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करोड़ों की जमीन पर जबरदस्ती कब्जा, रिटायर्ड डिप्टी एसपी के बेटों सहित नौ पर केस

Wed, 10 Aug 2022 02:27 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 10 Aug 2022 02:27 AM IST
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fir on nine persons including dypty sp's sons
लखनऊ। फर्जी दस्तावेज से करोड़ों रुपये की जमीन कब्जाने और विरोध करने पर फर्जी केस में फंसाने के मामले में सोमवार रात रिटायर्ड डिप्टी एसपी के तीन बेटों समेत नौ पर पीजीआई थाने में केस दर्ज किया गया है। पीड़ित ने दो साल पहले थाने में तैनात रहे प्रभारी निरीक्षक की भूमिका की भी जांच की मांग की है।
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रायबरेली के चक पचखरा निवासी बाबू कुलदीप कुमार पाल के मुताबिक, पीजीआई थाना क्षेत्र के पटेल डेंटल अस्पताल के सामने करीब 10 हजार वर्गफीट जमीन उनको 74 साल की बुजुर्ग महिला दुर्गेश श्रीवास्तव ने रजिस्टर्ड वसीयत की थी जिस पर वह काबिज थे। इस जमीन पर जुलाई 2020 में अचानक गोरखपुर के हाटा बाजार निवासी रिटायर्ड डिप्टी एसपी शैलेंद्र बहादुर चंद के बेटे स्वंतत्र प्रताप चंद, सत्येंद्र प्रताप चंद, राकेश प्रताप चंद और तीनों की पत्नियों के अलावा दुर्गेश श्रीवास्तव की नौकरानी नाका के चंद्रभान गुप्त नगर निवासी अपराजिता द्विवेदी उर्फ गुड़िया, उसके पति आशुतोष द्विवेदी और उसके ससुर लालाराम द्विवेदी ने कब्जा कर लिया। जानकारी होने पर जब वह पहुंचा तो आरोपियों ने उससे बदसुलूकी कर भगा दिया। पुलिस ने भी मदद नहीं की। आरोप है कि कब्जा करने के दौरान घर में बुजुर्ग दुर्गेश श्रीवास्तव व संतराम पाल मौजूद थे। दोनों लोगों को बुरी तरह पीटा गया। बंधक बनाकर जबरदस्ती सादे कागज पर दस्तखत कराए गए। इसके बाद आरोपियों ने घर में रखे कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों को भी जला दिया था।
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नगर निगम में टैक्स असेसमेंट भी करा लिया
कुलदीप का आरोप है कि दबंगों ने अपने रसूख का प्रयोग कर पुलिस को भी मिला लिया। इसके बाद फर्जी दस्तावेज से नगर निगम में मकान का टैक्स असेसमेंट भी करा लिया। जिस पर आपत्ति की गई तो नगर निगम ने 16 मार्च 2021 को रद कर दिया। पीड़ित ने इस संबंध में पुलिस के कई अधिकारियों से संपर्क किया, लेकिन कोई मदद नहीं मिली। इसके बाद मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत की। आरोप है कि मुख्यमंत्री कार्यालय से मांगी गई आख्या पर थाने से फर्जी रिपोर्ट लगा दी गई। पीड़ित के मुताबिक, इस संबंध में 14 जुलाई को संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था से शिकायत की गई। उन्होंने मामले की जांच कराई। इसके बाद सभी आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। अतिरिक्त निरीक्षक पीजीआई देवेंद्र सिंह के मुताबिक, मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
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