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Jammu News: रिश्वत के आरोपी सब-इंस्पेक्टर की क्राइम ब्रांच में कर दी तैनाती
Thu, 16 Oct 2025 02:25 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Thu, 16 Oct 2025 02:25 AM IST
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जम्मू। जम्मू-कश्मीर पुलिस की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सवाल उठ खड़ा हुआ है। रिश्वत के आरोपी सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद बशीर मलिक को अपराध शाखा जैसे संवेदनशील विभाग में तैनात कर दिया गया है। आरएस पुरा थाने में तैनाती के दौरान यह सब-इंस्पेक्टर रिश्वत लेते हुए सीबीआई के हाथों पकड़ा गया था लेकिन वह भाग निकला था। आरोपी समय-समय पर विवादों में घिरा रहा है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार सब-इंस्पेक्टर को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का संरक्षण प्राप्त है। आरएस पुरा थाने में जांच अधिकारी रहते हुए उस पर 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। इस मामले में वह सीबीआई की पकड़ से बच निकला था, हालांकि कुछ दिनों बाद उसने आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बाद वह अंतरिम और नियमित जमानत पर बाहर था।
जानकारी के मुताबिक आरोपी को चुपचाप आरएस पुरा थाने से हटाकर अपराध शाखा जम्मू में तैनात किया गया है। फिलहाल उसे वहां रिसेप्शन काउंटर पर ड्यूटी दी गई है। अपराध शाखा जैसे संवेदनशील विभाग में उसकी तैनाती पर अब सवाल उठ रहे हैं कि आखिर भ्रष्टाचार का आरोपी कैसे अपराध शाखा तक पहुंच गया। माना जा रहा है कि पुलिस के किसी वरिष्ठ अधिकारी की मदद के बिना यह संभव नहीं है।
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नाम न छापने की शर्त पर पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस मामले में जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि सब-इंस्पेक्टर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और हर पहलू को देखा जा रहा है कि आखिर भ्रष्टाचार में लिप्त सब-इंस्पेक्टर बिना जांच के अपराध शाखा तक कैसे पहुंच गया।
यह सब-इंस्पेक्टर बशीर का पहला विवाद नहीं है। इससे पहले भी वह विवादों में रहा है। आरएस पुरा थाने में एक संवेदनशील मामले की जांच करते हुए उस पर रिश्वत मांगने का आरोप लगा था। सीबीआई ने चार जुलाई को उसे पकड़ने के लिए जाल बिछाया था जिसमें वह रिश्वत लेते हुए सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ लेकिन नकदी लेकर मौके से फरार हो गया। इस मामले में सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है।
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पुलिस सूत्रों के अनुसार सब-इंस्पेक्टर को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का संरक्षण प्राप्त है। आरएस पुरा थाने में जांच अधिकारी रहते हुए उस पर 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। इस मामले में वह सीबीआई की पकड़ से बच निकला था, हालांकि कुछ दिनों बाद उसने आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बाद वह अंतरिम और नियमित जमानत पर बाहर था।
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जानकारी के मुताबिक आरोपी को चुपचाप आरएस पुरा थाने से हटाकर अपराध शाखा जम्मू में तैनात किया गया है। फिलहाल उसे वहां रिसेप्शन काउंटर पर ड्यूटी दी गई है। अपराध शाखा जैसे संवेदनशील विभाग में उसकी तैनाती पर अब सवाल उठ रहे हैं कि आखिर भ्रष्टाचार का आरोपी कैसे अपराध शाखा तक पहुंच गया। माना जा रहा है कि पुलिस के किसी वरिष्ठ अधिकारी की मदद के बिना यह संभव नहीं है।
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नाम न छापने की शर्त पर पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस मामले में जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि सब-इंस्पेक्टर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और हर पहलू को देखा जा रहा है कि आखिर भ्रष्टाचार में लिप्त सब-इंस्पेक्टर बिना जांच के अपराध शाखा तक कैसे पहुंच गया।
यह सब-इंस्पेक्टर बशीर का पहला विवाद नहीं है। इससे पहले भी वह विवादों में रहा है। आरएस पुरा थाने में एक संवेदनशील मामले की जांच करते हुए उस पर रिश्वत मांगने का आरोप लगा था। सीबीआई ने चार जुलाई को उसे पकड़ने के लिए जाल बिछाया था जिसमें वह रिश्वत लेते हुए सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ लेकिन नकदी लेकर मौके से फरार हो गया। इस मामले में सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है।