धार्मिक प्रतिष्ठानों, पेट्रोल पंपों समेत शहर के प्रमुख स्थलों को सीसीटीवी से किया जाए लैस : योगी
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प्रदेश में प्रमुख स्थानों की सुरक्षा की खास निगरानी की जाए। धार्मिक प्रतिष्ठानों, पेट्रोल पंपों, व्यावसायिक व औद्योगिक प्रतिष्ठानों, एटीएम और बैंकों को सीसीटीवी कैमरों से लैस किया जाए। ये निर्देश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में दिए।
मुख्यमंत्री ने अयोध्या प्रकरण में उच्चतम न्यायालय के निर्णय के दिन पुलिस प्रबंध की प्रशंसा की और अधिकारियों की पीठ थपथपाई। उन्होंने कहा कि इस सुरक्षा व्यवस्था को 15 दिसंबर तक बनाए रखा जाए। उन्होंने फुट पेट्रोलिंग, यूपी 112 पेट्रोलिंग, पीस कमेटियों, धर्मगुरुओं के साथ संपर्क और संवाद रखे जाने पर जोर देते हुए सुरक्षा के संबंध में कोई शिथिलता या लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए।
बैंक अधिकारी संदिग्ध गतिविधियां तत्काल पुलिस को बताएं
सीएम ने शनिवार को राज्य स्तरीय सुरक्षा कमेटी (बैंकिंग) की बैठक की भी अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि बैंकों की सुरक्षा के लिए पुलिस और बैंक अधिकारियों के बीच समन्वय जरूरी है। इसके लिए तकनीक का भरपूर इस्तेमाल किया जाए। बैंकिंग शाखाओं पर उच्च गुणवत्ता के सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। बैंक अधिकारी सीसीटीवी कैमरों में कैद होने वाली संदिग्ध गतिविधियों को तत्काल पुलिस के साथ साझा करें।
कुंभ जैसी हो बैंक, करेंसी चेस्ट, एटीएम और ग्राहक सेवा केंद्रों की सुरक्षा
सीएम योगी ने कहा कि प्रयागराज कुंभ मेले में सुरक्षा के बेहद पुख्ता इंतजाम किए गए थे। उसी तरह बैंक, करेंसी चेस्ट, एटीएम और ग्राहक सेवा केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था फुलप्रूफ की जा सकती है। मौजूदा परिवेश में साइबर क्राइम बड़ी चुनौती बन गया है।
प्रदेश में साइबर क्राइम के दो थाने लखनऊ और नोएडा में हैं। रेंज स्तर पर एक-एक साइबर थाना खोले जाने की प्रक्रिया चल रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरनेट कनेक्टिविटी और बेहतर की जा रही है। अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी ने मुख्यमंत्री को बताया कि बैंकों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। डीजीपी ओमप्रकाश सिंह ने कहा कि सुरक्षा उपकरण लगाने के साथ ही इन्हें वर्किंग कंडीशन में रखा जाना जरूरी है।
बैंक फ्रॉड की ऑनलाइन एफआईआर की व्यवस्था है। फ्रॉड के 24 घंटे के अंदर जानकारी होने पर शीघ्र समाधान संभव हो पाता है। आरबीआई के क्षेत्रीय निदेशक लक्ष्मीकांत राव, मुख्य महाप्रबंधक आरके मोहंती और सेंट्रल सिक्योरिटी सेल के सुरक्षा सलाहकार केपी रघुवंशी ने भी विचार रखे। इस मौके पर अपर मुख्य सचिव वित्त संजीव कुमार मित्तल भी मौजूद थे।