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जम्मू-कश्मीर पुलिस का सराहनीय कार्य, तीन युवकों को आतंक की राह पर जाने से रोका
Tue, 30 Jun 2020 01:57 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
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Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jun 2020 01:57 AM IST
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जम्मू कश्मीर पुलिस
- फोटो : सोशल मीडिया
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कश्मीर घाटी में पुलिस भटके हुए युवाओं की लगातार काउंसलिग कर उन्हें मुख्य धारा में लाने के अभियान में जुटी हुई है। इस अभियान में उसे सफलता भी मिल रही है। सोमवार को बांदीपोरा पुलिस ने तीन युवकों को न सिर्फ आतंकी बनने से बचाया बल्कि काउंसलिंग के बाद उन्हें परिवार वालों को भी सौंप दिया।
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बताया जाता है कि यह तीनों युवक एक आतंकी तंजीम का दामन थामने के लिए अपने घरों को छोड़ कर निकल चुके थे। इसकी जानकारी मिलने के बाद परिवार वालों ने पुलिस से संपर्क कर मदद मांगी। पुलिस ने परिवार वालों की भावनाओं को समझते हुए युवकों की तलाश तेज कर दी।
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शीघ्र ही तीनों युवकों को पुलिस ने पकड़ लिया। उन्हें पकड़ने के बाद परिवार वालों को बुलाया गया। युवकों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने उन्हें समझाया कि आतंक की राह पर चलने के बाद उनका हश्र क्या होगा। इसका दुष्प्रभाव उनके परिवार पर भी पड़ेगा।
पुलिस ने उदाहरण देते हुए बताया कि कई युवक अपने परिवार का इकलौता सहारा थे परंतु जब उन्होंने हथियार उठा लिए तो सुरक्षाबलों के लिए खतरा बन गए और मुठभेड़ में मारे गए। परिवार वालों को भी सार्वजनिक रूप से मानसिक प्रताड़ना का सामना करना पड़ा।
इस काउंसलिंग का तीनों युवकों पर सकारात्मक असर पड़ा। उन्होंने परिवार के साथ जाना मंजूर किया। मालूम हो कि हाल ही में दक्षिण कश्मीर में हुई मुठभेड़ों के बाद सुरक्षाबलों ने घाटी के परिवारों से आग्रह किया था कि वह अपने बच्चों को गलत रास्ते पर चलने से रोंके, अन्यथा हथियार उठाने पर उनका मारा जाना तय है।