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उचित मानदेय निर्धारित किया जाए
Updated Tue, 19 Jun 2018 11:32 PM IST
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अंबेडकरनगर। आल इंडिया आशा बहू एसोसिएशन के बैनर तले आशा बहुओं के प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को डीएम से मुलाकात कर विभिन्न मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। कहा गया कि आशा बहुओं को कार्य करते हुए 12 वर्ष से ज्यादा हो गए, लेकिन अब तक उचित मानदेय का निर्धारण नहीं हो सका है, जिससे उन्हें आर्थिक संकट से गुजरना पड़ रहा है। चेतावनी देते हुए कहा गया कि यदि शीघ्र ही उनकी मांगों का निस्तारण नहीं हुआ, तो उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा।
नेतृत्व कर रहीं जिलाध्यक्ष मीरा सिंह ने कहा कि आशा बहुओं को कार्य करते हुए 12 वर्ष से अधिक हो चुके हैं, लेकिन अब तक उनके मानदेय का निर्धारण नहीं हो सका है। गत विधानसभा चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वादा किया था कि सरकार बनने पर मानदेय का निर्धारण कर दिया जाएगा, लेकिन अब तक इसे लेकर प्रक्रिया नहीं शुरू हो सकी है। इस महंगाई में 1500 या दो हजार रुपये से उनका खर्च चलने वाला नहीं है। उचित मानदेय का निर्धारण न होने से उन्हें आर्थिक संकट से गुजरना पड़ रहा है। वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर रहीं 200 आशा बहुओं को निकाले जाने की प्रक्रिया शुरू हुई है, जिस पर तत्काल रोक लगाई जाए। इस मौके पर पुष्पा तिवारी, विनोद कुमारी, मंगला देवी, सुषमा, सुशीला, शोभा आदि मौजूद रहीं।
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नेतृत्व कर रहीं जिलाध्यक्ष मीरा सिंह ने कहा कि आशा बहुओं को कार्य करते हुए 12 वर्ष से अधिक हो चुके हैं, लेकिन अब तक उनके मानदेय का निर्धारण नहीं हो सका है। गत विधानसभा चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वादा किया था कि सरकार बनने पर मानदेय का निर्धारण कर दिया जाएगा, लेकिन अब तक इसे लेकर प्रक्रिया नहीं शुरू हो सकी है। इस महंगाई में 1500 या दो हजार रुपये से उनका खर्च चलने वाला नहीं है। उचित मानदेय का निर्धारण न होने से उन्हें आर्थिक संकट से गुजरना पड़ रहा है। वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर रहीं 200 आशा बहुओं को निकाले जाने की प्रक्रिया शुरू हुई है, जिस पर तत्काल रोक लगाई जाए। इस मौके पर पुष्पा तिवारी, विनोद कुमारी, मंगला देवी, सुषमा, सुशीला, शोभा आदि मौजूद रहीं।
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