Rajasthan Nikay Chunav 2026 Live: जयपुर में गलत व्यक्ति को बंटा सिंबल तो कोटा में दो मिनट की देरी पड़ी भारी
राजस्थान में नगरीय निकायों चुनाव में नामांकन दाखिल करने के अंतिम दिन अलग-अलग घटनाएं देखने को मिली। जयपुर के वार्ड नंबर 76 से पुनीत कर्णावट को प्रत्याशी बनाया गया लेकिन विधायक कालीचरण सराफ ने दूसरे दावेदार कुलदीप मिश्रा को भाजपा का अधिकृत सिंबल दे दिया। बाद में सिंबल पुनीत कर्णावट को दिया गया। कोटा में दो मिनट की देरी से पहुंचने पर कांग्रेस प्रत्याशी अपना नामांकन दाखिल नहीं कर सकीं।
लाइव अपडेट
भीलवाड़ा में कांग्रेस के सिंबल नहीं हुए जमा
नगर निकाय चुनाव के नामांकन के अंतिम दिन सोमवार को भीलवाड़ा में राजनीतिक सरगर्मी उस समय हंगामे में बदल गई, जब कांग्रेस के अधिकृत प्रत्याशियों को पार्टी सिंबल देने और जमा कराने को लेकर कांग्रेस नेताओं और निर्वाचन प्रशासन के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। नामांकन की निर्धारित समय-सीमा समाप्त होते ही कलेक्ट्रेट के गेट बंद कर दिए गए। इसके बाद कांग्रेस नेता सिंबल लेकर निर्वाचन कार्यालय पहुंचे, लेकिन एआरओ ने सिंबल स्वीकार करने से इनकार कर दिया। इससे कांग्रेस कार्यकर्ता भड़क गए और जमकर हंगामा किया।कांग्रेस शहर जिलाध्यक्ष शिवराम खटीक ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता और पार्टी के अधिकृत प्रतिनिधि निर्धारित समय से पहले ही निर्वाचन परिसर में पहुंच चुके थे। उन्होंने बताया कि करीब पौने तीन बजे वे कलेक्ट्रेट परिसर पहुंच गए थे। उस समय कुछ प्रत्याशियों के सिंबल पर आवश्यक जानकारी भरने की प्रक्रिया बाकी थी। खटीक के अनुसार, एआरओ के निर्देश पर कांग्रेस नेता पास के एक कमरे में बैठकर शेष सिंबल की प्रक्रिया पूरी कर रहे थे। इसी दौरान विधायक अशोक कोठारी और रामलाल डागा के वहां पहुंचने के कारण करीब पांच मिनट की औपचारिकता में समय लगा। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इसके बाद एडीएम सिटी ने पास के कमरे में बैठकर सिंबल संबंधी प्रक्रिया पूरी करने की बात कही थी।
भाजपा बोली- आधा घंटा पहले जमा हो चुके थे सिंबल
विवाद के बीच भाजपा ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज किया। सांसद दामोदर अग्रवाल ने कहा कि भाजपा के सिंबल निर्धारित समय से करीब आधा घंटा पहले ही जमा हो चुके थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश नेतृत्व से प्राप्त सूची के अनुसार सभी सिंबल जमा कर दिए गए हैं। अग्रवाल ने कहा कि टिकट वितरण के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं में असंतोष होना स्वाभाविक है, लेकिन पार्टी स्तर पर कार्यकर्ताओं को समझा लिया जाएगा।
दौसा नगर परिषद के 55 वार्डों के लिए 725 नामांकन आए
जोधपुर में भाजपा ने 92 वार्डों के प्रत्याशी घोषित किए, कई पुराने चेहरों पर फिर जताया भरोसा
