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UP News: पूर्व मंत्री संग्राम सिंह वर्मा का निधन, तीन बार बने थे विधायक, कुर्मी समाज के प्रभावशाली नेता थे
Mon, 30 Mar 2026 04:14 PM IST
Ishwar Ashish Bhartiya
अमर उजाला नेटवर्क, बाराबंकी
अमर उजाला नेटवर्क, बाराबंकी
Published by: Ishwar Ashish Bhartiya
Updated Mon, 30 Mar 2026 04:14 PM IST
सार
पूर्व मंत्री व तीन बार विधायक रहे संग्राम सिंह वर्मा का 92 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। बाराबंकी में कुर्मी समाज के प्रभावशाली नेताओं में उनकी गिनती होती थी।
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पूर्व मंत्री संग्राम सिंह वर्मा
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
पूर्व मंत्री संग्राम सिंह वर्मा का सोमवार को निधन हो गया। वह लगभग 92 वर्ष के थे। लखनऊ के निजी अस्पताल में पिछले एक हफ्ते से उनका उपचार चल रहा था। वहीं पर उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर मिलते ही पूरे जनपद में शोक की लहर दौड़ गई और राजनीतिक, सामाजिक एवं प्रशासनिक क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने गहरा दुःख व्यक्त किया।
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संग्राम सिंह वर्मा प्रदेश सरकार में कृषि राज्य मंत्री तथा रेशम उद्योग मंत्री के रूप में अपनी सेवाएं दे चुके थे। वह बाराबंकी से तीन बार विधायक निर्वाचित हुए और लंबे समय तक क्षेत्र की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाते रहे।
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जिले में कुर्मी समाज के प्रभावशाली नेताओं में उनकी गिनती होती थी। दिग्गज नेता बेनी प्रसाद वर्मा के बाद उन्होंने कुर्मी समाज में अपनी अलग पहचान बनाई और संगठनात्मक स्तर पर भी मजबूत पकड़ रखी। राजनीतिक जीवन में उन्होंने समय-समय पर दल परिवर्तन भी किया। वर्ष 2017 में उन्होंने समर्थकों के साथ भाजपा का दामन थामा, जबकि वर्ष 2022 में वह समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए थे। उनके इस फैसले ने जिले की राजनीति में खासा प्रभाव डाला था।
उनका परिवार भी राजनीति में सक्रिय रहा है। उनके भाई सुरेंद्र वर्मा हरख ब्लॉक के प्रमुख रह चुके हैं, जबकि उनकी पत्नी शीला सिंह जिला पंचायत अध्यक्ष रहने के बाद वर्तमान में नगर पालिका अध्यक्ष के पद पर कार्यरत हैं। अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए उन्होंने 50 लाख रुपये का योगदान दिया था, जिसे लेकर उन्हें व्यापक सराहना मिली थी।
संग्राम सिंह वर्मा के निधन से जिले की राजनीति में एक युग का अंत माना जा रहा है। उनके समर्थकों और शुभचिंतकों के बीच शोक और संवेदना का माहौल है। प्रशासनिक एवं राजनीतिक हस्तियों द्वारा उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की जा रही है।