फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Delhi Blast: Father says Dr Shaheen was not in contact for one and a half years, many secrets revealed during

Delhi Blast: पिता बोले-डेढ़ साल से संपर्क में नहीं थी डॉक्टर शाहीन, एटीएस पूछताछ में सामने आए कई राज

Tue, 11 Nov 2025 09:03 PM IST
आकाश द्विवेदी अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: आकाश द्विवेदी Updated Tue, 11 Nov 2025 09:03 PM IST
सार

पिता सईद ने बताया कि शाहीन के बारे में कुछ पता नहीं है। मुझे यकीन नहीं हो रहा है कि उनकी बेटी संदिग्ध गतिविधियों में शामिल हो सकती है।

विज्ञापन
Delhi Blast: Father says Dr Shaheen was not in contact for one and a half years, many secrets revealed during
पिता एटीएस पूछताछ कर रही है - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार

आतंकी घटना को अंजाम देने के लिए एकत्र किए गए विस्फोटक के साथ फरीदाबाद से पकड़ी गई डॉ. शाहीन डेढ़ वर्ष से परिवार के संपर्क में नहीं थी। पूछताछ में शाहीन के पिता सईद अंसारी ने यह दावा किया है। उन्होंने बताया कि उनके तीन बच्चे हैं, जिसमें बड़ा बेटा शोएब है। डॉ. शाहीन दूसरे, जबकि डॉ. परवेज तीसरे नंबर पर हैं। लोकसेवा आयोग से चयनित होकर शाहीन कानपुर के गणेश शंकर विद्यार्थी मेडिकल कॉलेज में बतौर असिस्टेंट प्रोफेसर काम कर चुकी है।

विज्ञापन


परिजनों ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में कुछ वर्ष काम करने के बाद वर्ष 2013 में बिना कोई नोटिस दिए शाहीन ने वहां जाना छोड़ दिया था। शाहीन की शादी महाराष्ट्र निवासी जफर हयात से हुई थी। आपसी विवाद के कारण वर्ष 2015 में दोनों अलग हो गए। उधर, अनुपस्थित रहने की वजह से वर्ष 2021 में मेडिकल कॉलेज ने डॉ. शाहीन को बर्खास्त कर दिया था।
विज्ञापन


नौकरी जाने के बाद शाहीन फरीदाबाद चली गई थी। माना जा रहा है कि इसी दौरान वह डॉ. मुजम्मिल के संपर्क में आई। परिजनों के मुताबिक शाहीन ने प्रयागराज से करीब 25 वर्ष पहले मेडिकल की पढ़ाई की थी। मुजम्मिल अल फलह यूनिवर्सिटी में डॉक्टर था। मुजम्मिल ने महिला मित्र शाहीन को भी अल फलह यूनिवर्सिटी से जोड़ा था।
विज्ञापन
विज्ञापन


पिता सईद का कहना है कि उन्हें शाहीन के बारे में कुछ पता नहीं है। पुलिस ने ही उन्हें बताया कि शाहीन को गिरफ्तार किया गया है। सईद ने कहा कि उन्हें यकीन नहीं हो रहा है कि उनकी बेटी संदिग्ध गतिविधियों में शामिल हो सकती है।

आठ दिन पहले हुई थी डॉ. परवेज से बात

पिता सईद ने बताया कि वह हर हफ्ते परवेज से फोन पर बात करते हैं। आखिरी बार उनकी परवेज से फोन पर चार नवंबर को बात हुई थी। वह आईआईएम रोड स्थित मुतक्कीपुर के तकवा कॉलोनी में मकान बनवाकर रहता है। एक सप्ताह से उनकी बेटे से बात नहीं हुई। पिता सईद खंदारी बाजार में करीब 200 स्क्वाॅयर फीट के तीन मंजिला मकान में रहते हैं। वह वन विभाग से सेवानिवृत्त हैं। एटीएस ने सईद के घर से मोबाइल फोन और हार्ड डिस्क को कब्जे में लिया है।

शाहीन के भाई परवेज के घर से लैपटॉप बरामद

पुलिस सूत्रों के अनुसार डॉ. मुजम्मिल के पास मिले कार में एके 47 बरामद किया गया था। पूछताछ में मुजम्मिल ने डॉ. शाहीन का नाम लिया था। इसके बाद शाहीन गिरफ्तार की गई। छानबीन में सामने आया कि शाहीन अपने भाई डॉ. परवेज के संपर्क में थी। इसके बाद मंगलवार सुबह करीब आठ बजे एटीएस और जम्मू-कश्मीर पुलिस परवेज के आईआईएम रोड स्थित मकान पर पहुंची। घर पर ताला लगा था, जिसे तोड़कर टीम भीतर दाखिल हुई। एटीएस को परवेज के घर से एक लैपटाॅप मिला है।

कार पर मिला इंटीग्रल यूनिवर्सिटी का पास

परवेज के घर के बाहर एक कार खड़ी मिली। कार पर इंटीग्रल यूनिवर्सिटी का पास लगा था। छानबीन में पता चला कि परवेज वहां पर काम करता था। कार परवेज के भाई शोएब के नाम है, जो सहारनपुर में रजिस्टर्ड है। फरीदाबाद से बरामद कार परवेज के नाम रजिस्टर्ड है।

करीब चार घंटे तक खुफिया एजेंसियों ने परवेज का घर खंगाला। एटीएस ने आस पड़ोस के लोगों से भी परवेज के बारे में जानकारी जुटाई है। माना जा रहा है कि परवेज को उसके साथियों के पकड़े जाने की भनक लग गई थी, जिसके बाद वह घर से भाग निकला था।

डॉ. परवेज ने एक सप्ताह पहले दिया था इस्तीफा

इंटीग्रल विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रो. मोहम्मद हासिर सिद्दीकी के मुताबिक डॉ. परवेज अंसारी ने एक सप्ताह पहले ही संस्थान से इस्तीफा दे दिया था। डॉ. परवेज सईद अंसारी मेडिसिन विभाग में सीनियर रेजिडेंट के रूप में काम कर रहे थे। उनका इस्तीफा तत्काल मंजूर भी हो गया था।

उन्होंने इस्तीफे का कारण व्यक्तिगत बताया था। इंटीग्रल विश्वविद्यालय प्रशासन ने डॉ. परवेज के कामकाज को संतोषजनक बताया है। इस तरह की घटना में लिप्त होने पर हैरत भी जताई। रजिस्ट्रार के मुताबिक, कामकाज में कभी भी शिकायत नहीं आई थी, हालांकि इंटीग्रल प्रशासन ने डॉ. परवेज के इस्तीफे की कॉपी उपलब्ध नहीं कराई। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed