{"_id":"5fe183db8ebc3e3bb274e560","slug":"fir-in-case-of-sending-fake-letter-to-pm-in-the-name-of-cm-case-transferred-to-cbi-lucknow","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएम के नाम पीएम को फर्जी पत्र भेजने के मामले में एफआईआर, सीबीआई लखनऊ को केस स्थानांतरित","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
सीएम के नाम पीएम को फर्जी पत्र भेजने के मामले में एफआईआर, सीबीआई लखनऊ को केस स्थानांतरित
Tue, 22 Dec 2020 11:08 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Tue, 22 Dec 2020 11:08 PM IST
विज्ञापन
सीबीआई
- फोटो : ani
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के फर्जी दस्तखत बना कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र भेजे जाने के मामले में सीबीआई दिल्ली की अपराध शाखा ने एफआईआर दर्ज कर ली है। बाद में यह केस सीबीआई लखनऊ यूनिट को स्थानांतरित कर दिया गया।
प्रधानमंत्री कार्यालय के सहायक निदेशक पीके इस्सर के निर्देश पर सीबीआई लखनऊ यूनिट ने ही इस मामले की जांच की थी। जांच में पता चला था कि पत्र जौनपुर जिले के बदलापुर डाकघर से 13 जून 2019 को भेजा गया था। पत्र भेजने वाले ने अपना नाम संदीप सिंह लिखा था।
सीबीआई ने संदीप से पूछताछ की तो पत्र की लिखावट से पता चला कि यह पत्र उसके जानने वाले जौनपुर निवासी शिवाजी यादव ने भेजा था। जांच में यह भी सामने आया कि शिवाजी मोबाइल फोन के जरिये विशाल यादव नाम के एक व्यक्ति से लगातार संपर्क में था। सीबीआई को विशाल ने बताया कि शिवाजी भाजपा से टिकट लेने की कोशिश में था।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रधानमंत्री कार्यालय के सहायक निदेशक पीके इस्सर के निर्देश पर सीबीआई लखनऊ यूनिट ने ही इस मामले की जांच की थी। जांच में पता चला था कि पत्र जौनपुर जिले के बदलापुर डाकघर से 13 जून 2019 को भेजा गया था। पत्र भेजने वाले ने अपना नाम संदीप सिंह लिखा था।
विज्ञापन
सीबीआई ने संदीप से पूछताछ की तो पत्र की लिखावट से पता चला कि यह पत्र उसके जानने वाले जौनपुर निवासी शिवाजी यादव ने भेजा था। जांच में यह भी सामने आया कि शिवाजी मोबाइल फोन के जरिये विशाल यादव नाम के एक व्यक्ति से लगातार संपर्क में था। सीबीआई को विशाल ने बताया कि शिवाजी भाजपा से टिकट लेने की कोशिश में था।
विज्ञापन