खांडा फलसा मंडल अध्यक्ष अरविंद पुरोहित की पत्नी नुपूर पुरोहित को वार्ड संख्या 59 से प्रत्याशी बनाया गया है। इसके अलावा कुलदीप जांगिड़, उमेश पलिया, अमरलाल वर्गी और कन्हैयालाल पारीक जैसे वरिष्ठ कार्यकर्ताओं को भी टिकट मिला है। पूर्व मेयर वनीता सेठ का नाम सूची से बाहर भाजपा की जारी सूची में पूर्व मेयर वनीता सेठ का नाम शामिल नहीं है। इसे टिकट वितरण में बड़ा बदलाव माना जा रहा है। पार्टी ने जहां कई पुराने नेताओं को फिर मैदान में उतारा है, वहीं बड़ी संख्या में नए चेहरों को भी चुनावी मौका दिया है।
नामांकन प्रक्रिया के पहले दिन 27 अगस्त को 1 अभ्यर्थी द्वारा 1 नामांकन पत्र दाखिल किया गया। इसके बाद 29 अगस्त को नामांकन प्रक्रिया में तेजी आई और 26 अभ्यर्थियों ने कुल 40 नामांकन पत्र दाखिल किए। वहीं, नामांकन के अंतिम दिन 31 अगस्त को अभ्यर्थियों ने बड़ी संख्या में नामांकन पत्र प्रस्तुत किए। इस दिन 698 अभ्यर्थियों द्वारा कुल 823 नामांकन पत्र दाखिल किए गए। इस प्रकार जोधपुर नगर निगम के वार्ड संख्या एक से 100 तक कुल 864 नामांकन पत्र प्राप्त हुए हैं, जिनके माध्यम से 725 अभ्यर्थियों ने चुनाव में अपनी दावेदारी प्रस्तुत की है। एक से अधिक नामांकन पत्र दाखिल करने वाले अभ्यर्थियों के कारण नामांकन पत्रों की कुल संख्या और अभ्यर्थियों की कुल संख्या में अंतर है।
कोटा में दो मिनट की देरी पड़ गई भारी
कोटा नगर निगम चुनाव से पहले नामांकन के आखिरी दिन जिला कलेक्ट्रेट पर कई उतार-चढ़ाव और दौड़ भाग देखने को मिली। जहां नामांकन के आखिरी दिन चंद्रकला यादव और निरमा मीणा दो मिनट की देरी के चलते नामांकन दाखिल नहीं कर सके। तो वहीं दूसरी तरफ नामांकन दाखिल कर चुकी महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष शालिनी गौतम का अचानक टिकट कट गया। जिला कलेक्ट्रेट पर सुबह से ही पार्टी सहित निर्दलीय उम्मीदवारों का आना-जाना लगा रहा।कोटा में 100 वार्डों पर होने वाले चुनाव के लिए कांग्रेस ने 94 उम्मीदवारों को सिंबल दिए हैं। जबकि बीजेपी ने पूरे 100 वार्डो में अपने प्रत्याशी उतारे। कांग्रेस प्रत्याशी चंद्रकला यादव वार्ड 96 से नॉमिनेशन भरने पहुंची थी। चंद्रकला का कहना है कि पहले पार्टी की ओर से सिंबल नहीं मिला था। लेकिन आखिरी समय में सिंबल के लिए फोन आया इसके बाद जरूरी डॉक्यूमेंट के लिए उन्हें इधर-उधर भटकना पड़ा। इसी बीच नामांकन भरने का समय भी पूरा हो गया। महज दो मिनट की देरी की वजह से चंद्रकला अपना नामांकन दाखिल नहीं कर सकीं। यही हाल वार्ड नंबर 3 की कांग्रेस प्रत्याशी निरमा मीणा के साथ भी हुआ। वह भी एक मिनट की देरी से पहुंची थी लेकिन उन्हें अंदर दाखिल नहीं होने दिया जिसकी वजह से उनका भी नामांकन अधूरा रह गया।
कांग्रेस ने काटे कई दिग्गजों के टिकट
कांग्रेस में आपसी कलह और खींचतान इस बार भी साफ तौर पर नामांकन के आखिरी दिन देखने को मिली। महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्ष शालिनी गौतम ने वार्ड नंबर 88 से नामांकन दाखिल किया था और वह चुनाव की तैयारी भी कर रही थी। उनको भरोसा था कि कांग्रेस उन्हें टिकट देगी। लेकिन आखिरी समय में उनका टिकट काट दिया गया। शालिनी गौतम इसके पहले भी पार्षद रह चुकी हैं। दूसरी तरफ कांग्रेस से दो बार पार्षद रही समा मिर्जा को भी इस बार टिकट नहीं मिला। वार्ड नंबर 60 से कांग्रेस ने तरन्नुम को प्रत्याशी बनाया है। ऐसे में समा मिर्जा ने शहर जिला अध्यक्ष पर टिकट काटने का भी आरोप लगाया है। इसी तरह पूर्व उपमहापौर पवन मीणा का भी टिकट कांग्रेस ने काट दिया है।
उदयपुर में भाजपा ने जारी की 80 वार्डों की सूची
नगर निगम चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने आखिरकार उदयपुर के सभी 80 वार्डों के पार्षद प्रत्याशियों की औपचारिक सूची जारी कर दी है। खास बात यह है कि नामांकन दाखिल होने के करीब एक घंटे बाद शाम 4 बजे पार्टी ने उम्मीदवारों की सूची सार्वजनिक की। इससे पहले दिनभर भाजपा की सूची को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज थीं। भाजपा की सूची में कई वरिष्ठ और चर्चित चेहरों को चुनाव मैदान में उतारा गया है। भाजपा ने पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया के दोनों दामादों के भाइयों को टिकट दिया है। वहीं पार्टी संगठन से जुड़े नेताओं को भी चुनावी मैदान में उतारा गया है।दो मंडल अध्यक्ष प्रताप सिंह राठौड़ और महेशपुरी गोस्वामी को टिकट मिला है। भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष डॉ. कविता जोशी को भी वार्ड 76 से चुनाव मैदान में उतारा गया है। पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष और पूर्व सभापति रवीन्द्र श्रीमाली के वार्ड से उनके भतीजे जतिन श्रीमाली को टिकट दिया गया है। वहीं भाजयुमो के पूर्व अध्यक्ष सन्नी पोखरना की पत्नी मीनल कंठालिया (पोखरना) को भी पार्टी ने उम्मीदवार बनाया है। भाजपा ने कांग्रेस से भाजपा में आए लोकेश गौड़ की पत्नी अमिता गौड़ को वार्ड 58 से टिकट दिया है। वहीं वार्ड 29 में पार्टी ने वरिष्ठ चेहरों की जगह युवा चेहरे वैभव भंडारी पर भरोसा जताया है।
नगर निगम की निर्माण समिति के अध्यक्ष रह चुके आशीष कोठारी को वार्ड 44 से मैदान में उतारा गया है। भाजपा की सूची में पूर्व उपमहापौर और वरिष्ठ नेता पारस सिंघवी को वार्ड 24 से टिकट दिया गया है। वहीं दिनेश भट्ट वार्ड 45 से भाजपा प्रत्याशी होंगे।
BJP की पूरी 80 वार्डों की सूची...
वार्ड| भाजपा प्रत्याशी| आरक्षण
1| दीपक शर्मा| अनारक्षित ओपन
2| लक्ष्मण माली| ओबीसी ओपन
3| गिरीश श्रीमाली| अनारक्षित ओपन
4| संध्या सेठी| अनारक्षित महिला
5| आकाश वागरेचा| अनारक्षित ओपन
6| दलपत सोनी| ओबीसी ओपन
7| गजेन्द्र चौहान| एससी ओपन
8| शम्मा परवीन| अनारक्षित महिला
9| मीना बंधु| एससी ओपन
10| सतीश शर्मा| अनारक्षित ओपन
11| भंवर लाल गायरी| ओबीसी ओपन
12| बाबूलाल नागौरी| अनारक्षित ओपन
13| रतन बाई| एसटी महिला
14| शंकर कंसारा| ओबीसी ओपन
15| कैलाश सोनी| अनारक्षित ओपन
16| सुमित्रा नागदा| अनारक्षित महिला
17| मीना चौहान| अनारक्षित महिला
18| कुलदीप मेहता| अनारक्षित ओपन
19| कुंदन चौहान| अनारक्षित ओपन
20| मोहम्मद सजीक| अनारक्षित ओपन
21| भेरूलाल भोई| ओबीसी ओपन
22| हरीश कुमावत| ओबीसी ओपन
23| मनोज साहू| ओबीसी ओपन
24| पारस सिंघवी| अनारक्षित ओपन
25| लोकेश साहू| अनारक्षित ओपन
26| राजेन्द्र परिहार| अनारक्षित ओपन
27| निधि गोधा| अनारक्षित महिला
28| विजय आहूजा| अनारक्षित ओपन
29| वैभव भंडारी| अनारक्षित ओपन
30| माधुरी राठौड़| एससी ओपन
31| नसरीन बानौ| अनारक्षित महिला
32| कमलेश सालवी| एससी ओपन
33| जतिन श्रीमाली| अनारक्षित ओपन
34| अलका गुर्जर| ओबीसी महिला
35| मीनल कंठालिया (पोखरना)| अनारक्षित महिला
36| डिंपल कुंवर| अनारक्षित महिला
37| प्रकाश मेघवाल| एससी ओपन
38| प्रज्ञा पाटीदार| ओबीसी महिला
39| जितेन्द्र सिंह शक्तावत| अनारक्षित ओपन
40| सुमन अग्रवाल| अनारक्षित महिला
41| सोहनलाल गमेती| एसटी ओपन
42| लीला गमेती| एसटी महिला
43| रमेश गमेती| एसटी ओपन
44| आशीष कोठारी| अनारक्षित ओपन
45| दिनेश भट्ट| अनारक्षित ओपन
46| तिलक मेनारिया| अनारक्षित ओपन
47| लता नायक| एससी महिला
48| महेशपुरी गोस्वामी| ओबीसी ओपन
49| दीपक नागदा| अनारक्षित ओपन
50| किरण झगड़ावत| अनारक्षित ओपन
51| प्रमोद सामर| अनारक्षित ओपन
52| तारा सुहालका| अनारक्षित महिला
53| यशवंत आंचलिया| अनारक्षित ओपन
54| राजेन्द्र गखरेचा| अनारक्षित ओपन
55| विशाखा खवास| ओबीसी महिला
56| प्रदीप विजयवर्गीय| अनारक्षित ओपन
57| निर्मला पालीवाल| अनारक्षित महिला
58| अमिता गौड़| अनारक्षित महिला
59| सारिका सालवी| एससी महिला
60| सुषमा राणावत| अनारक्षित महिला
61| लीला डांगी| ओबीसी महिला
62| इन्द्रा गमेती| एसटी महिला
63| किशोर सिंह देवड़ा| अनारक्षित ओपन
64| अशोक नागदा| अनारक्षित ओपन
65| नारायण लाल गमेती| एसटी ओपन
66| उमेश मनवानी| अनारक्षित ओपन
67| निशा सालवी| एससी महिला
68| वंदना प्रजापत| ओबीसी महिला
69| रचना शर्मा| अनारक्षित महिला
70| वीरेन्द्र सिंह सिसोदिया| अनारक्षित ओपन
71| योगेश कुमावत| ओबीसी ओपन
72| नरेश वैष्णव| ओबीसी ओपन
73| लवली जैन| अनारक्षित महिला
74| पंकज बोराणा| ओबीसी ओपन
75| महेन्द्र सिंह शेखावत| अनारक्षित ओपन
76| डॉ. कविता जोशी| अनारक्षित महिला
77| दुर्गालाल गमेती| एसटी ओपन
78| अतुल चंडालिया| अनारक्षित ओपन
79| संतोष मीणा| एसटी ओपन
80| प्रताप सिंह राठौड़| अनारक्षित ओपन
मथानिया में नामांकन के दौरान हंगामा
मथानिया नगर पालिका चुनाव में नामांकन जमा कराने के अंतिम दिन सोमवार को अचानक भारी सियासी हंगामा खड़ा हो गया।ओसियां की पूर्व विधायक दिव्या मदेरणा रिटर्निंग अधिकारी (आरओ) कक्ष के बाहर धरने पर बैठ गईं। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के विधायक भैराराम सियोल पर निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद भी अधिकारी के कक्ष में बने रहने का गंभीर आरोप लगाया।
नामांकन के दौरान बढ़ा तनाव
नामांकन का समय दोपहर 3:00 बजे समाप्त होना तय था। पूर्व विधायक ने आरोप लगाया कि समय बीत जाने के बाद भी दोपहर 3:05 बजे तक भाजपा विधायक आरओ कक्ष के भीतर मौजूद रहे और कमरे का मुख्य द्वार बंद रखा गया था। उन्होंने तुरंत पुलिस प्रशासन से उस कक्ष में मौजूद सभी लोगों को बाहर निकालने के लिए कहा। इस स्थिति को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कड़ा विरोध जताया और पूर्व विधायक से बातचीत की। इसके बाद दिव्या मदेरणा स्वयं नगर पालिका कार्यालय पहुंचीं और आरओ कक्ष के सामने ही धरने पर बैठ गईं। इससे मौके पर राजनीतिक सरगर्मी काफी बढ़ गई।
वार्डवार प्रत्याशियों का नामांकन
स्थानीय नगर पालिका चुनाव को लेकर दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों भाजपा और कांग्रेस ने अंतिम समय तक अपने प्रत्याशियों की अधिकृत सूची सार्वजनिक नहीं की थी। दोनों दलों ने अपने उम्मीदवारों के नाम और चुनाव चिह्न सीधे रिटर्निंग अधिकारी के पास भिजवाए। विभिन्न वार्डों के दावेदार ढोल-नगाड़ों और समर्थकों के भारी हुजूम के साथ रैलियां निकालकर पर्चे दाखिल करने पहुंचे। मथानिया में कुल 25 वार्डों के लिए चुनावी प्रक्रिया चल रही है। इसमें नगर पालिका अध्यक्ष का पद अनुसूचित जाति वर्ग की महिला उम्मीदवार के लिए आरक्षित रखा गया है। पूर्व विधायक आरओ कक्ष के बाहर लगातार धरने पर बैठी हुई हैं
जयपुर में विधायक कालीचरण सराफ ने दे दिया दूसरे दावेदार को सिंबल
जयपुर नगर निगम चुनाव में वार्ड 76 से भाजपा प्रत्याशी को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। पार्टी की ओर से पूर्व डिप्टी मेयर पुनीत कर्णावट को प्रत्याशी बनाए जाने के बावजूद मालवीय नगर विधायक कालीचरण सराफ ने दूसरे दावेदार कुलदीप मिश्रा को भाजपा का अधिकृत सिंबल दे दिया। इसके बाद कुलदीप मिश्रा ने भाजपा प्रत्याशी के तौर पर नामांकन दाखिल कर दिया। मामला सामने आने के बाद पार्टी के प्रदेश नेतृत्व को हस्तक्षेप करना पड़ा।जानकारी के अनुसार, वार्ड 76 से भाजपा ने पुनीत कर्णावट को अपना प्रत्याशी तय किया था। हालांकि, इससे पहले पार्टी स्तर पर कुलदीप मिश्रा के नाम पर चर्चा हुई थी, परंतु पार्टी ने अपना अधिकृत प्रत्याशी पुनीत कर्णावट को ही बनाया था। मामले की जानकारी भाजपा प्रदेश नेतृत्व तक पहुंची तो पार्टी स्तर पर तत्काल सक्रियता दिखाई गई। इसके बाद 31 अगस्त की तारीख में एक और सिंबल और पावर ऑफ अटॉर्नी पत्र जारी किया गया। इस नए दस्तावेज के आधार पर भाजपा के घोषित प्रत्याशी पुनीत ने अपना नामांकन दाखिल किया।
बासनी में कांग्रेस के सिंबल पर बवाल; टिकट कटने से भड़के दिग्गज
नागौर जिले में नगर निकाय चुनाव के नामांकन के आखिरी दिन बासनी नगर पालिका में कांग्रेस के टिकट वितरण को लेकर जमकर हंगामा देखने को मिला। कांग्रेस पार्टी के सिंबल लेकर पहुंचे चुनाव प्रभारी नवनीत सिंह टुटेजा के सामने ही नाराज कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पार्टी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। टिकट कटने से नाराज दावेदारों और उनके समर्थकों ने ‘कांग्रेस मुर्दाबाद’ के नारे लगाते हुए पार्टी नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाए। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख होने के कारण सोमवार को बासनी में राजनीतिक सरगर्मियां चरम पर रहीं। । नाराज कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पार्टी के स्थानीय नेताओं और पदाधिकारियों की ओर से उन्हें चुनाव की तैयारी करने तथा नामांकन भरने के लिए कहा गया था। कई कार्यकर्ताओं का दावा है कि उन्होंने लंबे समय से वार्डों में मेहनत की और चुनाव की तैयारियां भी शुरू कर दी थीं। एक नाराज कार्यकर्ता ने कहा कि उन्होंने PCC स्तर के पदाधिकारियों और स्थानीय नेताओं से भी बातचीत की थी। उन्हें आश्वासन दिया गया था कि टिकट वितरण में परिवारवाद नहीं होगा, लेकिन उनके मुताबिक अब टिकट वितरण में खुलकर परिवारवाद किया गया है।‘एक-एक चेयरमैन दावेदार के परिवार को कई टिकट’
