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जम्मू कश्मीर: प्रदेश में डेढ़ लाख श्रमिकों के बनेंगे राशन कार्ड, पंजीकृतों को मिलेगा सस्ता राशन

Sun, 04 Feb 2024 03:22 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो सतीश वालिया, जम्मू
सतीश वालिया, जम्मू Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो Updated Sun, 04 Feb 2024 03:22 PM IST
सार

मौजूदा समय में प्रदेश में स्थानीय और अन्य राज्यों से आए श्रमिक काम कर रहे हैं। ये वे श्रमिक हैं, जो काम तो कर रहे हैं, लेकिन सरकारी राशन से वंचित रह रहे थे। अब इन श्रमिकों को सस्ता राशन मिलेगा। श्रमिकों को राशन कार्ड पहले जारी न होने का बड़ा कारण जनगणना न होना भी रहा है।

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Jammu Kashmir: Ration cards to be made for 1 dot 55 lakh workers registered people will get cheap ration
rice ration new - फोटो : istock

विस्तार

जम्मू-कश्मीर में खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग एक लाख 55 हजार श्रमिकों के राशन कार्ड बनाएगा। इस मुहिम में ऐसे श्रमिकों को लाभ मिलेगा, जो ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकृत हैं। खाद्य आपूर्ति विभाग ने श्रम विभाग से श्रमिकों को ब्यौरा ले लिया है। इन श्रमिकों के राशन कार्ड अब शिविरों के माध्यम से बनाए जा रहे हैं।
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मौजूदा समय में प्रदेश में स्थानीय और अन्य राज्यों से आए श्रमिक काम कर रहे हैं। ये वे श्रमिक हैं, जो काम तो कर रहे हैं, लेकिन सरकारी राशन से वंचित रह रहे थे। अब इन श्रमिकों को सस्ता राशन मिलेगा। श्रमिकों को राशन कार्ड पहले जारी न होने का बड़ा कारण जनगणना न होना भी रहा है। 2011 की जनगणना के आधार पर ही राशन वितरित हो रहा है। राशन कार्ड बनने के बाद अन्य योजनाओं का लाभ भी श्रमिक ले पाएंगे। मौजूदा समय में श्रमिकों को श्रम विभाग की ओर से सरकारी डिस्पेंसरियों और अस्पतालों में इलाज करवाने की ही सुविधा दी जा रही है। अब श्रमिकों को बाजारों से महंगा राशन नहीं खरीदना पड़ेगा। जरूरत के हिसाब से हर माह चावल और आटा डिपो से खरीद सकेंगे।
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कुल कितने पंजीकृत श्रमिक

मौजूदा समय में ई-श्रम पोर्टल पर पांच लाख श्रमिक पंजीकृत हैं। इनमें से 3.45 हजार के राशन कार्ड बने हैं। अब एक लाख 55 हजार और श्रमिक इस योजना से लाभान्वित होने जा रहे हैं। इनमें प्रदेश के 70 हजार, यूपी से 45 हजार, बिहार से 32 हजार, पंजाब और अन्य राज्यों से आठ हजार श्रमिकों की सूची भेजी गई है। ये श्रमिक कारखानों, परियोजनाओं, निजी भवन निर्माण सहित अन्य विकास कार्यों को करवाने में योगदान दे रहे हैं। दिहाड़ी के हिसाब से श्रमिकों को भुगतान होता है।
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1 लाख 55 हजार लाख श्रमिकों के राशनकार्ड बनाने के लिए सूची खाद्य आपूर्ति विभाग को दी जा चुकी है। अब शिविरों के माध्यम से कवायद पूरी होने के बाद राशनकार्ड बनाए जाएंगे। इससे श्रमिकों को सरकारी डिपो में सस्ता राशन मिल सकेगा। - चरण दीप सिंह, श्रम आयुक्त

श्रम विभाग से श्रमिकों की सूची मिली है। अब शिविर आयोजित किए जा रहे हैं और कागजी कार्रवाई पूरी करवाई जा रही है। श्रमिक भी सस्ता राशन डिपो से ले सकेंगे। - रिफ्त कोहली, निदेशक, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग जम्मू

दो दिन में विशेष शिविर लगाकर 25 सौ लाभार्थियों के बनाए राशन कार्ड

जम्मू जिले में ई-श्रम धारकों के लिए सभी 21 तहसीलों में विशेष शिविर लगाए गए हैं। शुक्रवार और शनिवार को दो दिन विशेष शिविर लगाए गए। इनमें 25 सौ से अधिक लाभार्थियों को कवर किया गया है। पंजीकृत ई-श्रम धारकों का राशन कार्ड बनाने के लिए जरूरी दास्तावेज लिए जा रहे हैं। इनमें प्रवासी श्रमिक भी शामिल हैं। खाद्य आपूर्ति विभाग ने श्रम विभाग और जिला प्रशासन के साथ मिलकर इस अभियान को शुरू किया है। 


शुक्रवार को शिविरों में 1419 और शनिवार को एक हजार से अधिक लाभार्थियों को कवर किया गया। श्रमिकों से आधार कार्ड, बैंक खाते की जानकारी, फोटो सहित अन्य दस्तावेज मांगे गए हैं। दस्तावेजों के सत्यापन के बाद उनके राशन कार्ड बनाए जाएंगे। शनिवार को अखनूर, अरनिया, कोट भलवाल, बिश्नाह सहित अन्य सभी 21 तहसीलों में शिविर लगाए गए। वेयर हाउस में खाद्य आपूर्ति विभाग के कार्यालय में भी लोग पहुंचे।
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