{"_id":"5d054ef68ebc3e5056192aac","slug":"1560628970590-lucknow-news123","type":"story","status":"publish","title_hn":"तीन सेकेंड में भर गईं तत्काल की 90 सीटें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तीन सेकेंड में भर गईं तत्काल की 90 सीटें
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तीन सेकेंड में भर गईं तत्काल कोटे की 90 सीटें
- लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के यात्री हुए निराश
अमर उजाला
लखनऊ। तत्काल कोटे की सीटों के लिए इस कदर मारामारी है कि सीटें सेकेंडों में सीटें फुल हो जाती हैं। शनिवार को जब लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के थर्ड एसी का तत्काल कोटा खुला तो तीन सेकेंड में ही 90 सीटें फुल हो गईं। कमोबेश लखनऊ चंडीगढ़, पुष्पक एक्सप्रेस, कुशीनगर आदि ट्रेनों में भी इसी स्थिति का सामना करना पड़ा।
एसी कोच के तत्काल कोटे की सीटों की बुकिंग सुबह 10 बजे शुरू होती है, जबकि स्लीपर की सीटों की बुकिंग 11 बजे से होती है। टिकट यात्रा के एक दिन पहले बुक कराना होता है। रविवार को सफर के लिए शनिवार सुबह ही केशवनगर निवासी अलौकिक दीक्षित चारबाग के आरक्षण केंद्र पर टिकट लेने पहुंच गए थे। बिंडो खुलते ही उनकी डिटेल फॉर्म में भरी गई तो महज तीन सेकेंड में ही सीटें फुल हो गईं। अलौकिक ने बताया कि लखनऊ से पुणे जाने के लिए टिकट करवाने आए थे। थर्ड एसी में तत्काल की 90 सीटें थीं, जबकि सेकेंड एसी में सात और स्लीपर में 110 सीटें थीं। लेकिन 10 बजते ही महज तीन सेकंड में ही सब सीटें फुल हो गईं और थर्ड व सेकेंड एसी में वेटिंग क्रमश: 15 व 32 पहुंच गई। इसी ट्रेन में स्लीपर के टिकट के लिए खड़े एक अन्य यात्री ने बताया कि 11 बजने के बाद जब उनका नंबर आया तो सारी की सारी सीटें फुल हो चुकी थीं। दरअसल, राजधानी में टिकट दलालों का नेटवर्क बहुत तेज है। ये सॉफ्टवेयर के जरिए एक साथ कई टिकट बना लेते हैं। इससे जैसे ही कोटे की सीटें खुलती हैं तो आरक्षण केंद्र काउंटर पर वेटिंग शुरू हो जाती है।
चंडीगढ़ व पुष्पक में भी नहीं मिले टिकट
लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के साथ ही लखनऊ चंडीगढ़ एक्सप्रेस, पुष्पक एक्सप्रेस, एसी एक्सप्रेस आदि ट्रेनों में तत्काल सीटों की बुकिंग कराने आए यात्रियों को भी मायूस लौटना पड़ा। यात्री अनिल सिंह ने बताया कि पुष्पक से थर्ड एसी का टिकट कराया, लेकिन वेटिंग मिला। वहीं अब्दुल खान ने बताया कि दिल्ली जाने के लिए लखनऊ मेल का टिकट कराया तो वह वेटिंग निकला।
विज्ञापन
विज्ञापन
- लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के यात्री हुए निराश
अमर उजाला
लखनऊ। तत्काल कोटे की सीटों के लिए इस कदर मारामारी है कि सीटें सेकेंडों में सीटें फुल हो जाती हैं। शनिवार को जब लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के थर्ड एसी का तत्काल कोटा खुला तो तीन सेकेंड में ही 90 सीटें फुल हो गईं। कमोबेश लखनऊ चंडीगढ़, पुष्पक एक्सप्रेस, कुशीनगर आदि ट्रेनों में भी इसी स्थिति का सामना करना पड़ा।
एसी कोच के तत्काल कोटे की सीटों की बुकिंग सुबह 10 बजे शुरू होती है, जबकि स्लीपर की सीटों की बुकिंग 11 बजे से होती है। टिकट यात्रा के एक दिन पहले बुक कराना होता है। रविवार को सफर के लिए शनिवार सुबह ही केशवनगर निवासी अलौकिक दीक्षित चारबाग के आरक्षण केंद्र पर टिकट लेने पहुंच गए थे। बिंडो खुलते ही उनकी डिटेल फॉर्म में भरी गई तो महज तीन सेकेंड में ही सीटें फुल हो गईं। अलौकिक ने बताया कि लखनऊ से पुणे जाने के लिए टिकट करवाने आए थे। थर्ड एसी में तत्काल की 90 सीटें थीं, जबकि सेकेंड एसी में सात और स्लीपर में 110 सीटें थीं। लेकिन 10 बजते ही महज तीन सेकंड में ही सब सीटें फुल हो गईं और थर्ड व सेकेंड एसी में वेटिंग क्रमश: 15 व 32 पहुंच गई। इसी ट्रेन में स्लीपर के टिकट के लिए खड़े एक अन्य यात्री ने बताया कि 11 बजने के बाद जब उनका नंबर आया तो सारी की सारी सीटें फुल हो चुकी थीं। दरअसल, राजधानी में टिकट दलालों का नेटवर्क बहुत तेज है। ये सॉफ्टवेयर के जरिए एक साथ कई टिकट बना लेते हैं। इससे जैसे ही कोटे की सीटें खुलती हैं तो आरक्षण केंद्र काउंटर पर वेटिंग शुरू हो जाती है।
विज्ञापन
चंडीगढ़ व पुष्पक में भी नहीं मिले टिकट
लखनऊ जंक्शन-पुणे एक्सप्रेस के साथ ही लखनऊ चंडीगढ़ एक्सप्रेस, पुष्पक एक्सप्रेस, एसी एक्सप्रेस आदि ट्रेनों में तत्काल सीटों की बुकिंग कराने आए यात्रियों को भी मायूस लौटना पड़ा। यात्री अनिल सिंह ने बताया कि पुष्पक से थर्ड एसी का टिकट कराया, लेकिन वेटिंग मिला। वहीं अब्दुल खान ने बताया कि दिल्ली जाने के लिए लखनऊ मेल का टिकट कराया तो वह वेटिंग निकला।
विज्ञापन