लेखपाल के 10 हजार पद खाली, भर्ती में रोड़ा बने अफसर
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वर्तमान में प्रदेश में राजस्व लेखपाल के लगभग 10 हजार पद खाली हैं। उप्र अधीनस्थ सेवा चयन आयोग वर्ष 2017-18, 2018-19 व 2019-20 में लेखपालों के रिक्त पदों पर भर्ती का प्रस्ताव राजस्व परिषद से मांग चुका है। इन तीन चयन वर्षों के रिक्त पदों की संख्या लगभग 8000 है। मगर राजस्व परिषद को आगरा, सहारनपुर, बरेली और मेरठ मंडल मंडल से रिक्त पदों के प्रस्ताव नहीं मिले हैं। जिससे परिषद संकलित प्रस्ताव आयोग को नहीं भेज पा रहा है।
राजस्व विभाग में कनिष्ठ सहायक के काफी पद खाली
राजस्व विभाग में कनिष्ठ सहायक के भी काफी पद खाली हैं। कानपुर नगर को छोड़कर शेष सभी जिलों ने खाली पदों के प्रस्ताव दे दिए थे। इन जिलों को आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आरक्षित पदों को भी शामिल करते हुए नए सिरे से प्रस्ताव देने के लिए कहा गया है। मगर, यह कार्यवाही भी जिलों के स्तर पर लटकी हुई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कड़े निर्देश के बावजूद अफसरों की अड़ंगेबाजी से भर्ती प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही है।
इनका कहना
मंडलायुक्तों और जिलाधिकारियों को स्वहस्ताक्षरित त्रुटिरहित भर्ती प्रस्ताव तत्काल उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं। जैसे ही भर्ती प्रस्ताव मिलेंगे, अधीनस्थ सेवा आयोग को आगे की कार्यवाही के लिए भेज दिया जाएगा।
- दीपक त्रिवेदी, चेयरमैन, राजस्व परिषद