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अब कुरैशी समाज के निशाने पर आए आजम
राजेंद्र सिंह/लखनऊ
Updated Tue, 03 Dec 2013 10:33 PM IST
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कुरैशी समाज ने मंगलवार को नाम लिए बिना नगर विकास मंत्री आजम खां पर निशाना साधा।
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सभी वक्ताओं ने सरकार से पैत्रक कारोबार को बचाने की गुजारिश की।
तय किया गया कि सरकार ने सकारात्मक रुख न दिखाया तो 12 फरवरी को लखनऊ में विशाल रैली की जाएगी।
ऑल इंडिया जमीअतुल कुरैश के सम्मेलन में प्रदेश अध्यक्ष डॉ. यूसुफ कुरैशी ने कहा कि सहारनपुर और मेरठ से लखनऊ तक कुरैशियों के कारोबार पर हमले किए जा रहे हैं। सौ पशुवधशालाएं बंद करा दी गईं।
उन्होंने आजम खां का नाम लिए बिना कहा कि नगर विकास विभाग ने दो शासनादेश जारी किए हैं। इनसे कारोबार करना मुश्किल हो जाएगा।
स्लाटर हाउस की देखरेख के लिए प्रदेश स्तर पर कमेटी बनाई गई है। इसमें आईएएस अधिकारियों के अलावा एक व्यक्ति अमरोहा के और दूसरे मौलाना जौहर विश्वविद्यालय रामपुर से ताल्लुक रखते हैं।
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स्लाटर हाउस के संचालन के लिए इस कारोबार से जुड़े तजुर्बेकार लोगों की नुमाइंदगी होनी चाहिए थी।
सम्मेलन में प्रस्ताव पारित किया गया कि पशु क्रूरता अधिनियम और पशु वधशालाओं के नाम पर हो रहे उत्पीड़न को बंद किया जाए।
गोश्त के व्यवसाय को कृषि व्यवसाय के समान सुविधाएं दी जाएं। प्रदेश स्तर पर मीट बोर्ड का गठन किया जाए और मीट कारोबारियों को ऋण उपलब्ध कराया जाए।
जलसे में संगठन के प्रान्तीय मंत्री चौधरी आले उमर कुरैशी, अब्दुल्ला कुरैशी, अशफाक कुरैशी, डॉ. नसीम कुरैशी, सहित कई जनपदों से आए कुरैश समुदाय के सैकड़ों कार्यकर्ता और कारोबारी शामिल हुए।
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