अखिलेश बोले, जब तक चौराहे पर पुलिस वाले खड़े हैं, कैसे दूर होगा भ्रष्टाचार
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने नोटबंदी के माध्यम से कालेधन और भ्रष्टाचार को खत्म करने के भाजपा के दावे को खोखला बताते हुए कहा कि जब तक चौराहे पर पुलिस वाले खड़े हैं, भ्रष्टाचार कैसे दूर हो सकता है।
जब तक हम और आप नहीं चाहेंगे, कोई भी नियम-कायदा भ्रष्टाचार खत्म नहीं कर सकता। इस तरह के नोटबंदी के फैसलों से जनता की दिक्कतें बढ़ती हैं। सीएम ने अगली बार सपा की सरकार बनने पर हर जिले में मिड डे मील के लिए केंद्रीयकृत रसोई और सभी स्कूलों में कुर्सी-मेज का इंतजाम करने का वादा भी किया।
सीएम सोमवार को मध्याह्न भोजन योजना के तहत 11 जिलों में अक्षयपात्र संस्था के माध्यम से बनाए जाने वाले केंद्रीयकृत रसोईघर के शिलान्यास कार्यक्रम में बोल रहे थे।
लोकभवन में आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने कहा, जब हमने मथुरा में अक्षयपात्र की केंद्रीयकृत रसोई देखी, उसी दिन तय कर लिया था कि यह सुविधा और जिलों को भी देनी है।
'हर मंत्री इसे अपने जिले में लाना चाहता था'
जब हम कैबिनेट में अक्षयपात्र को 11 जिलों में केंद्रीयकृत रसोई बनाने के लिए राशि देने का प्रस्ताव लाए, तो एक भी ऐसा मंत्री नहीं था, जो इस संस्था को अपने जिले में लाना न चाह रहा हो।
पूर्व मंत्री योगेश प्रताप सिंह कह रहे हैं कि जब वे मंत्री थे तो उनका जिला योजना में शामिल था, पर अब हटा दिया गया। मैं उनसे कहना चाहता हूं कि समाजवादी लोग फिर सरकार बनाने जा रहे हैं और अगली बार इस योजना में सबसे पहले उनका जिला शामिल होगा। बेसिक शिक्षा के क्षेत्र में अभी बहुत कुछ किया जाना बाकी है।
हाईकोर्ट ने भी कहा है कि बच्चों को बैठने के लिए कुर्सी-मेज की व्यवस्था नहीं है। आने वाले समय में हम सभी स्कूलों में कुर्सी-मेज का इंतजाम तो करेंगे ही, स्कूलों की बिल्डिंग भी दुरुस्त करेंगे। भविष्य में वीडियो के माध्यम पढ़ाई यानी ऑनलाइन एजुकेशन पर भी ध्यान देने की योजना हमने बनाई है।
हर गरीब पढ़े यह सरकार की जिम्मेदारी
उन्होंने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सूचकांक बेहतर होने पर ही भविष्य बेहतर होगा। यह सरकार की जिम्मेदारी है कि हर गरीब बच्चा पढ़े।
अरबिंदो सोसाइटी के माध्यम से हम शिक्षकों को ट्रेंड भी कर रहे हैं। मैनपुरी के एक स्कूल में मैं गया तो वहां बहुत ही कम बच्चे थे। दिवाली का मौका था, मैंने हर बच्चे को 500 रुपये दिए। आज वहां काफी संख्या में बच्चे आ रहे हैं कि पता नहीं कब सीएम रुपये बांटने आ जाएं।
धन निकासी से पाबंदी हटते ही लोग फिर इकट्ठा कर लेंगे रुपये
मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि दुनिया के जाने-माने अर्थशास्त्री भी उनके नोटबंदी के फैसले को गलत ठहरा रहे हैं। जैसे ही धन निकासी पर लगी पाबंदी हटेगी, लोग फिर रुपये इकट्ठा कर लेंगे।
अपराधियों को राजनीति से दूर रखना चाहते हैं सीएम
बेसिक शिक्षा मंत्री अहमद हसन ने कहा कि अगर अखिलेश यादव यूपी के मुख्यमंत्री नहीं होते तो अक्षयपात्र संस्था कभी प्रदेश में आना कुबूल नहीं करती।
अखिलेश यादव तमाम चुनौतियों का सामना करते हुए विकास कार्य करा रहे हैं। वे राजनीति से अपराधियों को दूर रखना चाहते हैं।
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री रामगोविंद चौधरी, दुर्गा प्रसाद यादव, राजेंद्र चौधरी और कमाल अख्तर के अलावा कांग्रेस विधायक प्रदीप माथुर भी मौजूद रहे। सीएम ने माथुर का जिक्र करते हुए कहा कि मथुरा में पहली बार उनके कहने पर ही अक्षयपात्र की रसोई देखी।