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Jammu News: गांव तरियाल में नहर का हिस्सा ढहा, हादसा टला
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संवाद न्यूज एजेंसी
घगवाल। कस्बे के अंतर्गत पड़ते गांव तरियाल में वीरवार को नहर का एक हिस्सा ढह गया, जिससे पानी सड़क और लोगों के घरों में घुसने लगा। हालांकि, इससे कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है।
स्थानीय जोगिंदर पाल का कहना है कि अगर नहर के पानी की गति तेज होती तो नहर टूट भी सकती थी। इसका पानी नीचे आसपास के रिहायशी क्षेत्रों में घुस सकता था, जिससे काफी नुकसान हो सकता था। रामपाल ने बताया कि कुछ महीने पहले भी इस तरह का हादसा हो चुका है। इससे पूर्व करीब 1 साल पहले भी नहर की एक दीवार टूटी थी, जिसके बारे में प्रशासन को अवगत करवाया गया था। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन पर कोई ठोस कार्रवाई न करने और लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। पंच रामपाल शर्मा, जनक शर्मा, रिंकू शर्मा, आदि का कहना है कि अधिकारी सिर्फ चक्कर लगाकर चले जाते हैं, और खानापूर्ति करने के लिए सिर्फ कट्टे लगा दिए गए हैं। अगर पानी का स्तर बढ़ा तो ये कट्टे बह जाएंगे। इसका जायजा लेने जम्मू-कश्मीर रावी-तवी सिंचाई विभाग की तरफ से भी कोई नहीं आया।
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घगवाल। कस्बे के अंतर्गत पड़ते गांव तरियाल में वीरवार को नहर का एक हिस्सा ढह गया, जिससे पानी सड़क और लोगों के घरों में घुसने लगा। हालांकि, इससे कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है।
स्थानीय जोगिंदर पाल का कहना है कि अगर नहर के पानी की गति तेज होती तो नहर टूट भी सकती थी। इसका पानी नीचे आसपास के रिहायशी क्षेत्रों में घुस सकता था, जिससे काफी नुकसान हो सकता था। रामपाल ने बताया कि कुछ महीने पहले भी इस तरह का हादसा हो चुका है। इससे पूर्व करीब 1 साल पहले भी नहर की एक दीवार टूटी थी, जिसके बारे में प्रशासन को अवगत करवाया गया था। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन पर कोई ठोस कार्रवाई न करने और लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। पंच रामपाल शर्मा, जनक शर्मा, रिंकू शर्मा, आदि का कहना है कि अधिकारी सिर्फ चक्कर लगाकर चले जाते हैं, और खानापूर्ति करने के लिए सिर्फ कट्टे लगा दिए गए हैं। अगर पानी का स्तर बढ़ा तो ये कट्टे बह जाएंगे। इसका जायजा लेने जम्मू-कश्मीर रावी-तवी सिंचाई विभाग की तरफ से भी कोई नहीं आया।
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