फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   development plans to prepare before budget session.

विकास के लिए अखिलेश सरकार का बड़ा फैसला

Sun, 02 Nov 2014 10:20 PM IST
महेंद्र सिंह/अमर उजाला, लखनऊ
महेंद्र सिंह/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sun, 02 Nov 2014 10:20 PM IST
विज्ञापन
development plans to prepare before budget session.

सरकार चाहती है कि जिलों में जो योजनाएं बनें, प्रदेश के वार्षिक बजट में उन्हें भी शामिल किया जाए। इसके लिए बजट सत्र से पहले ही यह काम पूरा कर लेने की तैयारी है। शासन ने वर्ष 2015-16 के लिए जिलों में विकास योजनाएं तैयार करने के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।

विज्ञापन


प्रदेश में पिछले साल जिलों की विकास योजनाएं बनाने का काम फरवरी में शुरू हुआ था। पांच अप्रैल तक योजनाओं को अंतिम रूप देने का मौका दिया गया था। इस बार शासन ने इसकी तैयारी करीब चार महीने पहले अक्तूबर में ही शुरू कर दी।
विज्ञापन


तय कैलेंडर के अनुसार योजनाएं बन सकीं तो न सिर्फ वित्त विभाग को जिलों की योजनाओं पर विचार के लिए पूरा वक्त मिलेगा बल्कि उसे बजट में शामिल कर विधानमंडल से मंजूरी भी दिलाई जा सकेगी। जिला योजनाएं देर से बनने पर विधानमंडल से उसकी स्वीकृति नहीं हो पाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

जिले की विकास योजना बनाने के लिए इस तरह बना कैलेंडर

development plans to prepare before budget session.

- ग्राम पंचायत स्तर पर विकास योजना तैयार करने की अंतिम तिथि - 15 नवंबर
- क्षेत्र पंचायत स्तर पर ग्राम पंचायतों की योजनाओं को मिलाकर क्षेत्र की विकास योजना तैयार कर जिला पंचायत को भेजने की अंतिम तिथि - 25 नवंबर

- जिला पंचायत स्तर पर क्षेत्र पंचायतों की योजनाओं को मिलाकर जिले की विकास योजना तैयार करने की अंतिम तिथि - 10 दिसंबर

- जिलों में स्थित नगर निगम, नगर पालिका परिषद व नगर पंचायतों द्वारा अपनी-अपनी विकास योजना तैयार करने की अंतिम तिथि - 10 दिसंबर
- जिला योजना समिति द्वारा विकास योजनाओं पर विचार कर जिले की विकास योजना को अंतिम रूप देने की अंतिम तिथि - 31 दिसंबर

वित्त विभाग को मिलेगा अतिरिक्त समय

development plans to prepare before budget session.

इस पर प्रमुख सचिव नियोजन देवेश चतुर्वेदी ने कहा ‘‘सामान्य व्यवस्था है कि पहले प्लान बने तब बजट बने। इस लिहाज से जिला योजनाएं बजट से पहले बन जानी चाहिए। इसका फायदा ये होगा कि जिलों की योजनाओं को भी बजट में शामिल किया जा सकेगा और उसे विधानमंडल की स्वीकृति दिलाई जा सकेगी। समय से योजना तैयार होने से वित्त विभाग को उस पर विचार का पूरा मौका भी मिल जाएगा। जल्द ही जिलों को राज्य संसाधनों से आवंटित होने वाले परिव्यय को भी भेज दिया जाएगा।’’

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed