फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Tourists Avoid Gulmarg and Sonamarg Amid Pahalgam Attack Hotel Bookings Drop News in Hindi

पहलगाम आंतकी हमला: पर्यटकों से गुलजार रहने वाले गुलमर्ग-सोनमर्ग में सन्नाटा, होटलों में महज 5 फीसदी ही बुकिंग

Fri, 02 May 2025 02:01 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर Published by: शाहरुख खान Updated Fri, 02 May 2025 02:01 PM IST
सार

दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के बाद पर्यटकों ने गुलमर्ग और सोनमर्ग से दूरी बना ली है। पर्यटन स्थलों पर सन्नाटा पसरा है। होटलों में महज पांच फीसदी ही बुकिंग हो रही हैं।

विज्ञापन
Tourists Avoid Gulmarg and Sonamarg Amid Pahalgam Attack Hotel Bookings Drop News in Hindi
पर्यटन स्थल गुलमर्ग में पसरा सन्नाटा - फोटो : संवाद

विस्तार

दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले से घाटी के पर्यटन उद्योग को झटका लगा है। हमले के बाद पर्यटकों में बने डर के चलते प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की संख्या में भारी गिरावट आई है। 
विज्ञापन


प्रसिद्ध पर्यटन स्थल गुलमर्ग और सोनमर्ग में एकदम से सन्नाटा पसर गया है। दोनों पर्यटन स्थलों पर करीब 95 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की जा रही है। गुलमर्ग की बात करें, तो यहां इक्का-दुक्का पर्यटक हो नजर आ रहे हैं। 
विज्ञापन


यहां करीब 40-50 छोटे-बड़े होटल हैं, जिनमें कमरों की संख्या लगभग 1150 है। इनमें से केवल 50 कमरे ही बुक हैं। इन आंकड़ों से पता चलता है कि केवल 5 प्रतिशत ही उपयोग में हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


बुकिंग में यह गिरावट होटल व्यवसायियों और टूर ऑपरेटरों के लिए बड़ा झटका है, जो इस साल की शुरुआत में बढ़ी दिलचस्पी के बाद अच्छे सीजन की उम्मीद कर रहे थे। गुलमर्ग के एक होटल के मैनेजर मोहम्मद इस्माइल ने कहा कि यह सबसे बुरा समय है। 

काम की कमी के चलते 100 से अधिक कर्मचारियों को महीने में 15 दिन ऑनलाइन डयूटी पर आने के लिए कहा गया है। इसका सीधा असर उनकी कमाई पर पड़ेगा। पर्यटन स्थल सोनमर्ग भी ऐसी ही मार झेल रहा है। आंकड़ों के अनुसार वहां करीब 2000 कमरे हैं, जिनमें से औसतन 100-150 कमरे ही उपयोग में लाए जा रहे हैं। यह करीब 5 प्रतिशत ही है। 

सोनमर्ग के एक होटल मालिक शफीक अहमद ने कहा कि बुरा असर पड़ा है। जिस तरीके से हालात बने हैं, उससे कमर टूट गई है। होटल के 20 में से केवल पांच ही कमरे बुक हैं। बुकिंग अगले एक सप्ताह के लिए है। इसके बाद कोई बुकिंग नहीं है। 

जुलाई के महीने की लगभग 90 प्रतिशत से अधिक बुकिंग कैंसिल हो चुकी है। अभी अगरनाथ यात्रा है, उसकी बुकिंग स्टैंडबाई पर है। उम्मीद करते हैं कि यात्रा के शुरू होने के साथ ही पर्यटन पटरी पर लौटेगा। 

वहीं कश्मीर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (केसीसीएंडआई) की कार्यकारी समिति के सदस्य और ट्रैवल एजेंट्स एसोसिएशन ऑफ कश्मीर के पूर्व अध्यक्ष फारूक कुठू ने बुकिंग को लेकर कहा कि पूरे कश्मीर की अगर बात करें, तो इस समय केवल 20 प्रतिशत ही ऑक्यूपेंसी है। 

अनुच्छेद 370 निरस्त होने के बाद खुले हैं 5000 नए होटल 
अनुच्छेद 370 के निरस्त होने के बाद जम्मू और कश्मीर में 5000 से अधिक नए होटल बने हैं। उपलब्ध विवरण के अनुसार, 2021 से 2024 तक जम्मू और कश्मीर में 7,49,70,943 पर्यटकों का आगमन हुआ। सरकार द्वारा हाल ही में पेश किए गए आर्थिक सर्वेक्षण से पता चला है कि 7.49 करोड़ पर्यटकों में से 6,49,77,187 ने जम्मू का दौरा किया, जबकि 99,93,756 ने इस अवधि के दौरान कश्मीर का दौरा किया। 

कश्मीर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (केसीसीएंडआई) की कार्यकारी समिति के सदस्य और ट्रैवल एजेंट्स एसोसिएशन ऑफ कश्मीर पूर्व अध्यक्ष फारूक कुठू ने कहा, पूरे क्षेत्र में पर्यटकों की भीड़ को समायोजित करने के लिए पिछले पांच वर्षों के दौरान जम्मू-कश्मीर में लगभग 5000 नए होटल बनाए गए थे, क्योंकि मेहमानों की बढ़ती संख्या के कारण व्यवसाय में वृद्धि देखी गई थी। 

 

पर्यटन क्षेत्र में 2020 के बाद तेजी देखी गई है। ऐसे ही हालात रहे, तो पर्यटन क्षेत्र से जुड़े हितधारकों को काफी नुकसान होगा। पर्यटन अर्थव्यवस्था में महत्त्वपूर्ण योगदान देता है। राज्य की जीडीपी में इसका 9 प्रतिशत योगदान है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed