Jhansi Medical College Fire Live: साफ नजर आई प्रशासन की लापरवाही, राहुल-अखिलेश ने खूब सुनाया, जानें क्या कहा
झांसी के महारानी लक्ष्मी बाई मेडिकल कॉलेज के नवजात शिशु गहन चिकित्सा वार्ड (एसएनसीयू) में भीषण आग लगने से 10 नवजात शिशुओं की मौत हो गई। प्रशासन ने 12 घंटे में रिपोर्ट तलब की है और वहीं राज्य सरकार के साथ पीएम राहत कोष से पीड़ितों के लिए मुआवजे का एलान किया गया है। इसके साथ ही हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है।
लाइव अपडेट
'मामले की हो निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई'
शार्ट सर्किट से ऑक्सीजन कंसनट्रेटर में लगी आग
सीएमएस डॉ. सचिन माहूर के मुताबिक, शार्ट सर्किट से ऑक्सीजन कंसनट्रेटर में आग लग गई। देखते ही देखते आग की चपेट में पूरा वार्ड आया गया, जिससे वार्ड में भगदड़ मच गई। मौजूद स्टाफ व परिजन नवजातों को लेकर बाहर की ओर भागे।डिप्टी सीएम के स्वागत में चूना डालने में व्यस्त रहा मेडिकल प्रशासन
लापता नवजातों के परिजनों को नहीं मिला जवाब
झांसी मेडिकल कॉलेज की एसएनसीयू में भर्ती छह नवजात लापता हैं, जिनके बारे में किसी के भी पास कोई संतोषजनक जबाव नहीं है। वहीं, परिजनों का रो-रो का बुरा हाल है। परिजनों का कहना है कि जब बच्चे एसएनसीयू में भर्ती थे तो वहां से कहां चले गए? कोई भी कुछ नहीं बता रहा है। इससे मरने वाले नवजात शिशुओं का आंकड़ा बढ़ सकता है। उधर, ये जानकारी भी सामने आई है कि छह बच्चे वार्ड में सुरक्षित हैं, इनके मां-बाप का पता नहीं है। जबकि दस बच्चों की हालत नाजुक बताई जा रही है। सात बच्चों का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। एक को डिस्चार्ज कर दिया गया है।बच्चों को पागलों की तरह तलाशते रहे परिजन
कई मां-बाप रोते-बिलखते अपने बच्चे के लिए गुहार लगाते रहे। महोबा निवासी संजना, जालौन निवासी संतराम अपने बच्चों को पागलों की तरह तलाशते रहे। उनके नवजात उनको मिले ही नहीं। बच्चे के लापता होने पर मां-बाप डॉक्टर, कर्मी एवं अधिकारियों से गुहार लगाते रहे लेकिन, कोई भी जवाब नहीं मिला।झांसी कांड पर राहुल गांधी ने शोक जताया
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी झांसी कांड पर शोक जताया है। राहुल गांधी ने लिखा कि झांसी मेडिकल कॉलेज में हुए दर्दनाक हादसे में कई नवजात बच्चों की मृत्यु और घायल होने की खबर से मैं बेहद दुखी हूं। पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। उत्तर प्रदेश में एक के बाद एक हो रही इस तरह की दुखद घटनाएं सरकार और प्रशासन की लापरवाही को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े करती है। सरकार सुनिश्चित करे कि घायल बच्चों का बेहतर से बेहतर इलाज हो। साथ ही इस दुखद घटना की तुरंत जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई हो।झांसी मेडिकल कॉलेज में हुए दर्दनाक हादसे में कई नवजात बच्चों की मृत्यु और घायल होने की ख़बर से बेहद दुखी हूं। पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं।
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) November 16, 2024
उत्तर प्रदेश में एक के बाद एक हो रही इस तरह की दुखद घटनाएं सरकार और प्रशासन की लापरवाही को लेकर कई गंभीर… https://t.co/laOgOvK2Js
झांसी अग्निकांड में बड़ा खुलासा
उत्तर प्रदेश के झांसी जिले के महारानी लक्ष्मी बाई मेडिकल कॉलेज के नवजात शिशु गहन चिकित्सा वार्ड (एसएनसीयू) में भीषण आग लगने से 10 नवजात शिशुओं की झुलसने एवं दम घुटने से मौत हो गई। जिस वार्ड में आग लगी थी, वहां 55 नवजात भर्ती थे। 45 नवजात को सुरक्षित निकाल लिया गया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि आग बुझाने वाले सिलिंडर एक्सपायर हो चुके थे। ये सिलिंडर से आग काबू पाने में नाकाम साबित हुए।10 घंटे बाद भी लापता शिशुओं की सूची जारी नहीं
दस घंटे से अधिक का समय बीतने के बाद भी प्रशासन ने हादसे का शिकार हुए और लापता नवजात शिशुओं की कोई भी सूची जारी नहीं की है। वहीं, मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी के बाहर महिला संध्या ने बताया कि उसका 12 दिन का बेटा, बंगरा की कविता का 15 दिन का बेटा, जालौन की संतोषी का एक दिन का बेटा, कबरई महोबा की नीलू का नौ दिन का बेटा, फुलवारा ललितपुर की संजना का 29 दिन का बेटा और राजगढ़ की नैंसी का बेटा नहीं मिल रहा है।हादसे के बाद हेल्पलाइन नंबर जारी
झांसी मेडिकल कॉलेज हादसे के बाद प्रशासन की ओर से हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है। झांसी मेडिकल कॉलेज का हेल्पलाइन नंबर- 6389831357 है।पीएम राहत कोष से भी मुआवजे का एलान
झांसी के मेडिकल कॉलेज में हुए हादसे के बाद उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से मुआवजे का एलान किया गया। इसके बाद अब प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से भी मुआवजे का एलान हो चुका है।PM @narendramodi has announced an ex-gratia of Rs. 2 lakh from PMNRF for the next of kin of each deceased in the mishap in the fire accident at Jhansi Medical College in Uttar Pradesh. The injured would be given Rs. 50,000. https://t.co/V8VVQqBb6M
— PMO India (@PMOIndia) November 16, 2024