सीएम आदित्यनाथ का आदेश, एजेंडा तय करके काम करें मंत्री
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रिपरिषद के सभी सदस्यों से 100 दिन, 6 महीने और एक साल का एजेंडा तय करके काम करने को कहा है। जिससे जनता को पता चल सके कि सरकार और उसके मंत्री उनकी समस्याओं के समाधान के लिए क्या कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने दोहराया है कि भ्रष्टाचार व गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार के प्रवक्ता श्रीकांत शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री ने मंत्रियों व अधिकारियों को अपनी जवाबदेही खुद तय करके काम करने को भी कहा है।
साथ ही यह भी साफ कर दिया है कि किसी के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत को गंभीरता से लिया जाएगा और कठोरता से जांच कराई जाएगी। दोषी मिलने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री की तरफ से सभी को बता दिया गया है कि जनता की समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता मानकर काम करने की आदत डालें।
मोबाइल फोन सुनें, जनता से मिलें
प्रवक्ता के अनुसार, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को मोबाइल फोन खुले रखने और उन्हें सुनने की हिदायत दी है। साथ ही कहा है कि जनता की समस्याओं के तत्काल समाधान पर ध्यान दिया जाए।
शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री ने मंत्रियों और उनके परिवार वालों को अधिकारियों के साथ अच्छा व्यवहार करने की सलाह दी है। साथ ही आग्रह किया है कि मंत्रियों के परिवार के लोग प्रशासकीय कार्य से दूरी बनाकर रखे। विधायकों से भी इसका ध्यान रखने का आग्रह किया है।
ईमानदार लोगों की ही करें तैनाती
मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने अपने मंत्रियों को आगाह किया है कि वे अपने निजी स्टाफ में ईमानदार व बेदाग छवि के लोगों की तैनाती कराएं। ऐसे किसी भी कर्मचारी को निजी स्टाफ में कतई तैनात न किया जाए जिसकी छवि दागदार हो।
माना जा रहा है कि सचिवालय प्रशासन की ओर से कई चर्चित निजी सचिवों को मौजूदा मंत्रियों के साथ तैनात किए जाने की बात संज्ञान में आने के बाद सरकार की छवि को लेकर सतर्क मुख्यमंत्री ने मंत्रियों को आगाह किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि प्रदेश सरकार केंद्र सरकार की ही तर्ज पर भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कदम उठाने के लिए कृत संकल्पित है। भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे।
इसके लिए जहां प्रत्येक विभाग व योजनाओं में पारदर्शी व्यवस्था कायम करने का काम किया जाएगा वहीं ईमानदार व मेहनती छवि के अधिकारियों व कर्मचारियों को उचित स्थानों पर तैनाती देकर उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा।