बन टोल प्लाजा पर 18 अप्रैल तक शुल्क नहीं
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बन टोल प्लाजा के विरोध में सोमवार से चक्का जाम को लामबंद हुए ट्रांसपोर्टरों के दबाव में आकर आखिरकार सरकार को झुकना ही पड़ा। सरकार ने 18 अप्रैल तक टोल प्लाजा पर शुल्क वसूल नहीं करने का फैसला लिया है।
सड़क एवं भवन निर्माण (आरएंडबी) मंत्री सईद मोहम्मद अल्ताफ बुखारी ने ट्रांसपोर्टरों को आश्वासन दिया है कि एक सप्ताह के भीतर टोल प्लाजा पर शुल्क की समीक्षा कर आगे का फैसला लिया जाएगा। मंत्री के आश्वासन पर ट्रांसपोर्टरों ने भी सोमवार से चक्का जाम हड़ताल को एक सप्ताह के लिए स्थगित कर दिया है।
इंस्टीट्यूट आफ इंजीनियर्स गांधी नगर में सड़क एवं भवन निर्माण मंत्री सईद अल्ताफ बुखारी ने नगरोटा के विधायक देवेंद्र सिंह राणा के अलावा ट्रांसपोर्टरों के प्रतिनिधियों और पुलिस, नेशनल हाईवे अथारिटी आफ इंडिया और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर बन टोल प्लाजा पर शुल्क पर चर्चा की।
मंत्री ने अमर उजाला को बताया कि बन टोल प्लाजा में शुल्क का मुद्दा रियासती सरकार के क्षेत्राधिकार में नहीं है।
18 के बाद आगे का फैसला
ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल की घोषणा और विभिन्न वर्गों की ओर से शुल्क का विरोध करने पर सरकार की तरफ से उन्होंने मसले में हस्तक्षेप किया और सभी संबंधित पक्ष सुने।
उन्होंने कहा कि अब फैसला यह हुआ है कि एक सप्ताह (18 अप्रैल) तक नेशनल हाईवे अथारिटी आफ इंडिया के अधिकारी नई दिल्ली में अधिकारियों से चर्चा करेंगे।
इस अवधि तक टोल टैक्स वसूल नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सुव्यवस्थीकरण से शुल्क वसूली होनी चाहिए। एक सप्ताह तक मसले का हल हो जाएगा।
जम्मू कश्मीर ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन के महासचिव विजय शर्मा का कहना हैं कि सड़क एवं भवन निर्माण मंत्री के 18 अप्रैल तक मसले का हल करने और इस अवधि तक शुल्क वसूल न करने के वादे पर ट्रांसपोर्टरों ने अपनी प्रस्तावित चक्का जाम हड़ताल वापस ले ली है।
18 अप्रैल के बाद स्थिति की समीक्षा कर आगे का फैसला लिया जाएगा।