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घुसपैठ के इनपुट पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
ब्यूरो/अमर उजाला, सांबा
Updated Tue, 14 Apr 2015 12:38 AM IST
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पाकिस्तानी सेना की सहायता से की जाने वाली घुसपैठ होने के इनपुट पर अंतरराष्ट्रीय सीमा पर कड़ी चौकसी के साथ सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी की गई है। सेना ने भी क्षेत्र में नजर रखने के लिए जवानों को सतर्क कर दिया है। रक्षा सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भारत पाक अंतरराष्ट्रीय सीमा पर दरियां व नालों और घुसपैठ के पुराने मार्गों से घुसपैठ होने के इनपुट को देखते हुए सीमा पर हाई अलर्ट रखा गया है।
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सूत्रों के अनुसार पाकिस्तान की ओर बहने वाले बसंतर दरिया एवं देविका में तारबंदी नहीं होने से घुसपैठ की आशंका बनी रहती है। यही नहीं, कई स्थानों पर तारबंदी बाढ़ के पानी में भी बह चुकी है। इसका लाभ भी घुसपैठिए उठा सकते हैं। सूत्रों के अनुसार बवर नाला, बेंई नाला, तरनाह नाला घुसपैठ के पुराने मार्ग रहे हैं। वहां पर कई स्थानों पर तारबंदी ही नहीं है। सुरक्षा एजेंसियां नदी नालों में बहने वाली तारबंदी के आंकड़े जुटा रही हैं।
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एक अधिकारी के अनुसार पाक सेना की पहले से ही नदी नालों पर नजर है। अब नदी नालों पर अधिक सतर्कता रखी जा रही है। घुसपैठ को लेकर सेना भी काफी सतर्क है। सोमवार को दिन भर सेना के जवान भी सीमावर्ती क्षेत्रों में पेट्रोलिंग करते देखे गए। घुसपैठ के पुराने मार्गों एवं नदी नालों के पास सेना के जवानों ने भी नाके लगाए हैं। वही पुलिस थानों और बार्डर पुलिस चौकियों पर भी बैरियर लगाए जा रहे हैं।
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सूत्रों के अनुसार सुरक्षा को देखते हुए जतवाल में एसटीएफ के शिविर को हाईवे से हटा कर पुलिस लाइन में भेजा गया है। सूत्रों की मानें, तो राजबाग और सांबा में हाईवे के पास हुए फिदायीन हमलों के हालात को देखते हुए ऐसे कदम उठाए गए हैं। बार्डर पुलिस चौकियों पर भी जवानों को अधिक सतर्क रखा गया है, जबकि बीएसएफ के अधिकारियों का मनाना है कि नदी-नालों के पास अधिक जवानों को तैनात कर रखा है। वहां से घुसपैठ संभव नहीं है।