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Jammu News: 48 आरआर के जवानों ने देवदूत बनकर की पीड़ितों की मदद
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उधमपुर। बसंतगढ़ में मरीज बच्चे और व्क्ति को एअरलिफ्ट करते हुए वायुवसेना के जवान। सूचना विभाग
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उधमपुर। बाढ़ से प्रभावित इलाकों में पीड़ितों के लिए सेना की 48वीं राष्ट्रीय राइफल (आरआर) फिर एक बार देवदूत बन कर सामने आई। इस प्राकृतिक आपदा से कई लोग बेघर हो गए। इस मुश्किल समय में भारतीय सेना सभी पीड़ित परिवारों तक राहत सामग्री पहुंचाने का हरसंभव प्रयास कर रही है।
जिन लोगों के घर भूस्खलन में पूरी तरह से टूट गए हैं, रहने का कोई दूसरा साधन नहीं है उनके लिए सेना निशुल्क मेडिकल चेकअप, राशन ओर टेंट जैसी जरूरी चीजें उपलब्ध करवा रही है। सेना की मेडिकल यूनिट घायल और बीमार लोगो का इलाज भी कर रही है। सेना के जवान दिन -रात राहत कार्य में लगे हुए हैं जिससे लोगों की मुश्किलें कम कर सके और हर गांव में पहुंच कर जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचा रहे है।
लाटी तहसील के सभी पूर्व पंच, सरपंच और अन्य अधिकारी भी सेना के साथ मिलकर लोगो की मदद करने में जुटे हुए हैं। लोगों ने कहा कि सेना का यह मानवीय चेहरा फिर एक बार यह साबित करता है कि वह सिर्फ सीमाओं कि रक्षा ही नहीं करते बल्कि संकट के समय में देशवासियों के लिए हुए मजबूत सहारा बनकर सामने आती है। संवाद
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जिन लोगों के घर भूस्खलन में पूरी तरह से टूट गए हैं, रहने का कोई दूसरा साधन नहीं है उनके लिए सेना निशुल्क मेडिकल चेकअप, राशन ओर टेंट जैसी जरूरी चीजें उपलब्ध करवा रही है। सेना की मेडिकल यूनिट घायल और बीमार लोगो का इलाज भी कर रही है। सेना के जवान दिन -रात राहत कार्य में लगे हुए हैं जिससे लोगों की मुश्किलें कम कर सके और हर गांव में पहुंच कर जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचा रहे है।
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लाटी तहसील के सभी पूर्व पंच, सरपंच और अन्य अधिकारी भी सेना के साथ मिलकर लोगो की मदद करने में जुटे हुए हैं। लोगों ने कहा कि सेना का यह मानवीय चेहरा फिर एक बार यह साबित करता है कि वह सिर्फ सीमाओं कि रक्षा ही नहीं करते बल्कि संकट के समय में देशवासियों के लिए हुए मजबूत सहारा बनकर सामने आती है। संवाद
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