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डॉलर की गड्डी के लिफाफे से ये क्या निकला?
विवेक त्रिपाठी/लखनऊ
Updated Fri, 25 Oct 2013 07:09 AM IST
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डॉलर का लालच देकर ठगों ने एक व्यापारी को तीन लाख रुपये का चूना लगा दिया। ठगों ने व्यापारी को बृहस्पतिवार सुबह ट्रॉमा सेंटर बुलाया और झोले में डॉलर की गड्डियां रखी होने का झांसा देकर रुपये ले लिए।
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ठगों के जाने के बाद व्यापारी ने झोला खोला। अंदर अखबार में लिपटी रिन साबुन की बट्टी व रद्दी कागज देखकर उसके होश उड़ गए। व्यापारी ने चौक थाना में अज्ञात ठगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है।
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आलमबाग के रामनगर निवासी विनय कुमार तलवार पुरानी कारों की खरीद-फरोख्त का काम करते हैं। विनय ने बताया कि शनिवार 19 अक्तूबर को वह बिस्कुट खरीदने के लिए घर से निकले थे।
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घर के पास पंजाब नेशनल बैंक की शाखा के बाहर खड़े दो युवकों ने उन्हें रोक लिया। बकौल विनय, लड़के बंगाली भाषा बोल रहे थे। उन्होंने एक डॉलर दिखाते हुए पूछा कि यह नोट कहां चलता है?
विनय ने डॉलर चेक कराने की बात कही तो लड़कों ने बताया कि वह बाहर से आए हैं और यहां कोई जान-पहचान का नहीं है। लड़कों ने विनय से मदद मांगी तो वह उन्हें अपने घर ले आए।
चाय-नाश्ता कराने के साथ ही डॉलर के बारे में पूछताछ शुरू कर दी। लड़कों ने बताया कि उनका एक दोस्त किसी अंग्रेज के घर पर नौकरी करता था। बीमारी से मौत पर अमेरिका से परिवारवालों ने अंतिम संस्कार किया।
इसके बाद घर का सारा सामान कबाड़ी को बेच दिया। जबकि गद्दा-तकिया फेंक दिया था, उन्होंने उठा लिया। गद्दा काटने पर उसमें डॉलर की दस गड्डियां निकलीं। कैश कराने के लिए भटक रहे थे।
लड़कों ने झांसे में आए विनय से दस गड्डी डॉलर के बदले छह लाख रुपये मांगे। तीन लाख पहले व तीन लाख रुपये डॉलर कैश होने के बाद। लड़कों ने अपना मोबाइल नंबर भी विनय को दिया।
कई बार मुलाकात के बाद विनय ने सौदा कर लिया। बृहस्पतिवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे लड़कों ने विनय को फोन कर मेडिकल कॉलेज के गेट नंबर दो पर बुलाया। विनय पहुंचे तो लड़कों ने एक झोले में डॉलर रखे होने की बात कहते हुए रुपये मांगे।
विनय ने झोला खोलकर दिखाने को कहा तो लड़कों ने भीतर हाथ डालकर दो डॉलर निकालकर दिखाए। झांसे में आए विनय ने तीन लाख रुपये देकर झोला ले लिया।
कुछ दूर जाने के बाद विनय ने झोला खोला, अंदर अखबार में लिपटी एक रिन साबुन की बट्टी और रद्दी के टुकड़े देख तुरंत लौटे लेकिन टप्पेबाज गायब हो चुके थे।
ठगी में शामिल थे चार बदमाश
ठगी में लड़कों के अलावा दो अन्य शातिर भी शामिल थे। इसमें से एक बिचौलिया बनकर आया था। विनय ने बताया कि ठगी करने वाले दोनों लड़के खुद को पुताई वाला बता रहे थे।
चारों शातिरों ने मिलकर ऐसी कहानी गढ़ी जिसमें विनय फंसते चले गए। अक्सर दोनों आपस में बहस करने लगते थे।
एक कहता था डॉलर कैश कराने पर फंस सकते हैं इसलिए बेच दो तो दूसरा कीमत पता कर एक-एक डॉलर कैश कराने की बात कहता था। बीच-बीच में दोनों बंगाली भाषा में बात करने लगते थे।