मुख्यमंत्री आदित्यनाथ के साथ ही अफसरशाही भी एक्शन में
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मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी के एक्शन में आने के बाद अफसरशाही भी कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने में जुट गई है। सोमवार सवेरे सीएम ने पुलिस अफसरों को बुलाकर बेहतर कानून व्यवस्था को लेकर अपनी मंशा बताई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम लोगों को सुरक्षा की भावना का अहसास होना चाहिए तथा जनता के प्रति पुलिस संवेदनशील बने। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार बिना किसी भेदभाव के समाज के सभी वर्गों के लिए काम करेगी और इसके लिए शासन प्रशासन को संवेदनशील व जवाबदेह बनाया जाएगा।
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद प्रमुख सचिव गृह देबाशीष पंडा और डीजीपी जावीद अहमद ने जिलों में तैनात डीएम और एसएसपी के साथ-साथ आईजी, डीआईजी और कमिश्नर के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग कर निर्देश दिए।
सूची बनाकर गुंडों, अपराधियों के खिलाफ करें कार्रवाई
प्रमुख सचिव गृह ने एडीजी कानून व्यवस्था दलजीत सिंह चौधरी को एक निर्धारित प्रारूप में अपराध नियंत्रण की कार्रवाई के लिए सूचनाएं इकट्ठा करने को कहा है। साथ ही गुंडों, अपराधियों और माफियाओं की सूची बनाकर उनके विरुद्घ सख्त कार्रवाई करने को कहा है।
उन्होंने कहा कि इसकी नियमित समीक्षा की जाएगी। पुलिस कस्टडी में मौत पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। वीडियो कांफ्रेंसिंग में अधिकारियों को साफ निर्देश दिए गए कि प्रदेश में सांप्रदायिक सौहार्द हर हालत में सुनिश्चित किया जाए इसके लिए शांति समितियों की बैठकें कर लोगों से जरूरी संवाद भी किया जाए।
सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाने वाले तत्वों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। पंडा ने कहा कि पुलिस अपने व्यवहार और कार्यशैली को दुरुस्त कर आम जनता में अपनी बेहतर छवि प्रदर्शित करे।
मुकदमा दर्ज करने में भेदभाव पर होगी सख्त कार्रवाई
जिला एवं पुलिस प्रशासन के अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया गया कि छोटी से छोटी घटनाओं पर कड़ी नजर रखी जाए। साथ ही समय रहते प्रभावी कार्यवाही भी सुनिश्चित की जाए ताकि घटना को बड़ा रूप लेने से रोका जा सके। किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गोकशी की घटनाओं पर लगे सख्ती से रोक
प्रमुख सचिव गृह ने अफसरों से कहा कि गोकशी पर सख्ती से रोक लगाई जाए। ऐसी घटनाओं के थानाध्यक्ष और क्षेत्राधिकारी जिम्मेदार होंगे।
वहीं, जघन्य अपराधों को रोकने में विफल रहने पर थानाध्यक्ष सहित अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रमुख सचिव ने लंबित विवेचनाओं को विशेष अभियान चलाकर निस्तारित करने के भी निर्देश दिए।