फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   An investigative team has been formed in self immolation case of a woman in front of Supreme Court.

यूपी: सुप्रीम कोर्ट के सामने युवती के आत्मदाह मामले की जांच कराएगी योगी सरकार, बसपा सांसद पर लगाया था आरोप

Wed, 18 Aug 2021 03:27 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Wed, 18 Aug 2021 03:27 PM IST
सार

घोषी सांसद अतुल राय के खिलाफ दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराने वाली बलिया निवासी पीड़िता और उसके गवाह ने सोमवार को नई दिल्ली स्थित सुप्रीम कोर्ट परिसर में पेट्रोल छिड़क आग लगा ली थी। झुलसे हाल में दोनों को राममनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। आत्मदाह से पूर्व दुष्कर्म पीड़िता ने वाराणसी पुलिस पर भी आरोप लगाया था।

विज्ञापन
An investigative team has been formed in self immolation case of a woman in front of Supreme Court.
प्रतीकात्मक तस्वीर

विस्तार

उत्तर प्रदेश सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के सामने युवती के आत्मदाह प्रकरण की जांच के लिए दो सदस्यीय कमेटी का गठन कर दिया है। यह कमेटी दो सप्ताह में राज्य सरकार को रिपोर्ट सौंपेगी। युवती ने बसपा सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाया था। दो सदस्यीय टीम में आईपीएस आरके विश्वकर्मा और आईपीएस नीरा रावत शामिल हैं। यह टीम पीड़ित युवती द्वारा पुलिस अफसरों, कर्मचारियों व अन्य लोगों पर लगाए गए सभी आरोपों की जांच करेगी।

विज्ञापन


वहीं, मामले में मंगलवार को दुष्कर्म पीड़िता के खिलाफ दर्ज मुकदमे की विवेचना में लापरवाही बरतने पर कैंट इंस्पेक्टर राकेश कुमार सिंह और दरोगा गिरजाशंकर यादव को निलंबित कर दिया गया। पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश के आदेश पर दोनों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। रामनगर थाने पर तैनात प्रभारी निरीक्षक वेद प्रकाश राय को कैंट थाने का प्रभारी और रतनेश्वर सिंह को एसीपी कैंट की कमान सौंपी गई। पीड़िता के मुकदमे की विवेचना अब इंस्पेक्टर वेद प्रकाश राय करेंगे।
विज्ञापन


दरअसल, घोषी सांसद अतुल राय के खिलाफ दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराने वाली बलिया निवासी पीड़िता और उसके गवाह ने सोमवार को नई दिल्ली स्थित सुप्रीम कोर्ट परिसर में पेट्रोल छिड़क आग लगा ली थी। झुलसे हाल में दोनों को राममनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया था। आत्मदाह से पूर्व दुष्कर्म पीड़िता ने वाराणसी पुलिस पर भी आरोप लगाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


मुकदमे की विवेचना में लापरवाही और बगैर साक्ष्य संकलन के रिपोर्ट लगाने पर कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार सिंह और दरोगा गिरजाशंकर यादव को निलंबित किया गया है। घोषी सांसद के भाई पवन सिंह के प्रार्थना पत्र के आधार पर न्यायालय के आदेश पर पीड़िता के खिलाफ नवंबर 2020 में कैंट थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद दो अगस्त को पीड़िता के खिलाफ कोर्ट के आदेश पर गैर जमानती वारंट जारी किया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed