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Lucknow News : अतीक अहमद साबरमती जेल से प्रयागराज के लिए रवाना, कड़ी सुरक्षा में गुजरात से आ रहा माफिया
Mon, 27 Mar 2023 12:11 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Mon, 27 Mar 2023 12:11 AM IST
सार
एडीजी कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि अतीक को प्रयागराज लाकर अदालत के सामने पेश किया जाना है। राजूपाल हत्याकांड में गवाही देने की वजह से ही अतीक और अशरफ ने साजिश रचकर गत 24 फरवरी को उमेश पाल की धूमनगंज इलाके में हत्या करा दी थी।
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प्रशांत कुमार, एडीजी कानून व्यवस्था
विस्तार
गुजरात की साबरमती जेल में बंद माफिया अतीक अहमद को प्रयागराज पुलिस वापस यूपी लेकर आ रही है। उसे आगामी 28 मार्च को प्रयागराज की एमपी-एमएलए कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां वर्ष 2006 में राजूपाल हत्याकांड के गवाह उमेश पाल का अपहरण कर उसे पीटने और धमकाने के मामले में सजा सुनाई जानी है। इसके लिए अदालत के आदेश पर प्रयागराज पुलिस पूरे लाव- लश्कर के साथ रविवार सुबह साबरमती जेल पहुंची थी। जेल में औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शाम करीब चार बजे अतीक को साथ लेकर पुलिस टीम ने प्रयागराज की ओर रुख किया है।
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बताते चलें कि उमेश पाल के अपहरण के मामले में प्रयागराज की एक अदालत आगामी 28 मार्च को सजा का ऐलान करेगी। इस मामले में अतीक अहमद, उसके भाई अशरफ और गिरोह के कई सदस्य नामजद हैं। अतीक को कड़ी सुरक्षा में गुजरात से प्रयागराज लाने के लिए दो बख्तरबंद गाड़ियों के साथ करीब 50 पुलिसकर्मी गुजरात भेजे गए थे। सुरक्षा के लिहाज से एसटीएफ की एक टीम भी साथ गई थी।
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वर्ष 2005 में राजूपाल की हत्या के बाद चश्मदीद गवाह उमेश पाल का अतीक, अशरफ और उनके गुर्गों ने एक साल बाद अपहरण कर लिया था और उसे अज्ञात स्थान पर लेकर जाकर गवाही न देने के लिए बुरी तरह पीटा था। इसका मुकदमा उमेश पाल ने वर्ष 2007 में दर्ज कराया था। एडीजी कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि इस मामले की सुनवाई अब पूरी हो चुकी है। इसी वजह से अतीक को प्रयागराज लाकर अदालत के सामने पेश किया जाना है। राजूपाल हत्याकांड में गवाही देने की वजह से ही अतीक और अशरफ ने साजिश रचकर गत 24 फरवरी को उमेश पाल की धूमनगंज इलाके में हत्या करा दी थी। इस मामले में अतीक का बेटा असद और चार अन्य शूटरों की गिरफ्तारी पर पांच-पांच लाख रुपये का इनाम भी घोषित हो चुका है।
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लटका चेहरा, घबराया अतीकसाबरमती जेल से अतीक अहमद जैसे ही बाहर निकला, उसका चेहरा उतरा नजर आया। बुरी तरह घबराए हुए अतीक को पुलिसकर्मियों ने धक्का देकर बख्तरबंद वाहन में चढ़ाया। इस दौरान उसे मीडिया से बातचीत नहीं करने दी गयी। अतीक को पुलिस सड़क मार्ग से प्रयागराज ला रही है। छह गाड़ियों का काफिला लगातार सफर करते हुए प्रयागराज की दूरी को तय करेगा। उसे सोमवार शाम तक प्रयागराज लाने की तैयारी है। जिसके बाद उसे नैनी जेल की हाई सिक्योरिटी बैरक में रखने की तैयारी है। वहीं अदालत में पेश करने के दौरान भी पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया जाएगा।
पहली बार किसी मामले में होगी सजा
उल्लेखनीय है कि अतीक अहमद को पहली बार किसी मामले में अदालत सजा सुना सकती है। इससे पहले अतीक पर 100 मुकदमे दर्ज हुए लेकिन हर बार वह कानूनी दांव-पेच अपनाकर कानून के शिकंजे से बचता रहा। उमेश पाल हत्याकांड के बाद अतीक और उसके कुनबे पर कानून का शिकंजा कसना शुरू हुआ है। बताते चलें कि अतीक के करीबी परिजनों पर भी 65 मुकदमे दर्ज हैं।