बर्ड फ्लू की दहशत से सिमटा चिकन कारोबार, तीन दिन में 50 फीसदी मांग गिरी, 60 रुपये दाम घटे
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बर्ड फ्लू की दहशत से अंडा व नॉनवेज का कारोबार पटरी से उतर गया है। कारोबारियों का कहना है कि तीन दिन में मांग 50 फीसदी तक गिर गई है और आने वाले एक-दो दिन में मांग और कीमत दोनों में कमी आएगी। कोरोना के बाद अब बर्ड फ्लू ने कारोबारियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
60 रुपये कम हो गए दाम
कुरैशी वेलफेयर फाउंडेशन के पदाधिकारी व नॉनवेज कारोबारी रहनुमा कुरैशी कहते हैं कि लखनऊ में नॉनवेज की करीब 5000 टन की खपत हर दिन होती है। इसमें 70 फीसदी चिकन होता है। खपत घटकर आधी रह गई है। 180 रुपये किलो बिकने वाला चिकन 120 रुपये किलो तक जा पहुंचा है, यही हाल रहा तो कल तक कीमत 100 रुपये चली जाएगी। जबकि भारत में तो वैसे ही चिकन पकाकर खाया जाता है, पका कर खाने से कोई नुकसान नहीं होता है। मटन 550-600, मछली तो 100 रुपये किलो से शुरू हो जाती है। रहनुमा कहते हैं कि एक में दिक्कत का असर मटन-मछली पर भी पड़ेगा।
एक गाड़ी ही हुई सप्लाई
लखनऊ मुर्गा सप्लाई समिति के रशीद सुल्तान कहते हैं कि समिति से 700 दुकानदार जुड़े हैं। इनमें से 70 से 80 बड़े सप्लायर हैं, जिनके यहां से हर दिन कम से कम तीन छोटी गाड़ियां अंडा सप्लाई होता था। फिलहाल एक गाड़ी ही निकल रही है। 180-200 रुपये ट्रे अंडा बिकता था, अब दाम घटकर 120-140 रह गया है।
डर और आशंका दूर करने की मांग
रहनुमा कुरैशी, वरसीद सुल्तान कहते हैं कि बर्ड फ्लू का यूपी में एक भी मामला नहीं मिली है। सावधानी जरूरी है, लेकिन डर और आशंका दूर करने के लिए नगर निगम व अन्य जिम्मेदार लोगों को काम करना चाहिए, वरना इससे जुड़े कारोबारी एक बार फिर से भुखमरी के कगार पर आ जाएंगे।