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लखनऊ: फर्जी शिक्षिका पर नहीं दर्ज किया जा रहा केस, जारी किया जा चुका है सेवा समाप्ति का आदेश
Sat, 17 Jul 2021 05:00 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Sat, 17 Jul 2021 05:00 PM IST
सार
एडी बेसिक पीएन सिंह ने बताया कि गत 23 जून को सीता पाठक की सेवा समाप्ति के आदेश जारी किए गए। साथ ही एबीएसए बीकेटी को एफआईआर दर्ज करने के भी आदेश दिए, लेकिन उसने इस पर कार्रवाई नहीं की।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
एसटीएफ की जांच रिपोर्ट के आधार पर प्राथमिक विद्यालय सुबंशीपुर बीकेटी में तैनात शिक्षिका सीता पाठक के बीए और बीएड के शैक्षिक प्रमाण पत्र फर्जी पाए गए। एडी बेसिक ने व कार्यकारी बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सेवा समाप्ति का आदेश भी जारी कर दिया। साथ ही उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के भी आदेश दिए, लेकिन स्थानीय अधिकारी स्तर पर मामले को दबा दिया गया और एफआईआर दर्ज नहीं की गई।
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एडी बेसिक पीएन सिंह ने बताया कि गत 23 जून को सीता पाठक की सेवा समाप्ति के आदेश जारी किए गए। साथ ही एबीएसए बीकेटी को एफआईआर दर्ज करने के भी आदेश दिए, लेकिन उसने इस पर कार्रवाई नहीं की। उन्होंने बताया कि बताया कि फर्जी शिक्षकों के मामलों में मुख्यमंत्री के आदेश पर पिछले कुछ महीने एसटीएफ ने जांच की।
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जांच में सीता पाठक का 1993 का बीए का अंकपत्र और 1996 का बीएड का अंकपत्र गड़बड़ मिला। इसकी सत्यता पुष्ट नहीं हो पाई। जिसके बाद एडी बेसिक ने उसकी सेवाएं समाप्त करने का आदेश जारी किया। उन्होंने बताया कि मामले को लेकर एबीएसए को एफआईआर दर्ज कराने को भी निर्देश दिए, लेकिन अभी तक रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई।
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... तो मामले को दबा रहे स्थानीय अधिकारी
एडी बेसिक ने साफ कहा है कि जांच में प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए। सेवा समाप्ति से पहले कई बार उसे अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया गया, लेकिन वह प्रस्तुति नहीं हुई। बताया जा रहा है कि उसका यह मामला न्यायालय में भी विचाराधीन है।