकी है सजा, अब्बास पर चल रहा केस
2019 के चुनाव में सीएम योगी और रामपुर के डीएम के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने के मामले में पूर्व मंत्री आजम खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था, जिसमें उनको तीन साल की सजा सुनाई जा चुकी है। हालांकि बाद में रामपुर की एमपी-एमएलए कोर्ट ने उनको बरी कर दिया था। यह मामला ऊपरी अदालत में अभी चल रहा है। वहीं दूसरी ओर विधानसभा चुनाव में भड़काऊ भाषण देने पर सुभासपा प्रत्याशी अब्बास अंसारी पर भी मुकदमा दर्ज हुआ था।