विरोध कर रहे कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि कई वार्डों में एक ही परिवार के लोगों को टिकट दिए गए हैं। एक कार्यकर्ता ने दावा किया कि कम से कम सात वार्डों में टिकट कटने को लेकर विरोध है। उन्होंने कहा कि जो लोग वर्षों से पार्टी के लिए काम कर रहे थे, उनके टिकट काट दिए गए और उनके परिवार के सदस्यों को टिकट दिए गए। नाराज कार्यकर्ताओं ने इसे कांग्रेस के साथ ‘दोगलापन’ बताते हुए खुले तौर पर विरोध का ऐलान कर दिया। एक कार्यकर्ता ने कहा कि वह 2015 और 2020 में कांग्रेस से पार्षद रह चुका है, लेकिन इस बार उसका टिकट काट दिया गया। नाराजगी जताते हुए उसने अब निर्दलीय चुनाव लड़कर कांग्रेस का विरोध करने की बात कही।
बांसवाड़ा में करीब 250 नामांकन दाखिल
नामांकन के अंतिम दिन तक नगर निकाय चुनाव के लिए करीब 250 नामांकन पत्र दाखिल किए गए। फिलहाल अभी अंतिम आंकड़ा सामने नहीं आया है। भाजपा और कांग्रेस ने ऐनवक्त तक उम्मीदवारों की सूची जारी नहीं की। उन्हें सीधे नामांकन दाखिल करने के निर्देश दिए गए। बाद में कांग्रेस से जिलाध्यक्ष अर्जुनसिंह बामनिया, विधायक नानालाल निनामा और भाजपा से जिलाध्यक्ष पूंजीलाल गायरी, पूर्व मंत्री धनसिंह रावत आदि ने अपनी पार्टी के प्रत्याशियों की अधिकृत सूची रिटर्निंग अधिकारियों को सौंपी।
नामांकन पत्र दाखिल करने के लिए कतार में लगी युवा महिला उम्मीदवार।
आरओ को नामांकन पत्र दाखिल करती युवा महिला उम्मीदवार।
नामांकन पत्र को प्रत्याशियों से लेते हुए अधिकारी
अजमेर में कांग्रेस ने 78 वार्डों के सिंबल सौंपे
अजमेर नगर निगम चुनाव को लेकर नामांकन प्रक्रिया के अंतिम दिन राजनीतिक गतिविधियां तेज रहीं। भाजपा, कांग्रेस और निर्दलीय प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल कर चुनावी मैदान में अपनी दावेदारी पेश की, वहीं दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों की ओर से प्रत्याशियों के सिंबल निर्वाचन अधिकारियों को सौंपने की प्रक्रिया भी पूरी की गई। कांग्रेस ने नगर निगम के 80 वार्डों में से 78 वार्डों के प्रत्याशियों के सिंबल निर्वाचन अधिकारी को सौंप दिए हैं। कांग्रेस ने वार्ड संख्या 3 और 4 को छोड़कर शेष वार्डों के सिंबल जमा कराए। कांग्रेस की ओर से चुनाव सहप्रभारी रूबी खान ने निर्वाचन अधिकारी को सिंबल सौंपे।वहीं भाजपा की ओर से भी चुनावी गतिविधियां तेज रहीं। भाजपा के सिंबल सौंपने की प्रक्रिया के दौरान चुनाव प्रभारी हेमंत विजय, दक्षिण विधायक अनीता भदेल और भाजपा शहर जिला अध्यक्ष रमेश सोनी सहित पार्टी के नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे।सभी वार्डों पर भाजपा ने प्रत्याशी उतारे हैं।