{"_id":"da0223f68f10363c651e8d496bf64dd1","slug":"call-terrorist-says-yashhen-bhatakal","type":"story","status":"publish","title_hn":"ये कैसा 'दीक्षांत', छात्र को ही कह दिया आतंकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ये कैसा 'दीक्षांत', छात्र को ही कह दिया आतंकी
आशीष कुमार त्रिवेदी/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Sun, 12 Jan 2014 01:39 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देखिए क्या मैं आतंकी लगता हूं। अगर नहीं लगता तो फिर लखनऊ विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में मुझे तीन बार चेकिंग के लिए क्यों सीट से उठाकर बुलाया गया। आखिर मेरी कोई इज्जत है या नहीं है।
विज्ञापन
इतना कहने के साथ ही जाहिद फलाही फफक कर रोने लगता है। उसका कहना है कि जब दीक्षांत समारोह के पंडाल में स्टूडेंट्स को एक बार गेट पर मेटल डिटेक्टर से चेक करके भेजा गया, तो मुझे तीन बार क्यों बुलाया गया।
विज्ञापन
जबकि गेट पर खुद हॉस्टल के प्रोवोस्ट खड़े थे। छात्र का कहना है कि जब हमारे कमरे की चेकिंग एलयू प्रशासन ने करवाई तो मुझे ‘यासीन भटकल’ कहकर पुकारा गया।
उसने इसकी लिखित शिकायत कुलपति डॉ. एसबी निमसे से की है। इसके अलावा मुख्यमंत्री, अल्पसंख्यक आयोग के चेयरमैन को ईमेल से शिकायत कर दी है।
उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी से भी शिकायत करेगा। उधर, यूनिवर्सिटी प्रशासन आरोपों को निराधार बताते हुए कहा है कि वह कमरे में हीटर लगाकर खाना पकाता था। उसका हीटर व बर्तन छीन लिए गए।
विज्ञापन
वह खुन्नस निकाल रहा है। लखनऊ विवि में बीती 9 जनवरी को दीक्षांत समारोह था और इसमें बतौर मुख्य अतिथि उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी मौजूद थे।
समारोह में आचार्य नरेन्द्र देव हॉस्टल के कमरा नंबर पांच में रहने वाला बीए द्वितीय वर्ष का छात्र जाहिद फलाही भी पहुंचा। जाहिद का आरोप है कि पहले मुख्य द्वार पर उसकी तलाशी ली गई।
इसके बाद पंडाल से तीन बार उठाकर मेटल डिटेक्टर से चेकिंग की गई। ऐसे में सभी स्टूडेंट व कार्यक्रम में आए अन्य लोग उसे संदेह की नजर से देखने लगे।
आखिर ऐसा व्यवहार उसी के साथ क्यों किया गया, जबकि गेट पर खुद प्रोवोस्ट डॉ. ओपी शुक्ला तैनात थे। छात्र का आरोप है कि उन्हीं के इशारे पर ऐसा किया गया है।
यही नहीं, जब रूम की चेकिंग की गई तो मुझे ‘यासीन भटकल’ कहकर बुलाया गया। छात्र का कहना है कि कुलपति डॉ. एसबी निमसे ने बुधवार तक कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।
वहीं, आचार्य नरेन्द्र देव हॉस्टल के प्रोवोस्ट डॉ. ओपी शुक्ला कहते हैं कि अभी कुछ समय पहले ही छात्र के कमरे में छापा मारा गया तो वहां पर हीटर व बर्तन मिले।
जिसे जब्त कर लिया गया। ऐसे में कुछ छात्र नेताओं के इशारे पर यह छात्र मनगढंत आरोप लगा रहा है। यह एक सोची समझी चाल है। आज तक किसी भी छात्र में कोई फर्क किया ही नहीं।
जब छात्रों से मेस व अन्य शुल्क मांगों तो वह ऐसे ही आरोप लगा देते हैं।