यूपी में जल्द होंगी 25 हजार भर्तियां, दौड़ के दौरान अभ्यर्थियों के पैरों लगाई जाएगी चिप
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यूपी में जल्द ही 25 हजार होमगार्डों की भर्ती होगी। इसके लिए होमगार्ड विभाग ने तैयारियां तेज कर दी है। हालांकि इसमें कुछ अड़चनें भी आ रही हैं। शासन ने इस भर्ती के लिए होने वाली दौड़ में अभ्यर्थियों के पैरों में कंप्यूटराइज्ड चिप लगा कर ही दौड़ कराने का निर्णय लिया गया है। इस पर प्रति अभ्यर्थी 150 रुपये का खर्च आएगा। इसके लिए वित्त विभाग की स्वीकृति का इंतजार है।
महानिदेशक होमगार्ड डॉ. सूर्य कुमार का कहना है कि नई भर्ती के लिए वित्त विभाग को पत्रावली भेजी गई है, जिस पर अनुमोदन होने के बाद होमगार्ड में भर्ती की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने बताया कि फिलहाल प्रदेश में होमगार्ड की संख्या लगभग 95 हजार है। भर्ती पूरी होने के बाद जिलों में कम पड़ रही संख्या को पूरा किया जा सकेगा।
42 हजार सिपाहियों की भर्ती के लिए चल रही तैयारी
प्रदेश में लगभग 42 हजार सिपाहियों की भर्ती की भी तैयारी चल रही है। इसके लिए उत्तर प्रदेश भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने परीक्षा कराने वाली एजेंसी के चयन के लिए टेंडर मांगा है। इसकी प्रक्रिया पूरी होते ही सिपाही भर्ती के लिए विज्ञप्ति जारी की जाएगी।
दरअसल, पिछली सरकार ने बिना परीक्षा मेरिट के आधार पर सिपाहियों की भर्ती का फैसला किया था। इसे मौजूदा योगी सरकार ने बदलते हुए नई भर्ती प्रक्रिया शुरू की। प्रदेश सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को भरोसा दिलाया है कि अगले पांच वर्ष में प्रदेश में डेढ़ लाख पुलिसकर्मियों की भर्ती की जाएगी। इसके लिए हर साल कम से कम 32 हजार पुलिसकर्मियों की भर्ती होनी है।
35 हजार सिपाहियों की भर्ती पर फैसला सुरक्षित
वहीं, वर्ष 2015 में बिना परीक्षा के शुरू हुई 35 हजार सिपाहियों की भर्ती मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई पूरी हो चुकी है। हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है। कोर्ट में आखिरी सुनवाई नौ अक्टूबर को हुई है।
दरोगा भर्ती के पेपर लीक की जांच अब भी अधूरी
उधर, पुलिस उपनिरीक्षक की वर्ष 2016 की सीधी भर्ती प्रक्रिया भी ऑनलाइन पेपर लीक होने के बाद से रुकी हुई है। इसकी जांच एसटीएफ कर रही है। जांच पूरी होने के बाद नए सिरे से ऑनलाइन परीक्षा कराई जाएगी।
दरअसल, जुलाई माह में ऑनलाइन पेपर लीक हो गया था, जिसके बाद पूरी परीक्षा को कैंसिल कर दी गई थी और एसटीएफ ने एक माह बाद 24 अगस्त को सात लोगों को इस मामले में गिरफ्तार कर ऑनलाइन परीक्षा लीक मामले का खुलासा किया था।