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लक्ष्मण टीला पर बनेगा भव्य मंदिर: रामभद्राचार्य
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बृज की रसोई परिसर में चल रही है संगीतमय श्रीराम कथा।
लखनऊ। जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य महाराज ने कहा कि लखनऊ वस्तुतः लक्ष्मण नगरी है, जहां आज भी गोमती तट पर भगवान लक्ष्मण का सान्निध्य अनुभव किया जा सकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि न्यायालय का निर्णय हिंदुओं के पक्ष में आएगा और लक्ष्मण टीला पर भगवान लक्ष्मण का भव्य मंदिर बनेगा। उन्होंने कहा कि न्यायालय का पूरा सम्मान करते हैं। आवश्यकता पड़ने पर वह स्वयं न्यायालय में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखेंगे।
शनिवार को सीतापुर रोड स्थित बृज की रसोई परिसर में आयोजित नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा के छठवें दिन उन्होंने यह बातें कहीं। कथा के दौरान उन्होंने भगवान श्रीराम के वनवास और चित्रकूट प्रवास का वर्णन करते हुए कहा कि चित्रकूट केवल एक तीर्थस्थल नहीं, बल्कि त्याग, तपस्या और लोकमंगल की पावन भूमि है।
जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने एकश्लोकी रामायण को लेकर प्रचलित धारणाओं पर भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि यह मान्यता सही नहीं है कि किसी एक प्रचलित श्लोक में संपूर्ण रामायण समाहित है। उनके अनुसार, हनुमान जी के आग्रह पर गोस्वामी तुलसीदास ने ऐसा श्लोक रचा था जिसमें संपूर्ण रामकथा का सार समाहित हो सके। इस अवसर पर सांसद डॉ. दिनेश शर्मा, जगदाचार्य स्वामी उपेंद्रानंद सरस्वती, पूर्व सांसद अशोक बाजपेयी, विधायक डॉ. नीरज बोरा, हास्य कवि सर्वेश अस्थाना, समाजसेविका बिंदू बोरा, वरिष्ठ अधिवक्ता श्रीरामजी दास तथा अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र त्रिपाठी सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
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शनिवार को सीतापुर रोड स्थित बृज की रसोई परिसर में आयोजित नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा के छठवें दिन उन्होंने यह बातें कहीं। कथा के दौरान उन्होंने भगवान श्रीराम के वनवास और चित्रकूट प्रवास का वर्णन करते हुए कहा कि चित्रकूट केवल एक तीर्थस्थल नहीं, बल्कि त्याग, तपस्या और लोकमंगल की पावन भूमि है।
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जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने एकश्लोकी रामायण को लेकर प्रचलित धारणाओं पर भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि यह मान्यता सही नहीं है कि किसी एक प्रचलित श्लोक में संपूर्ण रामायण समाहित है। उनके अनुसार, हनुमान जी के आग्रह पर गोस्वामी तुलसीदास ने ऐसा श्लोक रचा था जिसमें संपूर्ण रामकथा का सार समाहित हो सके। इस अवसर पर सांसद डॉ. दिनेश शर्मा, जगदाचार्य स्वामी उपेंद्रानंद सरस्वती, पूर्व सांसद अशोक बाजपेयी, विधायक डॉ. नीरज बोरा, हास्य कवि सर्वेश अस्थाना, समाजसेविका बिंदू बोरा, वरिष्ठ अधिवक्ता श्रीरामजी दास तथा अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र त्रिपाठी सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

बृज की रसोई परिसर में चल रही है संगीतमय श्रीराम कथा।

बृज की रसोई परिसर में चल रही है संगीतमय श्रीराम कथा।
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