फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   tablighi jamaat, There was a Kashmiri businessman in Tabligi Jamaat in Nizamuddin

निजामुद्दीन मरकज में गया कश्मीरी 19 दिन तक देश में घूमता रहा, 855 लोगों की सूची तैयार, छह क्वारंटीन

Tue, 31 Mar 2020 05:52 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Published by: प्रशांत कुमार Updated Tue, 31 Mar 2020 05:52 PM IST
विज्ञापन
tablighi jamaat, There was a Kashmiri businessman in Tabligi Jamaat in Nizamuddin
Coronavirus Case Nizamuddin Delhi - फोटो : amar ujala

राजधानी दिल्ली में निजामुद्दीन दरगाह पर हुए धार्मिक जलसे में शामिल जम्मू कश्मीर के लोगों की तलाश तेज कर दी गई है। सरकार ने ऐसे 855 लोगों की सूची तैयार की है जो या तो निजामुद्दीन के धार्मिक जलसे में शामिल हुए हैं या फिर शामिल होने वाले लोगों के संपर्क में हैं। जम्मू में ऐसे छह लोगों को चिह्नित कर क्वारंटीन किया गया है।

विज्ञापन


50 पृष्ठ की सूची में जम्मू से 83 लोग हैं, जबकि शेष लोग कश्मीर के हैं। जलसे में शामिल कई लोगों के संक्रमित होने से हड़कंप मचा हुआ है। जलसे से वापस आए जम्मू कश्मीर के भी अधिकतर नागरिकों ने अपनी यात्रा इतिहास छिपाया और विभिन्न हिस्सों में रह रहे हैं। इन सभी लोगों की शिनाख्त करके उन्हें क्वारंटीन करने के लिए युद्धस्तर पर अभियान चलाया गया है।
विज्ञापन



विज्ञापन
विज्ञापन


प्रदेश सरकार के प्रवक्ता रोहित कंसल ने बताया कि लोगों की सुरक्षा के लिए यह सूची तैयार की गई है। यह कोरोना की रोकथाम के लिए कदम है। साथ ही लोगों की समय रहते शिनाख्त करने का उपाय है। लोगों को दिक्कतें जरूर हो सकती हैं, लेकिन परिणाम अच्छे होंगे। आग्रह है कि लोग इसमें सहयोग करें।

तबलीगी जमात में श्रीनगर का एक व्यवसायी भी था

आपको बता दें कि निजामुद्दीन में हुई तब्लीगी जमात में श्रीनगर का एक व्यवसायी भी था। उसने दिल्ली, उत्तर प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के लिए ट्रेन, सड़क मार्ग और हवाई यात्रा भी की थी। अधिकारियों ने मंगलवार को कहा कि उनके संभावित पीड़ितों में जम्मू के एक अस्पताल में भर्ती एक डॉक्टर भी है, जोकि जिंदगी के लिए जूझ रहे हैं।

बता दें कि इस व्यवसायी की 26 मार्च को श्रीनगर के अस्पताल में मृत्यु हो गई थी। अधिकारियों ने कहा कि उसकी यात्रा के दौरान संपर्क में आए लोग संक्रमित हो सकते थे, इसी वजह से लगभग 300 लोगों को एकांतवास में रखा गया। जम्मू में वह व्यवसायी अपने डॉक्टर मित्र से मिला इसके बाद सांबा जिले की एक मस्जिद में एक धार्मिक मंडली को संबोधित भी किया। दोनों 16 मार्च तक एक साथ थे और एक लॉज में रुके थे।

16 मार्च को व्यापारी को संदेह हुआ कि वह कोरोना वायरस से संक्रमित हो चुका है और उसके जरिए इसका प्रसार हो सकता हो तो वह श्रीनगर के लिए हवाई जहाज से रवाना हुआ। जहां से वह उत्तरी कश्मीर के सोपोर में लगभग 54 किलोमीटर दूर चला गया। दो दिन बाद वह सड़क मार्ग से फिर से श्रीनगर में अपने घर लौट आया।

26 मार्च को उसकी मौत हो गई

एक अधिकारी ने कहा कि उन्होंने 21 मार्च को सीने में दर्द और सामान्य फ्लू की शिकायत की। इसके बाद उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। बाद में श्रीनगर के बाहरी इलाके सौरा के सुपर स्पेशियलिटी एसकेआईएमएस अस्पताल में ले जाया गया। हालांकि, उसकी हालत बिगड़ गई और उसे शहर के चेस्ट एंड डिजीज अस्पताल में स्थानांतरित कर दिया गया, जहां 26 मार्च को उसकी मृत्यु हो गई।

तब्लीगी जमात में भाग लेने वालों के संपर्कों का पता लगाने के लिए देश भर के अधिकारियों ने कार्रवाई की है, जिसमें मलेशिया, सऊदी अरब और इंडोनेशिया के सैकड़ों लोग शामिल हैं। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि निजामुद्दीन पश्चिम में 1,033 लोगों को विभिन्न स्थानों पर स्थानांतरित किया गया है। इसके अलावा, इस कार्यक्रम में भाग लेने वाले सभी लोगों की स्क्रीनिंग की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed